नंबर एक: भारत के पैसे में रिकॉर्ड बढ़ोत्तरी

मेरे प्यारे देशवासियों
मोदी सरकार बनने के बाद लगातार तीन सालों तक स्विस बैंक में भारतीय पैसा घटता रहा. चिंता की बात थी न. फिर 2017 आया. एक ही साल में 7 हजार करोड़ रुपये जमा हो गए. ये 1.01 अरब फ्रैंक होता है. यानी 50 परसेंट रकम बढ़ी. जादुई आंकड़ा है. पढ़कर आंखों में चमक सी आ गई है.
नंबर दो: पाकिस्तान पर एक और सर्जिकल स्ट्राइक
हमारा इत्ता पैसा बढ़ा, पाकिस्तान का धड़ाम से गिर गया. स्विटजरलैंड के सेंट्रल बैंक के ताजा आंकड़े बताते हैं कि वहां पाकिस्तान की जमापूंजी में 21 परसेंट की गिरावट आई है. इसे एक और सर्जिकल स्ट्राइक समझ लो. जब उनका सारा धंधा ही चौपट हो रखा है तो कमाएंगे कहां से और रखेंगे कहां. वही कहावत है कि नंगा नहाएगा क्या और निचोड़ेगा क्या.

स्विस बैंक में पाकिस्तान का पैसा गिनने जाते पाकिस्तानी पीएम अब्बासी
नंबर तीन: चोर विजय माल्या को करारा जवाब
अब पता चला कि विजय माल्या का 'ह्रुदय' परिवर्तन कैसे हो गया. वो भी 7 हजार करोड़ के आस पास लोन लेकर भागा और लंदन में छिपा बइठा था. स्विस बैंक के हमारे ताजे आंकड़ों से उसे तगड़ा झटका लगा है. उसे पता लग गया है कि वो चाहे जितने करोड़ ले जाए, यहां फिर उतने करोड़ बनाकर हम स्विस बैंक में रख आएंगे.

आधी रात को अपना लॉकर तोडवाने जाता माल्या
नंबर चार: सुनो गौर से दुनिया वालों सबसे आगे होंगे हिंदुस्तानी
हमारा पैसा बढ़ा, पाकिस्तान का घटा और दुनिया का घुस गया तिलचट्टे में. मतलब पूरी दुनिया का पैसा सिर्फ 3 परसेंट बढ़ा है. यानी हम इस फील्ड में विश्वगुरु हो गए हैं.
ये भी पढ़ें:
नोटबंदी का सबसे बड़ा फायदा स्विस बैंक को हुआ, भारतीयों का जमा धन 50% बढ़ गया
























