Submit your post

Follow Us

वाइट हाउस के आगे हुआ प्रदर्शन इतना ख़तरनाक हो गया कि ट्रंप को बंकर में छुपना पड़ गया

अमेरिका में पुलिस कस्टडी में अश्वेत जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के बाद से देशभर में प्रदर्शन जारी है. लोग इंसाफ की मांग कर रहे हैं. कई जगह उग्र और हिंसक प्रदर्शन भी हुए हैं. 29 मई की रात सैकड़ों प्रदर्शनकारी वाइट हाउस के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे. इसकी जानकारी मिलते ही सुरक्षा अधिकारी अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप को अंडरग्राउंड बंकर में लेकर गए थे. ट्रंप को वहां एक घंटे से कम वक्त के लिए रखा गया था.

हिंसक प्रदर्शन को लेकर अमेरिका के कई शहरों में कर्फ्यू लागू है. हिंसक होते आंदोलन को देखते हुए ट्रंप ने कहा है कि जॉर्ज के लिए शुरू हुए आंदोलन को हाईजैक कर लिया गया है. हिंसा करने वाले लोगों को ट्रंप ने अब आतंकी घोषित करने का फैसला किया है. इसी को लेकर ट्रंप ने एक ट्वीट में लिखा-

अमेरिका ANTIFA को एक आतंकी संगठन के रूप में नामित करेगा.

ANTIFA क्या है?

ऐसे लोग जो फासीवाद का विरोध करते हैं उन्हें अमेरिका में एंटी-फासिस्ट कहा जाता है. ये लोग रंगभेद के खिलाफ, अश्वेतों के अधिकारों के लिए और वाइट सुप्रीमसी के खिलाफ लिए लड़ते हैं. ये अधिकतर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करते हैं लेकिन कई बार हिंसक प्रदर्शन भी करते हैं.

George Floyd
जॉर्ज फ़्लॉयड और और उनके ऊपर चढ़े डेरेक चॉविन (फोटो: एपी)

जॉर्ज फ्लॉयड के साथ क्या हुआ था?

25 मई, 2020. मिनियेपोलिस पुलिस विभाग को एक फ़ोन आया. फ़ोन करने वाले ने कहा कि उसे एक आदमी पर जालसाजी करने का शक़ है. पुलिस बताई हुई जगह पर पहुंची. यहां उनकी मुलाकात हुई जॉर्ज फ़्लायड से. पुलिस ने जॉर्ज को हथकड़ी लगाकर पकड़ने की कोशिश की. जॉर्ज ने इसका विरोध किया. विरोध के जवाब में डेरेक चॉविन नाम के एक पुलिस अधिकारी ने जॉर्ज के साथ ज़बरदस्ती की और उन्हें ज़मीन पर पटक दिया. और अपने बायें पैर से जॉर्ज की गर्दन दबाए रखी. पूरे सात मिनट तक. शुरुआती पांच मिनट के बाद ही जॉर्ज का शरीर शिथिल पड़ चुका था. फिर पुलिस ने ऐम्बुलेंस बुलवाई. मगर जान कहां थी जॉर्ज में कि उन्हें बचा लिया जाता. वो मर गए थे. मरने से पहले जॉर्ज ने डेरेक से कहा था-

मैं मरने वाला हूं. मैं सांस नहीं ले पा रहा हूं. मां, ओ मां, मेरा पेट दुख रहा है. मेरी गरदन दुख रही है, सब दुख रहा है. प्लीज, मुझे पानी दे दो. प्लीज, मत मारो मुझे.


विडियो- मिनियेपोलिस पुलिस अधिकारी की ज़बरदस्ती और जॉर्ज फ़्लायड की मौत के पीछे की कहानी

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

3740 श्रमिक ट्रेनों में से 40 प्रतिशत ट्रेनें लेट रहीं, रेलवे ने बताई वजह

औसतन एक श्रमिक ट्रेन 8 घंटे लेट हुई.

कंटेनमेंट ज़ोन में लॉकडाउन 30 जून तक बढ़ाया गया, बाकी इलाकों में छूट की गाइडलाइंस जानें

गृह मंत्रालय ने कंटेनमेंट ज़ोन के बाहर चरणबद्ध छूट को लेकर गाइडलाइंस जारी की हैं.

मशहूर एस्ट्रोलॉजर बेजान दारूवाला नहीं रहे, कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी

बेटे ने कहा- निमोनिया और ऑक्सीजन की कमी से हुई मौत.

लॉकडाउन-5 को लेकर किस तरह के प्रपोज़ल सामने आ रहे हैं?

कई मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि 31 मई के बाद लॉकडाउन बढ़ सकता है.

क्या जम्मू-कश्मीर में फिर से पुलवामा जैसा अटैक करने की तैयारी में थे आतंकी?

सिक्योरिटी फोर्स ने कैसे एक्शन लिया? कितना विस्फोटक मिला?

लद्दाख में भारत और चीन के बीच डोकलाम जैसे हालात हैं?

18 दिनों से भारत और चीन की फौज़ आमने-सामने हैं.

शादी और त्योहार से जुड़ी झारखंड की 5000 साल पुरानी इस चित्रकला को बड़ी पहचान मिली है

जानिए क्या खास है इस कला में.

जिस मंदिर के पास हजारों करोड़ रुपये हैं, उसके 50 प्रॉपर्टी बेचने के फैसले पर हंगामा क्यों हो गया

साल 2019 में इस मंदिर के 12 हजार करोड़ रुपये बैंकों में जमा थे.

पुलवामा हमले के लिए विस्फोटक कहां से और कैसे लाए गए, नई जानकारी सामने आई

पुलवामा हमला 14 फरवरी, 2019 को हुआ था.

दो महीने बाद शुरू हुई हवाई यात्रा, जानिए कैसा रहा पहले दिन का हाल?

दिल्ली में पहले दिन 80 से ज्यादा उड़ानें कैंसिल क्यों करनी पड़ी?