Submit your post

Follow Us

कांग्रेस नेता से मदद मांगी, फिर ट्वीट डिलीट करके न्यूज़ीलैंड हाई कमीशन ने माफी क्यों मांगी?

दिल्ली में ऑक्सीजन की किल्लत खत्म होने का नाम नहीं ले रही है. जहां एक तरफ अस्पताल ऑक्सीजन के लिए चारों तरफ हाथ-पैर मार रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ होम आइसोलेशन में रह रहे लोग भी किसी तरह ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था करने में लगे हैं. सोशल मीडिया पर मदद मांग रहे हैं. ऐसा ही मदद मांगते हुए एक ट्वीट आया भारत में न्यूजीलैंड के हाई कमीशन से. ट्वीट में कांग्रेस नेता बीवी श्रीनिवास को टैग कर ऑक्सीजन सिलेंडर के लिए मदद मांगी गई थी. हाई कमीशन के ऑफिशियल ट्विटर हैंडल से ये ट्वीट आया तो लोग सरकार को घेरने लगे. जिसके बाद हाई कमीशन ने ट्वीट डिलीट कर दिया.

दोबारा क्या कहा?

दरअसल 2 मई की सुबह न्यूजीलैंड हाई कमीशन की ओर से किए गए ट्वीट में बीवी श्रीनिवास और यूथ कांग्रेस को टैग कर लिखा गया था,
”क्या आप न्यूजीलैंड दूतावास में ऑक्सीजन सिलेंडर की तत्काल मदद पहुंचा सकते हैं? धन्यवाद.”

न्यूजीलैंड हाई कमीशन की ओर से किया गया ट्वीट, जो बाद में डीलिट कर दिया गया.
न्यूजीलैंड हाई कमीशन की ओर से किया गया ट्वीट, जो बाद में डीलिट कर दिया गया.

जैसे ही ट्वीट आया लोग पूछने लगे कि सरकार क्या कर रही है जो अब विदेशी उच्चायोगों को भी विपक्ष के नेताओं से मदद मांगनी पड़ रही है? क्या मोदी सरकार हमारे देश में रह रहे विदेशी मेहमानों की मदद भी नहीं कर सकती? ट्वीट पर विवाद शुरू हुआ तो न्यूजीलैंड हाई कमीशन ने ट्वीट डिलीट कर दिया और एक नया ट्वीट किया. जिसमें लिखा है,

हम ऑक्सीजन सिलेंडरों की तत्काल व्यवस्था के लिए सभी सोर्सेज तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं. हमारी अपील का गलत मतलब निकाला गया, इसके लिए हम माफी मांगते हैं.

न्यूजीलैंड हाई कमीशन के ट्वीट डीलिट कर खेद जताने के बाद एक बार फिर से लोगों ने मोदी सरकार को घेरना शुरू कर दिया. दूसरी तरफ कांग्रेस नेता श्रीनिवास ऑक्सीजन सिलेंडर लेकर हाई कमीशन भी पहुंच गए.

इससे पहले 1 मई की रात को श्रीनिवास ने फिलीपींस दूतावास में भी ऑक्सीजन सिलेंडर पहुंचाए थे. जिस पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर और यूपीए सरकार में केंद्रीय मंत्री रहे जयराम रमेश ट्विटर पर आपस में भिड़ गए. दरअसल 1 मई को श्रीनिवास ने एक वीडियो ट्वीट करते हुए लिखा,

यूथ कांग्रेस के सदस्य नई दिल्ली स्थित फिलीपींस के दूतावास में.

वीडियो में फिलीपींस दूतावास के सामने कांग्रेस कार्यकर्ता ऑक्सीजन सिलेंडर लेकर पहुंचे नजर आ रहे थे. श्रीनिवास के वीडियो को रिट्वीट करते हुए जयराम रमेश ने लिखा,

मैं यूथ कांग्रेस को धन्यवाद देता हूं. लेकिन एक भारतीय नागरिक होने के नाते ये देखकर हैरान हूं कि विपक्षी दल का यूथ विंग विदेशी दूतावास में भी सहायता पहुंचा रहा है. क्या विदेश मंत्रालय सोया हुआ है?

जयराम रमेश के ट्वीट का जवाब देते हुए केंद्रीय विदेश मंत्री जयशंकर ने लिखा,

विदेश मंत्रालय ने फिलीपींस दूतावास से संपर्क किया था. वहां कोरोना का कोई मामला नहीं है. बेवजह आपूर्ति की गई है. सस्ती लोकप्रियता के लिए ये सब कौन कर रहा है, आपको पता है. ऐसे समय में जब जरूरतमंद लोग परेशान हैं, इस तरह से सिलेंडर बांटना गलत है. जयराम जी विदेश मंत्रालय कभी सोता नहीं है. ये बात दुनिया भर में हमारे लोग जानते हैं.

विदेश मंत्री को जवाब देते हुए यूथ कांग्रेस ने दावा किया कि उनके पास फिलीपींस दूतावास से मदद के लिए कॉल आई थी. जिस पर उन्होंने दूतावास को ऑक्सीजन सिलेंडर पहुंचाए. यूथ कांग्रेस का कहना है कि फिलीपींस दूतावास की ओर से फेसबुक पोस्ट कर यूथ कांग्रेस को धन्यवाद भी कहा गया. हालांकि ये फेसबुक पोस्ट फिलीपींस दूतावास के ऑफिशियल अकाउंट से नहीं है. फिलीपींस दूतावास की ओर से भी अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है.

बीजेपी और कांग्रेस के बीच चल रही तनातनी के बीच विदेश मंत्रालय की ओर से आधिकारिक बयान भी आया. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा,

विदेश मंत्रालय सभी उच्चायोग और दूतावासों के संपर्क में है. उनकी सभी मेडिकल डिमांड पर रिस्पॉन्ड किया जा रहा है, खासतौर पर कोविड से जुड़ीं डिमांड्स पर. इसमें अस्पताल में उनके इलाज की सुविधा भी शामिल है. महामारी को देखते हुए सबसे अपील की जाती है कि वो ऑक्सीजन समेत दूसरी तरह की जरूरी चीज़ों की होर्डिंग न करे.

एक तरफ जहां पूरा देश ऑक्सीजन, अस्पताल, बेड और दूसरी जरूरी चीजों के लिए जूझ रहा है. वहीं दूसरी  तरफ जिम्मेदार पदों पर बैठे लोग एक दूसरे के खिलाफ बयानबाजी में लगे हैं. दोनों तरफ से जमकर एक दूसरे पर भड़ास निकाली जा रही है. ऐसे समय में जब हम सब इकट्ठे होकर एक दूसरे से मदद की अपेक्षा करते हैं उस समय में भी इस तरह की राजनीतिक बयानबाजी कहीं न कहीं निराश करती है.


दुनिया भर के देशों ने भारत को अब तक कितने ऑक्सीजन टैंकर और मेडिकल सामान भेजा है?

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

बंगाल में केंद्रीय मंत्री के काफिले पर हमला हुआ तो ममता बनर्जी ने उलटा क्या आरोप मढ़ दिया?

बंगाल में केंद्रीय मंत्री के काफिले पर हमला हुआ तो ममता बनर्जी ने उलटा क्या आरोप मढ़ दिया?

लगातार हो रही हिंसा की जांच के लिए होम मिनिस्ट्री ने अपनी टीम बंगाल भेज दी है.

पंजाबी फ़िल्मों के मशहूर एक्टर-डायरेक्टर सुखजिंदर शेरा का निधन

पंजाबी फ़िल्मों के मशहूर एक्टर-डायरेक्टर सुखजिंदर शेरा का निधन

कीनिया में अपने दोस्त से मिलने गए थे, वहां तेज बुखार आया था.

सलमान खान ने मदद मांगने वाले 18 साल के लड़के को यूं दिया सहारा!

सलमान खान ने मदद मांगने वाले 18 साल के लड़के को यूं दिया सहारा!

कुछ दिन पहले ही कोरोना से अपने पिता को गंवा दिया.

उत्तराखंड में एक और आपदा, उत्तरकाशी और रुद्रप्रयाग के पास बादल फटा

उत्तराखंड में एक और आपदा, उत्तरकाशी और रुद्रप्रयाग के पास बादल फटा

भारी नुक़सान की ख़बरें लेकिन एक राहत की बात है

क्या वाकई केंद्र सरकार ने मार्च के बाद वैक्सीन के लिए कोई ऑर्डर नहीं दिया?

क्या वाकई केंद्र सरकार ने मार्च के बाद वैक्सीन के लिए कोई ऑर्डर नहीं दिया?

जानिए वैक्सीन को लेकर देश में क्या चल रहा है.

Covid-19: अमेरिका के इस एक्सपर्ट ने भारत को कौन से तीन जरूरी कदम उठाने को कहा है?

Covid-19: अमेरिका के इस एक्सपर्ट ने भारत को कौन से तीन जरूरी कदम उठाने को कहा है?

डॉक्टर एंथनी एस फॉउसी सात राष्ट्रपतियों के साथ काम कर चुके हैं.

रेमडेसिविर या किसी दूसरी दवा के लिए बेसिर-पैर के दाम जमा करने के पहले ये ख़बर पढ़ लीजिए

रेमडेसिविर या किसी दूसरी दवा के लिए बेसिर-पैर के दाम जमा करने के पहले ये ख़बर पढ़ लीजिए

देश भर से सामने आ रही ये घटनाएं हिला देंगी.

कुछ लोगों को फ्री, तो कुछ को 2400 से भी महंगी पड़ेगी कोविड वैक्सीन, जानिए पूरा हिसाब-किताब

कुछ लोगों को फ्री, तो कुछ को 2400 से भी महंगी पड़ेगी कोविड वैक्सीन, जानिए पूरा हिसाब-किताब

वैक्सीन के रेट्स को लेकर देशभर में कन्फ्यूजन की स्थिति क्यों है?

कोरोना से हुई मौतों पर झूठ कौन बोल रहा है? श्मशान या सरकारी दावे?

कोरोना से हुई मौतों पर झूठ कौन बोल रहा है? श्मशान या सरकारी दावे?

जानिए न्यूयॉर्क टाइम्स ने भारत के हालात पर क्या लिखा है.

PM Cares से 200 करोड़ खर्च होने के बाद भी नहीं लगे ऑक्सीजन प्लांट, लेकिन राजनीति पूरी हो रही है

PM Cares से 200 करोड़ खर्च होने के बाद भी नहीं लगे ऑक्सीजन प्लांट, लेकिन राजनीति पूरी हो रही है

यूपी जैसे बड़े राज्य में केवल 1 प्लांट ही लगा.