Submit your post

Follow Us

भारत से तनाव के बीच चीन ने बांग्लादेश को एक झटके में 97 फीसदी का फायदा दे दिया है

भारत से तनाव के बीच चीन ने एक नया कदम उठाया है. उसने अब बांग्लादेश को अपने पाले में करने की चाल चली है. इसके तहत चीन 97 फीसदी बांग्लादेशी उत्पादों पर टैरिफ नहीं लगाएगा. दूसरे देशों से आने वाले सामान पर लगाए जाने वाले टैक्स को टैरिफ कहते हैं. ऐसे में अब बांग्लादेश में बने 97 फीसदी सामान पर चीन में टैक्स नहीं लगेगा. यह फायदा 1 जुलाई से मिलने लगेगा. समाचार एजेंसी पीटीआई ने यह रिपोर्ट दी है.

बता दें कि चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग और बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना के बीच एक महीने पहले बातचीत हुई थी. इसमें कोरोना वायरस के समय में दोनों देशों के संबंधों को आगे बढ़ाने का फैसला हुआ है. टैरिफ कम करना इसी तरफ बढ़ाया एक कदम है.

इस तरह बांग्लादेश को मिलेगा फायदा

बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने 19 जून को इस बारे में जानकारी दी. कहा गया कि सरकार की आर्थिक डिप्लोमसी के चलते चीन के टैरिफ कमीशन ने 97 फीसदी उत्पादों पर जीरो टैरिफ लगाने का फैसला किया है. इस फैसले से बांग्लादेश के पांच हजार से ज्यादा उत्पादों पर टैरिफ नहीं लगेगा. चीन एशिया पैसेफिक ट्रेड एग्रीमेंट के तहत पहले से ही 3095 बांग्लादेशी प्रॉडक्ट पर टैरिफ नहीं ले रहा. इस तरह से अब 8256 बांग्लादेशी प्रॉडक्ट पर चीन में टैरिफ नहीं लगेगा.

ऐसे में 1 जुलाई से जो 8256 बांग्लादेशी प्रॉडक्ट चीन में बेचे जाएंगे, उन पर टैक्स नहीं लगेगा. यह सामान चीन में सस्ता बिकेगा. इससे बांग्लादेश की कमाई भी बढ़ेगी और उसका एक्सपोर्ट भी चीन में बढ़ सकता है. एक्सपोर्ट बढ़ने से बांग्लादेश में एक तरह से नौकरियां भी बढ़ेंगी.

अभी कैसा है चीन-बांग्लादेश का कारोबार

बांग्लादेश चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के अनुसार, चीन-बांग्लादेश के बीच 2018-19 में 14.68 बिलियन डॉलर यानी करीब एक लाख करोड़ रुपये का कारोबार है. इसमें से बांग्लादेश का एक्सपोर्ट केवल 63 अरब रुपये का ही है. यानी कारोबार में चीन का पलड़ा भारी है. वह काफी सामान बांग्लादेश को बेचता है, जबकि उसकी खरीदी कम है. इस बारे में बांग्लादेश के वाणिज्य सचिव ओबैदुल आजम ने कहा कि चीन के जीरो टैरिफ वाले फैसले से बांग्लादेश का व्यापार बढ़ेगा. साथ ही उनके देश में काम भी बढ़ेगा.

पिछले दिनों ही चीन ने किया था ऐलान

पिछले दिनों ने ही चीनी राष्ट्रपति ने इस तरह की नीति का ऐलान किया था. उन्होंने इंडोनेशिया में हुई एशियन-अफ्रीकन कॉन्फ्रेंस में कहा था कि चीन कम विकसित देशों के सामान पर कोई टैरिफ नहीं लगाएगा. इसके लिए एक साल के अंदर-अंदर वह कदम उठाएगा. चीन ने कहा था कि जिन देशों से उसके डिप्लोमैटिक रिश्ते हैं, उन पर ही जीरो टैरिफ की नीति लागू होगी. माना जा रहा है कि चीन से टैरिफ में छूट मिलने से बांग्लादेश को बड़ा फायदा होगा. एक तो उसके पास सामान बेचने के लिए बड़ा मार्केट होगा. दूसरा टैरिफ न लगने से उसकी कमाई भी बढ़ेगी.

भारत के पड़ोसियों को अपने पाले में ले रहा चीन

चीन ने हाल के समय के भारत के पड़ोसी देशों के लिए काफी बड़े कदम उठाए हैं. भारत से वह सीमा विवाद में उलझा हुआ है लेकिन भारत के पड़ोसियों का मददगार बन रहा है. पाकिस्तान से पहले ही वह हाथ मिला चुका है. वहां कई तरह के निर्माण भी कर रहा है, जिनमें बंदरगाह, हाइवे निर्माण शामिल हैं. इसी तरह नेपाल में भी चीन ने काफी पैसा लगाया है. नेपाल को तिब्बत से जोड़ने के लिए वह रेलवे लाइन भी बिछा रहा है. श्रीलंका में भी चीन से ऐसा ही किया है. यहां पर उसने एक एयरपोर्ट और बंदरगाह तैयार किया है.


Video: दुनियादारी: इस देश में लोग इतने नाराज क्यों हैं कि चीन के लोगों को मारकर जला दिया?

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

राज्यसभा की 18 सीटों में से कांग्रेस और बीजेपी ने कितनी जीतीं?

एक और पार्टी है जिसने कांग्रेस जितनी सीटें जीती हैं.

दिल्ली के हेल्थ मिनिस्टर सत्येंद्र जैन ऑक्सीजन सपोर्ट पर, दूसरे अस्पताल में शिफ्ट किए गए

कुछ दिन पहले कोरोना पॉज़िटिव आए थे, अब प्लाज़मा थेरेपी दी जाएगी.

चीनी सेना की यूनिट 61398, जिससे पूरी दुनिया के डेटाबाज़ डरते हैं

बड़ी चालाकी से काम करती है ये यूनिट.

गलवान घाटी में झड़प के बाद भी चीनी सेना मौजूद, 200 से ज्यादा ट्रक और टेंट लगाए

सैटेलाइट से ली गई तस्वीरों में यह सामने आया है.

पेट्रोल-डीजल के दाम में फिर से उबाल क्यों आ रहा है?

रोजाना इनके दाम घटने-बढ़ने की पूरी कहानी.

उत्तर प्रदेश में एक IPS अधिकारी के ट्रांसफर पर क्यों तहलका मचा हुआ है?

69000 भर्ती में कार्रवाई का नतीजा ट्रांसफर बता रहे लोग. मगर बात कुछ और भी है.

गलवान घाटी: LAC पर भारत के तीन नहीं, 20 जवान शहीद हुए हैं, कई चीनी सैनिक भी मारे गए

लड़ाई में हमारे एक के मुकाबले तीन थे चीनी सैनिक.

गलवान घाटीः वो जगह जहां भारत-चीन के बीच झड़प हुई

पिछले कुछ समय से यहां पर दोनों देशों की सेनाएं आमने-सामने हैं.

लद्दाख: गलवान घाटी में भारत-चीन झड़प पर विपक्ष के नेता क्या बोले?

सेना के एक अधिकारी समेत तीन जवान शहीद हुए हैं.

क्या परवीन बाबी की राह पर चल पड़े थे सुशांत?

मुकेश भट्ट ने एक इंटरव्यू में कहा.