The Lallantop

केएल राहुल को धोनी ने रन आउट किया, स्टंप लाइट भी जली लेकिन आउट नहीं हुए

किस्मत के धनी धोनी इस बार अनलकी रहे, वो भी सॉलिड तरह से.

Advertisement
post-main-image
पंजाब के खिलाफ मैच में धोनी ने केएल राहुल को रन आउट किया, लेकिन बेल्स नहीं गिरने की वजह से आउट नहीं हुए राहुल.
गूगल करेंगे तो धोनी की स्पीड को लेकर हज़ारों मीम्स मिल जाएंगे. कहा जाता है कि धोनी ने एक बार 0.09 सेकेंड में एक खिलाड़ी को स्टंप किया था जबकि आंखों के पलक को झपकने में कुल 0.10 सेकेंड लगते हैं. यानी जब वो विकेट के पीछे होते हैं तब कोई भी खिलाड़ी बहुत जोड़-घटाव करके अपने कदमों को आगे बढ़ाता है. गाहे-बगाहे धोनी की तेज़ी हर मैच में देखने को मिल ही जाती है. कुछ ऐसा ही आईपीएल के इस सीजन में भी हुआ. मुकाबला चेन्नई और पंजाब के बीच था. चेन्नई की टीम बैटिंग कर चुकी थी. बोर्ड पर 160 रन टंगे थे. पंजाब को जीत के लिए 161 रन चाहिए थे. दूसरी इनिंग का 13वां ओवर चल रहा था. चौथी गेंद जैसे ही जडेजा ने फेंकी, बैटिंग कर रहे के एल राहुल ने उसे स्वीप कर दिया. गेंद विकेट के पीछे गई और वो रन लेने के लिए दौड़ पड़े. धोनी ने फुर्ती के साथ गेंद को उठाया और राहुल के वापिस क्रीज़ पर पहुंचने से पहले स्टंप पर दे मारा. वो भी स्टंप्स की तरफ बिना देखे. जब धोनी ने स्टंप पर गेंद मारी तब राहुल क्रीज़ से बाहर थे. गेंद स्टंप पर लगने के साथ ही लाइट जली. सभी खिलाड़ी जश्न मनाने के लिए दौड़ पड़े. लेकिन धोनी ने कहा- 'काम डाऊन'. क्योंकि गेंद विकेट पर लगने के बाद साइड से निकल गई और बेल्स नहीं गिरी. जबकि नियम के मुताबिक बेल्स को गिरना होता है तभी कोई खिलाड़ी आउट होता है. जिसके बाद केएल राहुल को जीवनदान मिल गया और वो आउट नहीं हुए. केएल राहुल के जीवनदान का टीम को कोई फायदा नहीं मिला. उन्होंने सरफराज़ के साथ टिककर बैटिंग तो की. लेकिन काफी स्लो खेल गए. दोनों के बीच 110 रनों की पार्टनरशिप भी हुई लेकिन वो काफी धीमी थी. उनकी सुस्त पार्टनरशिप की वजह से ही अंत में पंजाब के लिए मैच को बचाना मुश्किल हो गया और चेन्नई 22 रनों से जीत गई.

Advertisement
Advertisement