अब आरोप है कि इससे नंदन सिंह यादव और भड़क गए. परिजनों के कहने पर उन्होंने टीसी तो काट दी, लेकिन उसमें छात्र को 'आपराधिक प्रवृत्ति' का बता दिया. लिखा 'आपराधिक प्रवृत्ति के कारण (छात्र का) नाम पृथक' किया जाता है.
प्रिंसिपल के ऐसा करने से छात्र का परिवार डर गया. उसकी मां ने प्रिंसिपल से लाख मिन्नतें कीं उसकी टीसी के साथ ऐसा न करे, लेकिन प्रिंसिपल ने उलटा कहा कि अब पूरे देश में कहीं भी शिवशांत को ऐडमिशन नहीं मिलेगा.

टीसी पर लिखा 'अपराधिक प्रवृत्ति के कारण नाम पृथक '
छात्र ने क्या कहा? पीड़ित छात्र की मानें तो स्कूल में झगड़े के दौरान प्रिंसिपल ने डंडे से उसकी जमकर पिटाई कर दी. उसका कहना है कि पिटाई से उसके सिर और हाथ में चोट आई. इस पिटाई का उसने विरोध किया था. वहीं प्रिंसिपल का कहना है कि उन्होंने कई छात्रों की पिटाई की है, लेकिन किसी ने इस तरह से विरोध नहीं किया. नंदन सिंह यादव का कहना है कि छात्र ने उन्हें गाली दी थी.
डेक्कन क्रॉनिकल की रिपोर्ट के मुताबिक छात्र की मां ने यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ और शिक्षा मंत्री को पत्र तक लिख डाला. कहा कि टीसी में अपराधी घोषित होने से उनके बेटे की जिंदगी खराब हो जाएगी, लिहाजा उसे ठीक किया जाए. साथ ही प्रिंसिपल नंदन सिंह यादव के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग की. क्या बोले अधिकारी? बाद में ये मामला स्थानीय अधिकारियों तक पहुंचा. प्रतापगढ़ के डिस्ट्रिक्ट इंस्पेक्टर ऑफ स्कूल सर्वदानंद ने मीडिया से बातचीत में कहा कि मामला संज्ञान में लिया गया है और जांच कराई जा रही है. जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. अधिकारियों ने ये भी कहा कि किसी भी छात्र की टीसी पर इस तरह से अपराधी लिख देना कानूनी रूप से सही नहीं है. ये भी कहा गया है कि बच्चे की टीसी में जरूरी बदलाव कर दिए जाएंगे.














