सांकेतिक तस्वीर. (PTI)
दिवाली से एक दिन पहले मोदी सरकार ने देश को बड़ा तोहफा देने की कोशिश की है. उसने पेट्रोल और डीजल के दामों में भारी कटौती कर दी है. न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक सरकार ने पेट्रोल पर लगने वाली एक्साइज ड्यूटी पर 5 रुपए तक की कटौती की है. वहीं डीजल की एक्साइड ड्यूटी 10 रुपए तक कम कर दी गई है.
बीते कई हफ्तों से पेट्रोल-डीजल की कीमतें बेलगाम तरीके से बढ़ रही थीं. इसके चलते कई शहरों में तो डीज़ल 110 रुपए के पार और पेट्रोल 120 रूपए के पार तक पहुंच गया. राजधानी दिल्ली की बात करें तो यहां पेट्रोल 110 रुपए प्रतिलीटर के आगे पहुंच चुका है. वहीं डीज़ल की क़ीमत भी 98 रुपए प्रति लीटर के पार हो गई है. बुधवार 3 अक्टूबर तक पेट्रोल की क़ीमतें इस प्रकार थीं
नई दिल्ली 110.04 रुपए कोलकाता 110.49 रुपए मुंबई 115.85 रुपए चेन्नई 106.76 रुपए
ऐसे में सरकार ने लोगों को राहत देने की कोशिश की है. हालांकि उसके इस कदम पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं आई हैं. कई लोगों ने मोदी सरकार पर पेट्रोल के दाम घटाकर राजनीति करने का आरोप लगाया है.
पहले क्या थी एक्साइज़ ड्यूटी? पेट्रोल पर अभी तक एक्साइज़ ड्यूटी 32.90 पैसे थी. जो अब घटकर 27.90 पैसे हो गई है. वहीं डीज़ल पर सरकार एक्साइज़ ड्यूटी के रूप में 31.80 पैसे वसूल रही थी. जो अब घटकर 21.80 पैसे हो गई है. पिछले दिनों वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन ने कहा था कि फ़िलहाल पेट्रोल डीज़ल पर एक्साइज़ ड्यूटी में कटौती नहीं की जाएगी. इंडिया टुडे में छपी ख़बर के मुताबिक़ अब केंद्र सरकार को उम्मीद है कि डीज़ल के दामों में कमी से आगामी रबी की फ़सल के दौरान किसानों की आय में इज़ाफ़ा होगा.
क्या कह रहे लोग?
सरकार के अपने दावे हैं और महंगाई से परेशान लोगों के अपने. पेट्रोल-डीज़ल के दाम कम होने की घोषणा के बाद से ही वे सरकार के इस फैसले पर रिएक्शन दे रहे हैं. ट्विटर पर कृष्ण कांत नाम के व्यक्ति ने लिखा,
दिवाली गिफ्ट है कि चुनावी घूस है? अगर गिफ्ट है तो ये कौन सा गिफ्ट है कि अब कुछ दिन 10 रुपए कम लूटेंगे? और दो साल से सबसे सस्ता तेल आयात करके रिकॉर्ड वसूली की और लूटा, उसका क्या?
रनविजय सिंह ने लिखा
आपने एक चुनावी फटका दिया तो 5 और 10 रुपए कम हो गए. सोचिए और फटके देंगे तो पेट्रोल डीजल का भाव क्या होगा.
बहरहाल, कटौती की जानकारी देते हुए वित्त मंत्रालय ने पेट्रोल के बढ़ते दामों का ठीकरा एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय बाजार पर फोड़ दिया है. कहा है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के दामों में लगातार बढ़ोतरी हुई है, जिसके चलते देश में पेट्रोल और डीजल कीमतों में कई हफ्तों तक इजाफा हुआ. लेकिन अब अर्थव्यवस्था को और गति देने के लिए सरकार ने एक्साइज ड्यूटी कम करने का फैसला किया है. मंत्रालय ने ये भी कहा है कि इस कटौती से पेट्रोल-डीजल का उपभोग बढ़ेगा, महंगाई कम होगी और गरीबों और मध्यम वर्ग को राहत मिलेगी.