Submit your post

Follow Us

त्रिपुरा: VHP की रैली के दौरान हिंसा, 'मस्जिद जलाने' के दावे पर पुलिस ने दी बड़ी जानकारी

बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा बहुत पुराना मुद्दा है. हाल में इसने फिर आग पकड़ ली. दुर्गा पूजा के दौरान कुरान के अपमान की बात सोशल मीडिया पर ऐसी फैली कि पूरे बांग्लादेश के हिंदुओं पर आफत आ गई. कई इलाकों में हिंदू मंदिरों और पंडालों पर कट्टरपंथियों ने हमले किए. उन्हें तहस-नहस कर हिंदू समुदाय के लोगों के साथ भी मारपीट की गई. इस बवाल में कई लोग घायल हुए वहीं कम से कम 2 हिंदुओं के मारे जाने की पुष्टि भी की गई. अब इसका असर भारत में भी देखने को मिल रहा है.

त्रिपुरा में हिंसा

मंगलवार 26 अक्टूबर को त्रिपुरा राज्य के नॉर्थ त्रिपुरा जिले में एक रैली निकाली गई. विश्व हिंदू परिषद (VHP) और अन्य हिंदू संगठन इसका नेतृत्व कर रहे थे. मकसद था बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे हमलों का विरोध करना. लेकिन जल्द ही ये विरोध प्रदर्शन बेकाबू होकर हिंसा में तब्दील हो गया. मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक रैली में शामिल गुस्साई भीड़ ने एक लोकल मस्जिद को तोड़ दिया और 2 दुकानों को जला दिया. हालात काबू करने के लिए सरकार को भारी पुलिस बल तैनात करना पड़ा. इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक धर्मापुर जिले में धारा 144 भी लागू की गई है. हालांकि त्रिपुरा पुलिस स्थिति पूरी तरह सामान्य होने का दावा कर रही है. उसने हिंसा से जुड़ी वायरल तस्वीरों और वीडियो को भी फेक करार दिया है.

घटना को लेकर क्या-क्या सामने आया है?

अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्स्प्रेस से बात करते हुए पानीसागर के सब-डिविजनल अधिकारी सौभिक डे ने बताया,

“विश्व हिंदू परिषद के कुछ कार्यकर्ताओं ने चमटिला इलाके में एक मस्जिद में तोड़फोड़ की है. मस्जिद से ही करीब 700 मीटर दूर रोवा बाजार इलाके में तीन घर और तीन दुकानों में भी तोड़ फोड़ की गई, साथ ही दो दुकानों को आग के हवाले कर दिया गया.”

पुलिस अधिकारी के मुताबिक जिन घरों-दुकानों में तोड़-फोड़ और आगजनी की गई है, वे सभी अल्पसंखक समुदाय के हैं. उन्होंने बताया कि घटना को लेकर एक FIR भी दर्ज कर ली गई है. पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है. साथ ही सभी संवेदनशील इलाकों में कानून व्यवस्था बनाए रखने और करीब 150 मस्जिदों की सुरक्षा के लिए भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. साथ ही घटना की जांच के लिए सीसीटीवी फुटेज भी खंगाली जा रही है.

वहीं रैली में शामिल बजरंगदल के एक नेता नारायण दास ने इंडियन एक्स्प्रेस को बताया,

“पानीसागर इलाके में विश्व हिंदू परिषद ने एक प्रदर्शन रैली का आयोजन किया था. हम सब पानीसागर मोटर स्टैन्ड पर जमा हुए. हमारी रैली चमटिला, रोवा जैसे इलाकों से गुजरकर जलेबाशा मोटर स्टैन्ड पर खत्म होने वाली थी. लेकिन जब हम रोवा के पास पहुंचे तो देखा कि कुछ युवा एक मस्जिद के बाहर खड़े होकर हमें गालियां दे रहे थे. उनके पास हथियार भी थे. फिर वे कुछ धार्मिक और पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाने लगे. इसी तरह की कुछ और घटनाओं ने हिंसा को भड़काया है.”

नारायण दास ने आरोप लगाते हुए ये भी कहा कि प्रशासन का एक हिस्सा जानबूझकर हिंसा भड़कना चाहता था, इसीलिए जिन इलाकों से रैली गुजरनी थी वहां पर पुलिस का कोई इंतजाम नहीं किया गया था.

CPI-M ने BJP पर आरोप लगाया

CPI-M के नेता और त्रिपुरा विधानसभा के पूर्व डिप्टी स्पीकर पबित्रा कर इस हिंसा के लिए भाजपा को जिम्मेदार ठहराते हुए बोले,

“बांग्लादेश में जो हुआ उसी की वजह से ये हिंसा हो रही है. त्रिपुरा अपनी शांति और सांप्रदायिक सौहार्द के लिए जाना जाता है. ये सब काम भाजपा करवा रही है. प्रदेश में शांति बनी रहे इसकी जिम्मेदारी राज्य सरकार की है.”

वहीं बीजेपी प्रवक्ता नबेंदु भट्टाचार्य ने पीटीआई से बातचीत में घटना की जानकारी होने से ही इन्कार कर दिया. उन्होंने कहा कि वे इस बारे में नहीं जानते, लेकिन अगर ऐसा हुआ है तो पुलिस को ऐक्शन लेना चाहिए.

अब क्या कह रही त्रिपुरा पुलिस?

कह रही कि सब नॉर्मल है. गुरुवार 28 अक्टूबर को त्रिपुरा पुलिस ने अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडल से एक के बाद एक ट्वीट किए. इसमें उसने कहा,

“फर्जी सोशल मीडिया आईजी बनाकर कुछ लोग त्रिपुरा के बारे में फेक न्यूज और अफवाह फैला रहे हैं. ये सूचित किया जाता है कि राज्य में कानून व्यवस्था पूरी तरह सामान्य है. कल नॉर्थ त्रिपुरा के पानीसागर में हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान किसी भी मस्जिद में आग नहीं लगाई गई.”

त्रिपुरा पुलिस ने कहा कि जलती या क्षतिग्रस्त मस्जिद और लाठी-डंडों के ढेर की जो तस्वीरें शेयर की जा रही हैं वे सभी फेक हैं और त्रिपुरा की नहीं हैं. इसके साथ ही पुलिस ने राज्य के लोगों से कहा,

“हम सभी समुदायों से अपील करते हैं कि ऐसी किसी भी फेक आईडी का समर्थन ना करें और ना ही उसे सब्सक्राइब करें. फेक तस्वीरें ना फैलाएं. हम पहले ही इस मामले में केस रजिस्टर कर चुके हैं.”

एक अन्य ट्वीट में त्रिपुरा पुलिस ने दावा किया कि कुछ लोग त्रिपुरा की शांतिपूर्ण सांप्रदायिक हालात को बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं. लिहाजा झूठी खबरें और सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील अफवाहें फैलाने वालों के खिलाफ लीगल ऐक्शन लिया जाएगा.


बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा की प्लानिंग करने वाले का पता चल चुका है!

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

कांग्रेस को मौलाना तौकीर रजा का समर्थन, BJP ने हिंदुओं को धमकाने वाला वीडियो शेयर कर दिया

कांग्रेस को मौलाना तौकीर रजा का समर्थन, BJP ने हिंदुओं को धमकाने वाला वीडियो शेयर कर दिया

तौकीर रजा कांग्रेस पर आरोप लगा चुके हैं कि उसने मुसलमानों पर आतंकी का टैग लगाया.

देवास-एंट्रिक्स डील क्या थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने 'जहरीला फ्रॉड' कहा और मोदी सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा से खिलवाड़?

देवास-एंट्रिक्स डील क्या थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने 'जहरीला फ्रॉड' कहा और मोदी सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा से खिलवाड़?

जानिए UPA के समय हुई इस डील ने कैसे देश को शर्मसार किया.

'तुझे यहीं पिटना है क्या', हेट स्पीच पर सवाल से पत्रकार पर बुरी तरह भड़के यति नरसिंहानंद

'तुझे यहीं पिटना है क्या', हेट स्पीच पर सवाल से पत्रकार पर बुरी तरह भड़के यति नरसिंहानंद

बीबीसी का आरोप, टीम के साथ नरसिंहानंद के समर्थकों ने गाली-गलौज और धक्का-मुक्की की.

इंदौर: महिला का दावा, पति ने दोस्तों के साथ मिल गैंगरेप किया, प्राइवेट पार्ट को सिगरेट से दागा

इंदौर: महिला का दावा, पति ने दोस्तों के साथ मिल गैंगरेप किया, प्राइवेट पार्ट को सिगरेट से दागा

मुख्य आरोपी के साथ उसके दोस्तों को पुलिस ने पकड़ लिया है.

BJP और उत्तराखंड सरकार ने हरक सिंह रावत को अचानक क्यों निकाल दिया?

BJP और उत्तराखंड सरकार ने हरक सिंह रावत को अचानक क्यों निकाल दिया?

पार्टी के इस कदम से आहत हरक सिंह रावत मीडिया के सामने भावुक हो गए.

आपको फर्जी शेयर टिप्स देकर इस परिवार ने करोड़ों का मुनाफा कैसे पीट लिया?

आपको फर्जी शेयर टिप्स देकर इस परिवार ने करोड़ों का मुनाफा कैसे पीट लिया?

Bull Run कांड में सेबी का फैसला, एक ही परिवार के 6 लोगों पर लगा बैन.

आदिवासी, आंदोलनकारी, पत्रकार और ऐक्ट्रेस, जानिए यूपी में कांग्रेस ने किन चेहरों पर दांव लगाया है?

आदिवासी, आंदोलनकारी, पत्रकार और ऐक्ट्रेस, जानिए यूपी में कांग्रेस ने किन चेहरों पर दांव लगाया है?

कांग्रेस की पहली लिस्ट में 50 महिला उम्मीदवार शामिल हैं

इस तस्वीर ने यूपी चुनाव से पहले सपा गठबंधन को लेकर क्या सवाल खड़े कर दिए?

इस तस्वीर ने यूपी चुनाव से पहले सपा गठबंधन को लेकर क्या सवाल खड़े कर दिए?

तस्वीर गौर से देखेंगे तो समझ आ जाएगा, हम तो बता ही देंगे.

योगी सरकार को एक और झटका, मंत्री दारा सिंह चौहान ने भी साथ छोड़ा

योगी सरकार को एक और झटका, मंत्री दारा सिंह चौहान ने भी साथ छोड़ा

बीते 24 घंटों के भीतर यूपी के दो कैबिनेट मंत्रियों ने इस्तीफा दे दिया है.

ITR फाइलिंग की डेडलाइन बढ़ी है, लेकिन नाचने से पहले ये खबर पढ़ लो!

ITR फाइलिंग की डेडलाइन बढ़ी है, लेकिन नाचने से पहले ये खबर पढ़ लो!

सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस ने असल में क्या कहा है?