OpenAI ने एक बड़ा कांड कर दिया है. पूरा मामला समझने से पहले थोड़ा पीछे चलते हैं. Anthropic का एआई मॉडल क्लाउड मिथोस (Cloud Mythos) तो आपको याद होगा ही. एआई का दुनिया का ये थानोस इतना ताकतवर है कि इसे आम पब्लिक के लिए रिलीज ही नहीं किया गया. इस मॉडल में इतनी पावर है कि वो किसी भी मजबूत सिस्टम को हैक कर सकते हैं. इसी के चलते अप्रेल के महीने में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने विभिन्न बैंकों के प्रमुखों के साथ एक उच्च स्तरीय सुरक्षा बैठक बुलाई थी.
OpenAI की सुरक्षा में बड़ी सेंध, अनरिलीज़्ड AI मॉडल ने कर दिया कांड! मचा बवाल
OpenAI के एक प्री-रिलीज़ AI मॉडल ने साइबर-सिक्योरिटी जांच के दौरान इंटरनल टेस्टिंग सैंडबॉक्स से बाहर निकलकर AI प्लेटफ़ॉर्म 'हगिंग फेस' (Hugging Face) में सेंध लगाई थी. मंगलवार 21 जुलाई को खुद OpenAI ने इस घटना के बारे में बताया.


वित्त मंत्री ने यह अहम मीटिंग इसलिए की थी, ताकि एंथ्रोपिक क्लाउड मिथोस से जुड़े संभावित साइबर सुरक्षा जोखिमों को समझा जा सके. हालांकि अभी तक ऐसा कुछ सामने नहीं आया मगर थानोस के दोस्त Ebony Maw यानी OpenAI ने जरूर कांड कर दिया है.
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक OpenAI के एक प्री-रिलीज़ AI मॉडल ने साइबर-सिक्योरिटी जांच के दौरान इंटरनल टेस्टिंग सैंडबॉक्स से बाहर निकलकर AI प्लेटफ़ॉर्म 'हगिंग फेस' (Hugging Face) में सेंध लगाई थी. मंगलवार 21 जुलाई को खुद OpenAI ने इस घटना के बारे में बताया.
Open AI के मुताबिक, उसके सबसे एडवांस्ड मॉडल्स ने एक कंट्रोल्ड टेस्टिंग एनवायरनमेंट में सभी पाबंदियों को बायपास कर दिया. इस मॉडल ने इंटरनेट एक्सेस पाने के लिए एक सिक्योरिटी खामी का फ़ायदा उठाया और और फिर Hugging Face के प्रोडक्शन सिस्टम में सेंध लगाई. OpenAI ने कहा कि उसने उस खामी को ठीक कर दिया है और भविष्य के सेफ़्टी स्टेंडर्ड को और बढ़ा दिया है.
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क्या है Hugging Faceहगिंग फेस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग की दुनिया का एक बहुत बड़ा ओपन-सोर्स प्लेटफॉर्म और कम्युनिटी है. आसान शब्दों में कहें तो जैसे कोडर्स के लिए GitHub काम करता है, वैसे ही AI डेवलपर्स, डेटा साइंटिस्ट्स और रिसर्चर्स के लिए Hugging Face एक बड़ा सेंटर है. Open AI का मॉडल इधर घुस गया था. अगर वहीं बना रहता तो पता नहीं कितनी कंपनियों के डेटा सेंटर तक पहुंच जाता.
साइबर-सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस नई जानकारी से पता चलता है कि नेशनल एजेंसियों को एडवांस्ड AI सिस्टम्स का सीधे इस्तेमाल करने की ज़रूरत क्यों है, ताकि यह समझा जा सके कि जब सेफ्टी कंट्रोल काम नहीं करते, तो ये मॉडल कैसा व्यवहार करते हैं. माने एजेंसियों को ऐसे मॉडल का एक्सेस आम पब्लिक या कंपनी ने पहले मिलना चाहिए.
इसी के चलते केंद्र सरकार CERT-In की साइबर रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने के लिए एंथ्रॉपिक के एआई मॉडल मिथॉस (Mythos) को एक्सेस करने के लिए अमरीका और एंथ्रॉपिक से बातचीत कर रही है.
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