Twitter is back. ट्विटर वापस आ गया है. नीली चिड़िया फिर नजर आने वाली है. अरे-अरे दिमाग की चिड़िया एलन मस्क वाले X की तरफ मत दौड़ाइए. मस्क फिर से एक्स का नाम बदलकर ट्विटर नहीं कर रहे. इस वाले ट्विटर का एक्स से कोई सरोकार नहीं है. लेकिन इसका ट्विटर के एक पूर्व कर्मचारी से जरूर लेना-देना है. वर्जीनिया के स्टार्टअप 'ऑपरेशन ब्लूबर्ड' (Operation Bluebird) के जरिए 'Twitter' नाम सोशल मीडिया पर लौट आया है. इस स्टार्टअप को ट्विटर के पूर्व जनरल काउंसेल स्टीफन कोट्स (Stephen Coates) चला रहे हैं और उन्होंने 'Twitter.now' नाम का एक नया प्लेटफ़ॉर्म लॉन्च किया है.
'Twitter' लौट आया, नीली चिड़िया का लोगो भी है, लेकिन...
वर्जीनिया के स्टार्टअप 'Operation Bluebird' का जारी 'Twitter' नाम सोशल मीडिया पर लौट आया है. इस स्टार्टअप को ट्विटर के पूर्व जनरल काउंसेल स्टीफन कोट्स चला रहे हैं और उन्होंने 'Twitter.now' नाम का एक नया प्लेटफ़ॉर्म लॉन्च किया है.

कुछ-कुछ ऐसा ही हुआ है. यह लॉन्च एलन मस्क की X Corp के साथ कानूनी विवाद के बाद हुआ है. X Corp ने ऑपरेशन ब्लूबर्ड पर डेलावेयर की फेडरल कोर्ट में केस किया था ताकि उसे ट्विटर से जुड़ी इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी का इस्तेमाल करने से रोका जा सके. 'Ars Technica' की रिपोर्ट के मुताबिक, यह विवाद ट्विटर नाम, "ट्वीट" शब्द और मशहूर नीली चिड़िया वाले लोगो को लेकर है.
ऑपरेशन ब्लू बर्ड का कहना है कि जब 2022 में मस्क ने ट्विटर को खरीदा और बाद में सर्विस को 'X' के तौर पर रीब्रांड किया, तो X Corp ने ट्रेडमार्क और उससे जुड़े इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी अधिकारों को छोड़ दिया था. Operation Bluebird ने साफ कहा कि X Corp द्वारा छोड़े जाने के बाद उन्होंने इस नाम को अपनाया है और अब twitter.now फिर से बना है. उनका कहना है, “हम X नहीं हैं और न ही हम X Corp से जुड़े हैं.” हालांकि अभी ये मामला कोर्ट में है.
Operation Bluebird के मुताबिक Twitter.now को पुराने Twitter जैसा ही बनाया गया है, जिसमें रिप्लाई और रीट्वीट जैसे जाने-पहचाने फीचर शामिल हैं. इस नई सर्विस में 'वेरा' (Vera) नाम से एक ऑटोमेटेड रियल-टाइम फैक्ट-चेकिंग सिस्टम भी है, जिसका मकसद अभिव्यक्ति की आजादी को बनाए रखते हुए गलत जानकारी के प्रसार को कम करना है. ऐसा कंपनी का दावा है. हाल-फिलहाल के लिए इसका एक्सेस सिर्फ कुछ लोगों के पास ही है. ट्रेडमार्क का लफड़ा निपटने के बाद इसे पब्लिक के लिए ओपन किया जाएगा.

अप्रैल 2022 में अरबपति कारोबारी ने पूरे 44 बिलियन डॉलर देकर, भारतीय मुद्रा में कहें तो तब के 3.36 लाख करोड़ रुपये में ट्विटर को खरीद लिया था. इसके कुछ महीनों बाद उन्होंने पूरे ट्विटर में छछंद मचाते हुए सीईओ पराग अग्रवाल समेत लगभग पूरी टीम को उड़ा दिया था. जुलाई 2023 में इसका नाम बदलकर एक्स रख दिया गया.
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