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IPL में 'इम्पैक्ट प्लेयर रूल' के खिलाफ क्यों हैं सुरेश रैना? बोले- 'इसने बैलेंस बिगाड़ दिया'

पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना ने IPL में लागू इम्पैक्ट प्लेयर रूल की आलोचना की है. उनका कहना है कि इस नियम से बैटर्स को ज्यादा एडवांटेज मिल रहा है. जबकि, बॉलर्स की मुश्किलें बढ़ गई हैं. IPL में इम्पैक्ट प्लेयर रूल 2023 में लागू किया गया था.

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सुरेश रैना ने IPL में इम्पैक्ट प्लेयर रूल की आलोचना की है. (फोटो- PTI)

टीम इंडिया (Team India) और चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के पूर्व बैटर सुरेश रैना ने IPL में इम्पैक्ट प्लेयर रूल की आलोचना की है. उनका कहना है कि इम्पैक्ट रूल से बॉलर्स की मुश्किलें बढ़ गई हैं. जबकि, बैटर्स को जरूरत से ज्यादा फायदा मिल रहा है. साल 2023 में IPL में ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ रूल लागू किया गया था. उनका मानना है कि इस नियम ने खेल का बैलेंस बिगाड़ दिया है. यह रूल बॉलर्स से ज्यादा बैटर्स के फेवर में है.

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सुरेश रैना ने क्या कहा?

इम्पैक्ट प्लेयर रूल के दोनों कप्तान टॉस के समय 5 एक्स्ट्रा प्लेयर्स के नाम देते हैं. इनमें से एक प्लेयर को मैच में खेलने का मौका मिलता है. सुरेश रैना का मानना है कि एक्स्ट्रा प्लेयर्स के ऑप्शन ने टीमों को बैटिंग में ज्यादा गहराई दी है. उन्होंने पूर्व क्रिकेट आकाश चोपड़ा के पॉडकास्ट में बात करते हुए कहा,

मैं इम्पैक्ट प्लेयर रूल के खिलाफ हूं. कई फिट प्लेयर बैटिंग करते हैं और फिर बैठ जाते हैं. इससे बॉलर्स के लिए कुछ नहीं बचता. गेंदबाजों के लिए यह बहुत मुश्किल है. यहां तक 300 रन भी बन रहे हैं. एक्स्ट्रा बैटर्स के चलते बॉलर्स पर प्रेशर रहेगा.

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पूर्व क्रिकेटर सुरेश रैना का मानना है कि एक्स्ट्रा बैटर का विकल्प मिलने से मैच का बैलेंस काफी हद तक बैटर्स के फेवर में हो गया है. टीमें मैच के अलग-अलग फेज में स्पेशलिस्ट बैटर और बॉलर को ग्राउंड पर उतार सकती हैं. इससे प्लेयर्स का बैटिंग और बॉलिंग दोनों में योगदान देना जरूरी नहीं रह गया है.

रैना ने आगे बताया कहा कि इस नियम से आने से बैटिंग का लेवल काफी बढ़ गया है. हाल के सीजन में कई टीमों ने 250 रनों का मार्क क्रॉस किया. जो स्कोर पहले चेज करने में मुश्किल होते थे. उसे अब आसानी से हासिल किया जा रहा है.

रैना ने किया BCCI के फैसले का समर्थन

बातचीत के दौरान रैना ने BCCI के एक फैसले का समर्थन किया. BCCI ओवरसीज T20 लीग में टीम इंडिया के मेंस एक्टिव प्लेयर्स को खेलने की इजाजत नहीं देता है. इसके अलावा BCCI उन अनकैप्ड मेंस प्लेयर्स को भी ओवरसीज लीग में खेलने की इजाजत नहीं देता, जो भारत में डोमेस्टिक क्रिकेट से लेकर IPL में खेलते हैं. सुरेश रैना बोर्ड के इस फैसले से सहमत हैं. उनके मुताबिक,

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मेरा मानना है कि अब इंडियन प्लेयर्स को ओवरसीज लीग में खेलने की इजाजत नहीं मिलनी चाहिए. हमारी लीग बहुत बड़ी हो गई है. जब हम पहले विदेशी दौरों पर जाते थे, तब मैं इसके बारे में पूछता था. एक बार मैं खुद ओवरसीज लीग में खेलने के करीब पहुंच गया था. लेकिन, तब BCCI ने मना कर दिया.

CSK के अहम प्लेयर रहे सुरेश रैना ने आगे बताया कि अब विदेश के बहुत सारे प्लेयर्स IPL में खेलने आते हैं. ओवरसीज T20 लीग्स का लेवल पहले जैसा नहीं रहा. इस समय हम दुनिया में अपना दबदबा बनाए हैं.

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सुरेश रैना का IPL करियर

सुरेश रैना IPL में 14 सीजन एक्टिव रहे. वह लीग में 2008 से लेकर 2021 तक खेले. IPL के दो सीजन को अगर छोड़ दें, तो रैना CSK के लिए खेले. सुरैश रैना IPL 2016 और 2017 में गुजरात लायंस के लिए खेले थे. उस समय CSK पर दो साल का बैन लगा था.

मिस्टर IPL के नाम से फेमस रहे सुरेश रैना ने इंडियन प्रीमियर लीग में 205 मैच खेले. इस दौरान उन्होंने एक सेंचुरी और 39 हाफ सेंचुरीज के जरिए 5528 रन स्कोर किए. IPL में उनका हाईएस्ट स्कोर 100 रन नॉट आउट रहा.

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