एशियन गेम्स 2026 में भारत के शॉटपुटर तजिंदरपाल सिंह तूर गोल्ड मेडल की हैट्रिक लगाने से चूक गए. पुरुषों के गोलाफेंक (Shot Put) इवेंट में उन्होंने सिल्वर मेडल जीता है. एशियन गेम्स के इतिहास में उन्होंने लगातार तीसरी बार मेडल अपने नाम किया. इससे पहले उन्होंने पिछले दो एशियन गेम्स में मेन्स शॉटपुट इवेंट में गोल्ड मेडल जीते थे. तूर के अलावा एथलेटिक्स में प्राची चौधरी ने भी मेडल जीता है. उन्होंने महिलाओं की 400 मीटर रेस में ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा किया.
एशियन गेम्स में गोल्ड की हैट्रिक से चूके तजिंदरपाल, प्राची चौधरी को मिली बड़ी कामयाबी
भारत ने 26 सितंबर को एथलेटिक्स में तीन मेडल जीते.सावन बरवाल ने पुरुषों की मैराथन में सिल्वर मेडल जीता. तजिंदरपाल सिंह तूर ने मेंस शॉट पुट इवेंट में रजत पदक दिलाया. जबकि, महिलाओं की 400 मीटर रेस में प्राची चौधरी ने कांस्य पदक हासिल किया.

दो बार एशियन गेम्स के डिफेंडिंग चैंपियन तजिंदरपाल सिंह तूर इस मुकाबले में अपना गोल्ड मेडल नहीं बचा सके. इस फाइनल मुकाबले में उन्होंने पहला थ्रो 20.6 मीटर का किया. दूसरे प्रयास में उन्होंने 20.26 मीटर की दूरी तय की. तजिंदरपाल ने तीसरे प्रयास में 19.77 मीटर का थ्रो किया. जबकि, चौथे अटैम्प्ट में उनका थ्रो 19.71 मीटर का रहा. इसके बाद पांचवें प्रयास में उन्होंने 20.64 मीटर की दूरी तय की. उनका छठा और लास्ट अटेम्प्ट फाउल रहा.
इस मुकाबले में तजिंदरपाल सिंह तूर ईरानी खिलाड़ी मोहम्मदरेजा तेयबीसे (Mohammadreza Tayebise) से आगे नहीं निकल पाए. तूर का बेस्ट थ्रो 20.64 मीटर रहा. वह दूसरे नंबर पर रहे. इसलिए उन्हें सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा.
फाइनल में ईरान के मोहम्मदरेजा का थ्रो सबसे तगड़ा रहा. उन्होंने 20.81 मीटर का बेस्ट थ्रो करके गोल्ड मेडल जीता. इस दौरान उन्होंने एशियन गेम्स में तूर का 20.75 मीटर का रिकॉर्ड भी ध्वस्त कर दिया. इस इवेंट का ब्रॉन्ज मेडल सऊदी अरब के मोहम्मद तोलू के नाम रहा. उन्होंने 20.48 मीटर का बेस्ट थ्रो करके ब्रॉन्ज मेडल जीता.
गोल्ड मेडल की हैट्रिक से चूके तूरतजिंदरपाल सिंह तूर इस दौरान एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल की हैट्रिक लगाने से चूक गए. तूर ने 2018 में जकार्ता में हुए एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था. इसके बाद 2023 में हांगझोऊ में हुए एशियन गेम्स में भी उन्होंने सोना हासिल किया. एशियन गेम्स 2026 में वह गोल्ड मेडल जीतने की स्ट्रीक बरकरार नहीं रख पाए. हालांकि, बड़ी बात यह है कि उन्होंने एशियन गेम्स में लगातार तीसरी बार पोडियम पर फिनिश किया.
सिल्वर मेडल से खुश नहीं हैं तूरएशियन गेम्स 2026 में तजिंदरपाल सिंह तूर सिल्वर मेडल जीतने से खुश नहीं हैं. उन्हें यकीन था कि वह 21 मीटर का मार्क टच करेंगे. उनका इरादा गोल्ड मेडल जीतने का था. मैच के बाद उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा,
प्राची ने जीता ब्रॉन्जमैं लगातार तीसरा गोल्ड मेडल जीतना चाहता था. मेरी बॉडी मेरा साथ दे रही थी. मैं अच्छी लय में था. मुझे भरोसा था कि छठे अटैम्प्ट तक मैं अपना बेस्ट प्रदर्शन कर सकता हूं. मेरा टारगेट 21 मीटर का आंकड़ा पार करने का था. इसलिए मैं निराश हूं. मैं अपने प्रदर्शन से संतुष्ट नहीं हूं.
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय धावक प्राची चौधरी ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया. उन्होंने महिलाओं की 400 मीटर रेस में कांस्य पदक जीता. प्राची ने 400 मीटर फाइनल में 53.21 सेकेंड का समय निकालकर तीसरा स्थान हासिल किया. इस इवेंट का गोल्ड मेडल बहरीन की सलाव ईद नासेर ने जीता. उन्होंने 49.20 सेकेंड के टाइम के साथ स्वर्ण पदक हासिल किया.
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सिल्वर मेडल ईरान के नाम रहा. ईरान की धावक (स्प्रिंटर) जहरा जरी मनोजन ने 52.38 सेकेंड का समय निकालकर रजत पदक हासिल किया. इस इवेंट में भारत की एक और धावक किरण ने भी पार्टिसिपेट किया लेकिन, वह 53.41 सेकेंड के साथ पांचवें नंबर पर रहीं.
कुल मिलाकर, भारत ने 26 सितंबर को एथलेटिक्स में तीन मेडल जीते. सावन बरवाल ने पुरुषों की मैराथन में सिल्वर मेडल जीता. तजिंदरपाल सिंह तूर ने मेंस शॉट पुट इवेंट में रजत पदक दिलाया. जबकि, महिलाओं की 400 मीटर रेस में प्राची चौधरी ने कांस्य पदक हासिल किया.
एशियन गेम्स 2026 में भारत अब तक 30 मेडल जीत चुका है. उसके खाते में 4 गोल्ड, 12 सिल्वर और 14 ब्रॉन्ज मेडल हैं. मेडल टैली में भारत 10वें नंबर पर है.
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