The Lallantop

'इनकी नागरिकता छीन लो', गाजा में IDF की 'दरिंदगी' दिखाने वाले इजरायली फिल्ममेकर्स को मिली धमकी

वेनिस फिल्म फेस्टिवल में जिस फिल्म पर लोगों ने लगातार 25 मिनट तक खड़े होकर तालियां बजाईं, उसे बनाने वाले इजरायली डायरेक्टरों की नागरिकता रद्द करने की मांग इजरायल के मंत्री ने की है.

Advertisement
post-main-image
अब्राहम और रेचल की नागरिकता छीनने की धमकी इजरायल के मंत्री ने दी है. (फोटो- India Today)

Quick AI HighlightsClick here to view more

  • वेनेस फिल्म फेस्टिवल में गाजा पर इजरायली हमलों पर बनी 80 मिनट की डॉक्यूमेंट्री फिल्म 'नाजा' दिखाई गई, जिसे दर्शकों ने 25 मिनट तक स्टैंडिंग ओवेशन दिया।
  • फिल्म में इजरायली सेना की बमबारी और टारगेटिंग सिस्टम के दावों को लेकर निर्माताओं युवाल अब्राहम और रेचल जोर की नागरिकता रद्द करने की मांग की गई।
  • इजरायल के संस्कृति मंत्री ने फिल्म से जुड़ी सामग्री की जांच के आदेश दिए हैं और 'नाजा' के निर्देशक दों की नागरिकता रद्द करने पर विचार कर रहे हैं।

वेनिस फिल्म फेस्टिवल में गाजा पर इजरायली हमलों को लेकर बनी एक फिल्म दिखाई गई. 80 मिनट की ये फिल्म खत्म होते ही दर्शक अपनी जगह पर खड़े हो गए और 25 मिनट तक लगातार तालियां बजाईं. फेस्टिवल में रिकॉर्ड समय तक स्टैंडिंग ओवेशन पाने वाली इस फिल्म का नाम था- ‘नाजा’. इजरायल के दो फिल्म डायरेक्टर युवाल अब्राहम और रेचल जोर ने ये फिल्म बनाई है. खबर है कि इजरायल के संस्कृति मंत्री ने दोनों ही डायरेक्टरों की इजरायली नागरिकता रद्द करने की मांग की है. उन्होंने कहा है कि वह ‘देश के साथ गद्दारी’ करने वाले दोनों डायरेक्टर्स की नागरिकता छीनने की कार्रवाई करेंगे. 

Advertisement
मंत्री ने क्या कहा?

बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, इजरायल के संस्कृति मंत्री मिक्की जोहर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि उन्होंने अफसरों से इसकी जांच करने को कहा है कि फिल्म के लिए कॉन्टेंट कैसे हासिल किया गया, इसके पीछे कौन लोग हैं और क्या युद्ध के समय में फिल्म की सामग्री जुटाने या उसे पब्लिक करने के दौरान दुश्मन देश की मदद की गई थी.

इजरायली मंत्री ने कहा कि फिल्म में जो भी दावे किए गए हैं, वो झूठे हैं और तोड़-मरोड़कर पेश किए गए हैं. इजरायली फौज के जवानों और इजरायल को जानबूझकर अपराधी दिखाया गया है. 

Advertisement

'नाजा' फिल्म बनाने वाले युवाल अब्राहम और रेचल जोर पर भी उन्होंने हमला बोला. उन्होंने देश के नागरिकता कानून का हवाला देते हुए मांग की कि दोनों डायरेक्टरों की नागरिकता रद्द होनी चाहिए क्योंकि देश के कानून में इजरायल से वफादारी तोड़ने पर यही सजा लिखी है. 

मिक्की जोहर ने अब्राहम और रेचल पर आरोप लगाया कि दुनिया भर के यहूदी विरोधियों की तालियां बटोरने के लिए वो अपने ही देश को नुकसान पहुंचाने को तैयार हैं. उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की आजादी देश के साथ गद्दारी करने का लाइसेंस नहीं है. जो भी युद्ध के दौरान इजरायल के खिलाफ काम करता है, उसे पता होना चाहिए कि उसे इसकी कीमत चुकानी होगी.

जोहर ने बताया कि उन्होंने ‘पॉपुलेशन एंड इमिग्रेशन अथॉरिटी’ और गृह मंत्रालय के महानिदेशकों को पत्र लिखा है. उनसे 'नाजा' फिल्म के इजरायली निर्देशकों की नागरिकता रद्द करने पर विचार करने को कहा है.

Advertisement

ये भी पढ़ेंः अमेरिका ने स्पेस में खतरनाक हथियार तान दिया, वजह एक 'लूपहोल' है

नेतन्याहू ने भी की आलोचना

जोहर से पहले इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी फिल्म की आलोचना की थी. उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर कहा,

ये चौंकाने वाला है. हम दुनिया भर में यहूदी विरोधी उकसावे के खिलाफ लड़ रहे हैं और जब यह हमारे ही बीच से आता है तो इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता.

उन्होंने आगे कहा कि दो इजरायली निर्देशक इजरायली सेना (IDF) को ‘वॉर क्रिमिनल’ के तौर पर पेश कर रहे हैं और वेनिस फिल्म फेस्टिवल में उन्हें तालियां मिल रही हैं. इस पूरे मामले में अब तक युवाल अब्राहम और रेचल जोर की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है.

क्या है फिल्म में?

जिस फिल्म पर इजरायल में बवाल मचा है, उसका नाम 'नाजा' है. 'नाजा' वो शब्द है, जिसे इजरायल की खुफिया एजेंसी के लोग एक खास अर्थ में यूज करती है. यह अक्सर उस कोलेटरल डैमेज के लिए इस्तेमाल किया जाता है, जो गाजा पर हमले के दौरान होता है. फिल्म के लिए युवाल अब्राहम और रेचल जोर ने इजरायल की सेना और खुफिया एजेंसियों से जुड़े 24 ‘व्हिसलब्लोअर्स’ से बात की थी. इन लोगों ने गाजा पर बमबारी के लिए इस्तेमाल होने वाले ‘AI वाले टारगेटिंग सिस्टम’ के बारे में जानकारी दी, जिससे गाजा के हजारों निर्दोष आम नागरिकों के मारे जाने का दावा है. 

तकरीबन 80 मिनट की इस डॉक्यूमेंट्री फिल्म में एक व्यक्ति ने दावा किया कि इजरायल की सेना को हमास के एक सदस्य को मारने के लिए 500 नागरिकों को मारने की मंजूरी दी गई थी. इस फिल्म ने ‘ऑस्कर’ भी जीता है और इस साल इसे वेनिस फिल्म फेस्टिवल में स्पेशल ज्यूरी प्राइज मिला है. इससे पहले फिल्म के प्रीमियर के दौरान इसे 25 मिनट तक स्टैंडिंग ओवेशन मिला, जो फेस्टिवल का नया रिकॉर्ड बताया जा रहा है.

वीडियो: हॉर्मुज़ संकट गहराया, ईरान-खाड़ी देशों की बैठक टली, सऊदी ने तेल पाइपलाइन क्यों बंद की?

Advertisement