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'सर' जैसी कमाल फिल्म के बाद एक्ट्रेस तिलोत्तमा शोम ने एक और कारनामा कर डाला

‘किस्सा’, ‘सर’ और ‘मॉनसून वेडिंग’ जैसी फिल्मों में नज़र आ चुकी एक्ट्रेस तिलोत्तमा शोम. उन्हें यूके एशियन फिल्म फेस्टिवल में ‘राहगीर’ फिल्म के लिए बेस्ट एक्टर का अवॉर्ड मिला है. 26 मई से 6 जून तक चले इस फेस्टिवल में ‘राहगीर’ फिल्म को दो अवॉर्ड मिले. बेस्ट एक्टर के साथ बेस्ट डायरेक्टर का अवॉर्ड गौतम घोष को दिया गया. इस बात को खुद तिलोत्तमा ने कंफर्म किया है. ट्विटर पर पोस्ट शेयर करते हुए उन्होंने लिखा,

”मैं खुद को खुशनसीब समझती हूं कि मैंने वंडरफुल डायरेक्टर गौतम घोष और को-स्टार आदिल हुसैन, नीरज काबी के साथ ‘राहगीर’ फिल्म में काम किया. थैंक्यू यूके फिल्म फेस्टिवल हमारी फिल्म को ये अवॉर्ड देने के लिए.”

‘राहगीर’ में तिलोत्तमा शोम के साथ आदिल हुसैन और नीरज काबी भी नज़र आए हैं. लोग लगातार इस अचीवमेंट के लिए पूरी टीम को बधाई दे रहे हैं. इससे पहले ‘राहगीर’ फिल्म को कई फिल्म फेस्टिवल्स में दिखाया जा चुका है. इसे बूसान फिल्म फेस्टिवल, मुंबई अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह, शंघाई इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल, सिनेमाशिया फिल्म फेस्टिवल नीदरलैंड, कोलकाता इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल और केरल के अंतराष्ट्रीय फिल्म समारोह में दिखाया जा चुका है . ये फिल्म बंगाली शॉट स्टोरी ‘बारिशे एक दिन’ पर आधारित है. जिसे लिखा है प्रफुल रॉय ने. फिल्म की शूटिंग रांची और झारखंड में की गई है.

क्या है कहानी?

‘राहगीर’ की कहानी दो ऐसे लोगों की है, जो दैनिक मज़दूरी करते हैं. एक महिला जिसके पति को लकवा मार जाता है. और एक आदमी जो बिल्कुल बेसहारा है. दोनों ही अपने गांव से निकलकर शहर की ओर काम ढूंढने जाते हैं. रास्ते में दोनों की एक-दूसरे से पहचान हो जाती है. मगर लगातार हो रही बारिश के कारण उनका ये सफर मुश्किल होता जाता है.

 

 

 

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बारिश के ही बीच एक मोटर गाड़ी कीचड़ में फंस जाती है. जिसका ड्राइवर (नीरज काबी) रास्ते में चल रहे उन दो राहगीरों से मदद मांगता है. उसकी मोटर गाड़ी पर दो बीमार बुज़ुर्ग दंपत्ति होते हैं. जिन्हें समय से अस्पताल ना पहुंचाया गया तो दोनों की जान तक जा सकती है. लेकिन अगर उन्होंने ड्राइवर की मदद करने में समय बिताया तो उन्हें शहर में काम नहीं मिलेगा. फिल्म में ये दिखाया गया है कि इस मतलबी दुनिया में अभी भी मानवीयता पनपती है.

नेशनल अवॉर्ड विनर हैं गौतम घोष

गौतम घोष अपनी अलग फिल्मों के लिए जाने जाते हैं. उन्हें उनकी बंगाली और हिंदी फिल्मों के लिए नेशनल अवॉर्ड मिल चुके हैं. गौतम घोष की लास्ट हिंदी रिलीज़ फिल्म थी साल 2007 में आई ‘यात्रा’. जिसमें नाना पाटेकर और रेखा नज़र आए थे. साल 2016 में उन्होंने एक बंगाली फीचर फिल्म भी बनाई थी. जिसका नाम है ‘शंखचिल’ (Shankhachil). इस फिल्म को भी खूब पसंद किया गया था. कहानी बांग्लादेशी कपल की थी, जो अपने बेटी के इलाज के लिए कलकत्ता आते हैं.


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