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इस गांव में किसने लगाए 'मुस्लिम व्यापारियों का गांव में प्रवेश निषेध है' वाले पोस्टर?

मध्य प्रदेश का इंदौर ज़िला. यहां के एक गांव में ‘इस्लामोफोबिक’ पोस्टर लगा दिया गया. इस पर विवाद हो गया. हालांकि पुलिस ने सूचना मिलते ही पोस्टर हटवाया और उन लोगों के ख़िलाफ़ मामला दर्ज किया है, जिन्हें ‘अज्ञात’ कहा जाता है.

मामला देदालपुर तहसील के पेमलपुर गांव का है. यहां जो विवादित पोस्टर लगाया गया, उसमे लिखा था,

मुस्लिम व्यापारियों का गांव में प्रवेश निषेध है.

पोस्टर में नीचे जोड़ा गया, ‘आज्ञा से- समस्त ग्रामवासी’

कहा जा रहा है कि पोस्टर शनिवार, 2 मई को लगाया गया. रविवार, 3 मई को पुलिस ने इसे हटाया और मामले की जांच शुरू कर दी. इस मामले पर डीआईजी (इंदौर) हरिनारायणचारी मिश्रा ने ‘दी लल्लनटॉप’ को बताया,

कुछ शरारती लोगों की हरकत थी. जैसे ही मामला संज्ञान में आया, पोस्टर तत्काल हटवा दिया गया. कुछ अज्ञात लोगों के ख़िलाफ़ मामला दर्ज हुआ है. हालांकि पोस्टर लगाने वालों के नाम नहीं पता चले हैं.

दिग्विजय ने शिवराज को घेरा

मामले पर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी आई. मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा,

क्या यह कृत्य प्रधानमंत्री मोदी जी की अपील के विरुद्ध नहीं है? क्या यह कृत्य हमारे क़ानून में दण्डनीय अपराध नहीं है? मेरे ये प्रश्न मुख्यमंत्री शिवराज चौहान व मप्र पुलिस से हैं. समाज में इस प्रकार का विभाजन-बिखराव देश हित में नहीं है.

इससे पहले एमपी में धार ज़िले के बोरूद गांव से भी ऐसा ही मामला सामने आया था, जिसमें मुस्लिमों को लेकर ऐसा पोस्टर लगा था. इसे भी पुलिस ने हटवाया और स्पष्ट किया ये पोस्टर लॉकडाउन से पहले 17 मार्च का था.

पीएम मोदी की अपील

दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी की अपील का ज़िक्र किया है. पिछले दिनों प्रधानमंत्री कार्यालय ने पीएम मोदी के हवाले से कहा,

कोरोना वायरस नस्ल, धर्म, रंग, जाति नहीं देखता है, संप्रदाय, भाषा और सीमाएं नहीं देखता है. इसलिए एकता और भाईचारा बनाए रखने की ज़रूरत है. इस लड़ाई में हम सब एकजुट हैं.

पीएम मोदी ने इसके बाद ट्वीट किया,

इस संकट की घड़ी में देशवासी लॉकडाउन का पालन कर रहे हैं. इसमें समाज के अनेक वर्गों की सकारात्मक भूमिका है. हम कल्पना करें कि हमारे ये छोटे-छोटे व्यापारी और दुकानदार खुद के जीवन का रिस्क न लेते और रोज़मर्रा की जरूरत का सामान न पहुंचाते तो क्या होता?


लॉकडाउन के बीच सीमेंट मिक्सर वाले ट्रक में मज़दूर छिपकर जा रहे थे

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