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कंधे पर लगी गेंद पर सचिन को LBW देने वाले अंपायर को 21 साल बाद भी गर्व क्यों है?

हाल ही में सिडनी टेस्ट को लेकर पूर्व अंपायर स्टीव बकनर ने अपनी गलती मानी थी. बकनर ने कहा था कि उस मैच में उनसे दो गलतियां हुईं, जिनकी वजह से भारत, ऑस्ट्रेलिया से टेस्ट मैच हार गया. लेकिन अब एक और अंपायर का बयान आया है. नाम है डेरल हार्पर. हार्पर ने कहा है कि उन्हें 1999 में सचिन के खिलाफ ‘शोल्डर बिफोर विकेट’ दिए अपने फैसलें पर गर्व है. साथ ही धोनी की नाराज़गी से भी उन्हें खास फर्क नहीं पड़ता.

साल 1999 में भारत, ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर था. तभी एडिलेड ओवल में टेस्ट की दूसरी पारी में ग्लेन मैक्ग्रा की गेंद पर सचिन को ज़ीरो के स्कोर पर एलबीडब्ल्यू आउट दिया गया. टीम इंडिया उस मुकाबले को हार गई. इसके बाद हार्पर के इस फैसले पर खेल जानकारों, पत्रकारों समेत कई फैंस ने सवाल उठाए थे.

डेरल हार्पर ने हाल में ही ‘एशियानेट न्यूज़ेबल’ से बात की. इसमें उन्होंने भारत के साथ हुई दो घटनाओं का ज़िक्र किया. हार्पर ने कहा,

”मैं तेंडुलकर के उस फैसलें को हर दिन देखता हूं. ऐसा नहीं है कि मैं ठीक से सो नहीं पाता था, मुझे बुरे सपने आते थे या फिर मेरे दिमाग में रीप्ले चल रहा था. जब मैं अपने गैराज से बाहर निकलता, तो मेरे सामने सचिन और मैक्ग्रा की एक पेंटिंग थी.”

उन्होंने आगे कहा,

”हो सकता है आपको इस बाते से निराशा हो, क्योंकि मैं आज भी उस फैसले पर गर्व महसूस करता हूं. मैंने अपने सामने घटना को देखा और बिना किस डर या प्रभाव के खेल के नियमों के हिसाब से फैसला सुना दिया.”

जब हार्पर के फैसले से गुस्सा गए धोनी

1999 के फैसले के अलावा उन्होंने 2011 की वेस्टइंडीज़ सीरीज़ पर भी बात की. उन्होंने बताया कि किस तरह से प्रवीण कुमार को गेंदबाज़ी से रोकने पर धोनी को गुस्सा आ गया था. 2011 में भारतीय टीम वेस्टइंडीज़ दौरे पर गई. वेस्टइंडीज़ दौरे पर जमैका टेस्ट में प्रवीण कुमार डेब्यू कर रहे थे. लेकिन उस टेस्ट में हार्पर ने प्रवीन को गेंदबाज़ी करने से इसलिए रोक दिया, क्योंकि वो बार-बार पिच के प्रतिबंधित एरिया में दौड़ रहे थे.

हार्पर के ऐसा करने पर बाद में धोनी ने पोस्ट मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा भी था,

”आपको हमारे साथ पहले से समस्याएं हैं डेरल.”

हार्पर ने इस घटना पर कहा कि

”मैं धोनी का बयान सुनकर मन ही मन में हंसता रहा, क्योंकि मेरी बात की मुझे सम्मानजनक प्रतिक्रिया नहीं मिली थी.”

Dhoni Harper
एमएस धोनी के साथ डेरल हार्पर.

हार्पर ने आगे बताया कि

”धोनी ने मुझसे कहा था कि नए क्रिकेटर प्रवीण कुमार पर मुझे इतना सख्त एक्शन नहीं लेना चाहिए था और थोड़ी नरमी दिखानी चाहिए थी.”

हार्पर ने उस घटना को याद करते हुए कहा,

”भारत के टेस्ट जीतने के बाद धोनी ने मीडिया से कहा था कि अगर अंपायर सही फैसले लेते, तो हमारी टीम जल्दी ही होटल लौट जाती.’

धोनी के इस बयान पर हार्पर ने कहा,

”ये सही है…वो लोग जल्दी होटल लौट जाते, अगर भारतीय फील्डर अपनी कैच पकड़ पाते तो.”

हालांकि उन्होंने ये भी माना कि उन्होंने उस मैच के दौरान दो गलत फैसले दिए.

लेकिन इस विवादास्पद टेस्ट के बाद हार्पर ने अंपना कॉन्ट्रेक्ट खत्म होने से दो हफ्ते पहले ही संन्यास का ऐलान कर दिया. हालांकि बाद में उन्होंने आईसीसी पर सवाल भी उठाए कि उन्होंने धोनी को कमेंट के लिए सज़ा नहीं दी. साथ ही उन्होंने ये भी आरोप लगाया था कि उस सीरीज़ में भारतीय टीम ने उन्हें लगातार निशाने पर लिया.


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