The Lallantop

8 साल बाद भी नहीं भूले 'सैंडपेपरगेट विवाद'! साउथ अफ्रीकी सुपरमार्केट ने उड़ाया कंगारुओं का मजाक

Aus vs SA Test Series : वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनश‍िप के दोनों फाइ‍नलिस्ट एक बार फिर टेस्ट में आमने-सामने हैं. 9 अक्टूबर को डरबन के किंग्समीड में पहला टेस्ट मैच शुरू हो गया है. इसी बीच एक साउथ अफ्रीकी सुपरमार्केट ने सैंडपेपरगेट कांड की यादें ताजा कर दी हैं.

Advertisement
post-main-image
साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच किंग्समीड स्टेडियम में पहला टेस्ट मैच शुरू हो गया है. (Courtesy : AFP)

Quick AI HighlightsClick here to view more

  • साउथ अफ्रीका के 'पिक एन पे हाइपरमार्केट' ने ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट टीम की टेस्ट श्रृंखला से पहले 31 अक्टूबर तक अपने स्टोर से सैंडपेपर को हटाने का फैसला किया है।
  • 2018 के सैंडपेपरगेट विवाद में ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों पर गेंद टैंपरिंग के कारण बैन लगाया गया था, जिससे क्रिकेट में बड़ा विवाद पैदा हुआ था।
  • इस कदम से 2018 के विवाद को याद किया जा रहा है और इससे पूर्व घटना के प्रति दर्शकों की जागरूकता बनी रहेगी जबकि श्रृंखला खेल के प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित करेगी।

साउथ अफ्रीका के एक सुपरमार्केट ने ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट टीम के मजे ले लिए हैं. वो भी पहले टेस्ट मैच से ठीक पहले. सुपरमार्केट ने ऐलान कर दिया है कि 31 अक्टूबर तक उनके स्टोर में कोई सैंडपेपर नहीं मिलेगा.

Advertisement

2018 का वो सैंडपेपरगेट कांड तो आपको याद ही होगा? 8 साल बाद ऑस्ट्रेलियाई टीम टेस्ट सीरीज खेलने साउथ अफ्रीका लौटी है. ऐसे में मेहमान टीम के स्वागत के लिए 'पिक एन पे हाइपरमार्केट' नाम के सुपरमार्केट ने एक अनोखा तरीका खोजा है. 2018 के उस दाग को कुरेदते हुए उन्होंने अपने स्टोर्स से सैंडपेपर ही हटा दिए हैं.

ऑस्ट्रेलियन टीम 3 टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए साउथ अफ्रीका में है. पहला मैच 9 अक्टूबर को डरबन के किंग्समीड मैदान पर शुरू हो गया है. उस ऐतिहासिक विवाद के बाद यह ऑस्ट्रेलिया का पहला टेस्ट दौरा है. ये वो विवाद है, जिसने ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट की जड़ें हिला दी थीं. तीन बड़े प्लेयर्स पर लंबा बैन तक लगा था.

Advertisement
sandpaper
पिक एंड पे ने ऑस्ट्रेलियन टीम का उड़ाया मजाक. (Courtesy : X)
क्या था वो सैंडपेपरगेट कांड?

बात मार्च 2018 की है. केप टाउन के न्यूलैंड्स में ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच तीसरा टेस्ट मैच चल रहा था. सीरीज में कांटे की टक्कर थी. इसी बीच टीवी कैमरों ने ऑस्ट्रेलियन ओपनर कैमरन बैनक्रॉफ्ट को सैंडपेपर के टुकड़े से बॉल-टैम्परिंग करते हुए पकड़ लिया.

फुटेज में साफ दिखा कि बैनक्रॉफ्ट गेंद पर कुछ रगड़ रहे हैं और फिर उसे छिपाने की कोशिश कर रहे हैं. इसके बाद तो जैसे भूचाल आ गया. क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (CA) ने जांच बिठाई और देखते ही देखते यह एक नेशनल शेम का विषय बन गया.

बाद में तत्कालीन कप्तान स्टीव स्मिथ ने कुबूल किया कि टीम के लीडरशिप ग्रुप को इस बॉल-टैम्परिंग की पूरी भनक थी. मास्टरमाइंड निकले उप-कप्तान डेविड वॉर्नर, जिन्होंने ये पूरी प्लानिंग की और बैनक्रॉफ्ट से इसे अंजाम देने को कहा. 

Advertisement

ये भी पढ़ें :   गंभीर के कारण टीम इंडिया कंसिस्टेंट नहीं? ऑस्ट्रेलियन दिग्गज का बड़ा दावा

सजा के तौर पर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने स्मिथ और वॉर्नर पर 12-12 महीने का बैन ठोका, जबकि बैनक्रॉफ्ट पर 9 महीने की पाबंदी लगी. स्मिथ और वॉर्नर से कप्तानी-उपकप्तानी भी छिन गई. हालांकि, वॉर्नर पर लगा लीडरशिप बैन बाद में 2024 में जाकर हटा.

बात सिर्फ खिलाड़ियों तक नहीं रुकी. बवाल इतना बढ़ा कि कोच डैरेन लेहमैन को भी सीरीज के बाद इस्तीफा देना पड़ा. इस कांड ने ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के विनिंग कल्चर पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए. इस विवाद को 'सैंडपेपरगेट' के नाम से जाना गया.

गरमा-गरमी से भरी रही है ये राइवलरी

2018 की उस सीरीज में बॉल-टैम्परिंग कांड से पहले भी मैदान पर खूब बवाल कटा था. दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच जमकर तू-तू मैं-मैं हुई थी. वर्चस्व की इस लड़ाई में माहौल काफी गर्म था. आखिर में साउथ अफ्रीका ने वो चार मैचों की सीरीज 3-1 से जीती, लेकिन क्रिकेट से ज्यादा चर्चा ऑस्ट्रेलिया की इस शर्मनाक हरकत की ही हुई.

अब 8 साल बाद हालात बदल चुके हैं. पैट कमिंस ऑस्ट्रेलिया के कप्तान हैं. स्मिथ और वॉर्नर अब उस लीडरशिप रोल में नहीं हैं. वॉर्नर तो इंटरनेशनल क्रिकेट को अलविदा भी कह चुके हैं.

लेकिन, अब जब भी ये दोनों टीमें टेस्ट में भ‍िड़ती हैं. केप टाउन के उस कांड की यादें ताजा हो ही जाती हैं. 'पिक एन पे हाइपरमार्केट' का ये सैंडपेपर वाला तंज इसी बात का सबूत है कि लोग उस वाकये को भूले नहीं हैं.

ऑस्ट्रेलिया को फोकस जीत पर होगा

ऑस्ट्रेलियन टीम चाहेगी कि इस तीन मैचों की सीरीज को 2018 के दाग के बजाय उनके शानदार खेल के लिए याद रखा जाए. कमिंस की अगुवाई में टीम काफी अनुभवी है. हालांकि, टेस्ट की टॉप टीमों में बने रहने के लिए उन्हें कई सवालों के जवाब देने होंगे.

दूसरी ओर, साउथ अफ्रीका अपने घर में खेलने का पूरा फायदा उठाना चाहेगा. मौजूदा वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप विजेता टीम ने सबसे लंबे फॉर्मेट में खुद को एक मजबूत टीम साबित किया है. ये सीरीज उनके लिए भी आसान नहीं होने वाली है.

मैदान पर दांव बहुत बड़ा है. लेकिन सीरीज शुरू होने से पहले ही ये साफ हो गया है कि अतीत के पन्ने इतनी आसानी से पलटे नहीं जाते. 'पिक एन पे' के लिए भले ही ये एक मज़ाक हो. लेकिन ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट के लिए ये उस विवाद की याद है, जो लोगों के जेहन से मिटने का नाम नहीं ले रहा है. 31 अक्टूबर तक भले ही दुकानों में सैंडपेपर न मिले. लेकिन लगता है कि इससे जुड़े मजाक अभी खूब चलने वाले हैं.

वीडियो: ऑस्ट्रेलिया-इंग्लैंड की एशेज सीरीज में स्टीव स्मिथ और जोफ्रा आर्चर के बीच क्या पंगा हुआ?

Advertisement