हरियाणा की साक्षी चौधरी ने कॉमनवेल्थ गेम्स में बॉक्सिंग में गोल्ड मेडल जीता. साक्षी ने 51 किलोग्राम वर्ग कैटेगरी में देश के लिए यह मेडल जीता है. उन्होंने अपनी इस जीत का क्रेडिट जिन लोगों को दिया उनमें भारतीय क्रिकेटर विराट कोहली भी शामिल हैं. साक्षी की जीत का यह ‘विराट कनेक्शन’ आपको बताते हैं.
साक्षी चौधरी के गोल्ड मेडल जीतने में विराट कोहली का बड़ा हाथ, चैंपियन एथलीट ने खुद बताया
साक्षी के लिए बॉक्सिंग के लिहाज से विजेंदर सिंह ही उनकी सबसे बड़ी प्रेरणा रहे हैं. उन्हें देखकर ही साक्षी ने बॉक्सर बनने का सपना देखा था. लेकिन करियर में ऊंची उड़ान भरने में उन्हें विराट कोहली से काफी मदद मिली.

साक्षी के लिए बॉक्सिंग के लिहाज से विजेंदर सिंह ही उनकी सबसे बड़ी प्रेरणा रहे हैं. उन्हें देखकर ही साक्षी ने बॉक्सर बनने का सपना देखा था. लेकिन करियर में ऊंची उड़ान भरने में उन्हें विराट कोहली से काफी मदद मिली. साक्षी मलिक ने मीडिया को दिए इंटरव्यू में बताया कि कोहली उनके स्पॉन्सर रहे हैं. उन्हें विराट कोहली की फाउंडेशन की तरफ से आर्थिक मदद मिली. इसके लिए वह उनकी शुक्रगुजार हैं.
साक्षी ने बताया कि कोहली ने उन्हें एक सीधा और सादा सुझाव दिया जिससे उन्हें बहुत मदद मिली. गोल्ड मेडलिस्ट एथलीट ने के मुताबिक कोहली ने उनसे कहा कि किसी भी चीज का दबाव नहीं लेना है. रिंग के अंदर केवल खेल पर फोकस करना हैं और खुद को हमेशा शांत रखना है. साक्षी ने विराट के सुझावों पर काम किया. उन्होंने कोहली को इसके लिए धन्यवाद कहा.
साक्षी के लिए यह कॉमनवेल्थ गेम्स काफी अहम रहे थे. वह चोट के चलते साल 2022 में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स और 2023 में हुए एशियन गेम्स में नहीं खेल पाई थीं. इस साल उन्होंने कोच की सलाह पर वेट कैटेगरी बदलने का फैसला किया. वह 54 किलोग्राम वर्ग से 51 किलोग्राम वर्ग में खेलने लगीं. यह फैसला आसान नहीं था. इस कैटेगरी में पूर्व वर्ल्ड चैंपियन निकहत जरीन से उनकी सीधी टक्कर थी. क्वालिफायर्स में भी दोनों का सामना हुआ और साक्षी ने जीत हासिल की.
यह भी पढ़ें- केएल राहुल प्रैक्टिस मैच में कप्तान! शुभमन गिल क्यों नहीं खेल रहे?
भारतीय बॉक्सर्स का शानदार प्रदर्शनभारतीय बॉक्सर्स ने इन खेलों में कमाल का प्रदर्शन किया. महिला वर्ग में भारत के नाम पांच गोल्ड मेडल रहे. पुरुषों में भी दो गोल्ड भारत के खाते में आए. मौजूदा विश्व चैम्पियन जैसमीन लंबोरिया (57 किलो), प्रीति पवार (54 किलो), साक्षी चौधरी (51 किलो), अरूंधति चौधरी (70 किलो) और प्रिया घंघास (60 किलो) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने वजन वर्गों में गोल्ड पदक जीते. ओलंपिक पदक विजेता लवलीना बोरगोहेन (75 किलो) को सिल्वर पदक से संतोष करना पड़ा.
वहीं पुरुष वर्ग में सचिन सिवाच (60 किलो) और अंकुश (70 किलो) ने गोल्ड मेडल जीते जबकि 55 किग्रा वर्ग में जादूमणि सिंह और 90 प्लस किलो स्पर्धा में नरेंदर बेरवाल ने सिल्वर पदक जीता.
वीडियो: इंग्लैंड के खिलाफ रोहित शर्मा खेलेंगे वनडे करियर का आखिरी मैच?













