कुछ एक साल पहले बैंगलोर में पेस अकेडमी में एक लड़का डरता हुआ ऑस्ट्रेलियन बॉलर ग्लेन मैक्ग्रा के पास पहुंचा. उसने पूछा, "क्या मैं कभी टेस्ट बॉलर बन पाउंगा?" ग्लेन मैक्ग्रा ने उसे बताया कि वो अच्छा बॉलर है और अपने ऊपर काम करे. उन्हें यकीन था कि वो ज़रूर ही टेस्ट बॉलर बन सकेगा. 5 जनवरी, 2018. इंडिया का विदेशी दौरा शुरू हुआ और पहला टेस्ट मैच शुरू हुआ. केप टाउन में. मैच शुरू होने से पहले टॉस हुआ और मालूम पड़ा कि जसप्रीत बुमराह अपना पहला टेस्ट मैच खेलने जा रहे थे. जसप्रीत ने ग्लेन मैक्ग्रा के दावे को सही ही साबित कर दिया था. आईपीएल से आने वाला जसप्रीत टेस्ट बॉलर बन चुका था. बुमराह ने 10 ओवर फेंक लिए थे. 36 रन दिए थे. अगली पांच गेंदों में 3 रन और ओवर की आख़िरी गेंद पर डिविलियर्स के किले में सेंध मार दी. डिविलियर्स के पीछे लगे विकेट्स में कड़ाक की आवाज़ आई और गिल्लियां हवा में उछल गईं. जसप्रीत बुमराह ने अपना पहला टेस्ट विकेट ले लिया था. एबी डिविलियर्स ने डु प्लेसी के साथ मिलकर साउथ अफ़्रीका को संभाला था. 114 रन की पार्टनरशिप. लेकिन बुमराह ने सब ध्वस्त किया.
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