3 जून 2023. पेरिस का सुजैन लेंगलेन कोर्ट. फ्रेंच ओपन के तीसरे राउंड का सिंगल्स मुकाबला. 16 साल की एक रूसी प्लेयर अपना गुस्सा कंट्रोल नहीं कर पा रही थीं. वजह सिर्फ इतनी थी कि उनकी विपक्षी प्लेयर ने पहले सेट में सर्विस ब्रेक कर दी थी.
फ्रेंच ओपन 2026: 19 साल की मिरा आंद्रेवा कैसे बनीं क्ले कोर्ट चैंपियन?
French Open 2026 : रूस की 19 साल की Mirra Andreeva ने विमेंस सिंगल्स का फाइनल जीत लिया. फाइनल मुकाबले में उन्होंने पोलैंड की क्वालिफायर Maja Chwalinska को सीधे सेटों में 6-3, 6-2 से मात दी.


विपक्षी प्लेयर कोई और नहीं फ्रेंच ओपन 2025 की विनर कोको गॉफ थीं. वहीं, वो 16 साल की रूसी प्लेयर थीं मिरा आंद्रेवा. मिरा का गुस्सा उन्हीें का दुश्मन बन गया. गुस्से में उन्होंने गेंद दर्शक दीर्घा में फेंक दी. रेफरी ने उन्हें वॉर्निंग देकर छोड़ दिय. लेकिन, उनका कंसन्ट्रेशन जरूर भंग हो गया. नतीजा, अगले 14 गेम्स में वो सिर्फ दो जीत सकीं. गॉफ वो मुकाबला आसानी से जीत गईं.
कट-टू 6 जून 2026. फिलिप चैटरियर कोर्ट. विमेंस सिंगल्स का फाइनल. इस बार 19 साल की मिरा आंद्रेवा के सामने थीं पोलिश क्वालिफायर माया ख्वालिंस्का. लेकिन, ये मिरा काफी मैच्यॉर दिखी. ये उसके करियर के सबसे महत्वपूर्ण मैच में भी नज़र आया.
मिरा ने सीधे सेटों में फाइनल मुकाबला जीत लिया. इसी के साथ पोलिश क्वालिफायर माया का ड्रीम रन खत्म हो गया. मिरा ने ये मुकाबला 6-3, 6-2 से जीता. 1992 में फ्रेंच ओपन जीतने वाली मोनिका सील्स के बाद मिरा अब दूसरी सबसे यंगेस्ट रोलां गैरो चैंपियन हैं. मोनिका ने 18 साल की उम्र में ये खिताब जीता था.
फ्रेंच ओपन की ये जीत जितनी खास मिरा के लिए है. उतनी ही उनकी कोच कोंशिटा मार्टिनेज के लिए भी है. 26 साल पहले वो भी इसी कोर्ट पर खड़ी थीं. लेकिन, फाइनल नहीं जीत सकी थीं. अब उनकी शागिर्द ने ये कारनामा कर दिखाया.
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मिरा अंतिम पॉइंट जीतने के बाद जब कोर्ट में बैठ गईं. मार्टिनेज खुशी में दोनों बाहें फैलाए अपनी सीट पर कूद पड़ीं. उनकी आंखों में ये खुशी साफ नज़र आ रही थी कि जो काम 26 साल पहले वो नहीं कर सकी थीं. अब उनकी शिष्या ने कर दिखाया है.
मिरा ने कैसे मनाया जीत का जश्नमिरा ने भी इस जीत का जश्न मनाने का अलग ही अंदाज चुना. मैच के बाद वो एक ब्लैक जैकेट पहनकर बाहर आईं. इस पर सुनहरे अक्षरों में अंकित था. ‘मैं खुद को शुक्रिया अदा करना चाहती हूं-मिरा’. ये संदेश उन्होंने खुद के लिए ही लिखा था. क्योंकि वो ये बात जानती हैं कि अगर वो अपना आपा नहीं खोतीं तो शायद एक-दो साल पहले ही ये कारनामा कर जातीं.
2023 में जब 16 साल की मिरा को लोगों ने खेलते देखा. कइयों ने ये ऐलान कर दिया कि फ्यूचर स्टार आ गई है. ये टेनिस इतिहास को स्वर्णिम अक्षरों से लिखेगी. लेकिन, उन्हें पहला ग्रैंडस्लैम जीतने में 3 साल लग गए.
लेकिन, कहते हैं देर आए, दुरुस्त आए. अब ये देखने लायक होगा कि 25 दिन बाद लाल बजरी से जब ये चैंपियन हरे घास पर उतरती है तो कैसे इस जीत को पीछे छोड़ आगे बढ़ पाती है. उम्मीदें पहले भी बहुत थीं. अब भी बहुत होंगी. लेकिन, ये जीत उनमें कितना आत्मविश्वास संचार करता है वही उनका भविष्य भी तय करेगा.
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