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CWG 2026 में भारतीय बॉक्सर्स का धमाल, 4 मेडल्स पक्के

कॉमनवेल्थ गेम्स के बॉक्सिंग में सेमीफाइनल में पहुंचते ही मेडल पक्का हो जाता है. यहां कोई ब्रॉन्ज मेडल मैच नहीं होता है. भारत के चार खिलाड़ी सेमीफाइनल में पहुंच चुके हैं.

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बॉक्सिंग में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन. (Photo-PTI)

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  • कॉमनवेल्थ गेम्स में तीन भारतीय बॉक्सर्स प्रीति पवार, प्रिया घंघास और जादुमणि सिंह ने अपने क्वार्टर फाइनल मैच जीतकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया, जिससे भारत के लिए बॉक्सिंग में मेडल पक्के हो गए।
  • कॉमनवेल्थ गेम्स के नियम के अनुसार, बॉक्सिंग में सेमीफाइनल में पहुंचने वाले दोनों खिलाड़ियों को ब्रॉन्ज मेडल दिया जाता है, जिससे क्वार्टर फाइनल जीतना मेडल सुनिश्चित करता है।
  • भारत के चार बॉक्सर्स के मेडल पक्के होने के बाद अब सेमीफाइनल मुकाबलों में उनका पदक का रंग तय होगा, जिसमें लवलीना बोरगोहाई भी शामिल हैं जो अपना अभियान शुरू करेंगी।

कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय वेटलिफ्टर्स ने अब तक सबसे ज्यादा सात मेडल जीते हैं. अच्छी खबर यह है कि भारतीय बॉक्सर्स भी कमाल का प्रदर्शन कर रहे हैं. अब तक बॉक्सिंग के खाते में कोई मेडल नहीं है, लेकिन मेडल पक्के जरूर हो गए हैं. 28 जुलाई की देर रात भारत के तीन बॉक्सर्स ने अपने-अपने क्वार्टर फाइनल मैच जीते और देश के लिए मेडल पक्के किए. इसमें प्रीति पवार, प्रिया घंघास और जादुमणि सिंह का नाम शामिल है.

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क्या है ब्रॉन्ज मेडल का नियम?

कॉमनवेल्थ गेम्स के बॉक्सिंग में सेमीफाइनल में पहुंचते ही मेडल पक्का हो जाता है. यहां कोई ब्रॉन्ज मेडल मैच नहीं होता है. सेमीफाइनल हारने वाले दोनों खिलाड़ियों को ब्रॉन्ज दिया जाता है. कॉमनवेल्थ गेम्स की शुरुआत से पहले ही भारत का बॉक्सिंग में मेडल पक्का हो गया था. लवलीना बोरगोहाई सेमीफाइनल से अपना अभियान शुरू करेंगी, जिससे उनका भी पदक पहले से ही पक्का हो गया. यानी कुल मिलाकर भारत के अब चार मेडल पक्के हैं, लेकिन उनका रंग क्या होगा, यह तय नहीं.

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सबसे पहले बात करते हैं जादुमणि की. क्वार्टर फाइनल में उनका मुकाबला जाम्बिया के म्वेंगो म्वाले से था. उन्होंने यह मैच 5-0 से जीता. जादुमणि ने पूरे मुकाबले में एकतरफा दबदबा बनाए रखा. महिलाओं के 54 केजी में प्रीति पवार का सामना नॉर्दन आयरलैंड की निकोल क्लाइड से था. 22 साल की इस खिलाड़ी ने 5-0 से इसे अपने नाम किया. हाइट का डिसएडवांटेज होने के बावजूद प्रीति ने तेज गति, सटीक पंच और बेहतरीन रिंग रणनीति का प्रदर्शन किया.

प्रिया घंघास ने 4-1 से जीता मैच

महिलाओं के 60 केजी में मौजूदा एशियन चैंपियन प्रिया घंघास ने भी मेडल पक्का किया. प्रिया ने स्कॉटलैंड की घरेलू खिलाड़ी के खिलाफ नियाम मिशेल को 4-1 से हरा दिया. प्रिया ने पहले राउंड में पिछड़ने के बाद शानदार वापसी की. मिशेल ने पहला राउंड  4-1 से अपने नाम किया था. इसके बाद, प्रिया ने अग्रेसिव खेल दिखाया और सटीक पंच लगाए. दूसरा राउंड 4-1 से जीता. वहीं, आखिरी  राउंड में प्रिया ने बहुत संभलकर खेला और सही कॉम्बिनेशन के साथ पंच किए. तीसरा राउंड भी उनके नाम रहा.

हालांकि, पूर्व एशियन चैंपियन और वर्ल्ड चैंपियनशिप मेडलिस्ट परवीन हुड्डा को हार का सामना करना पड़ा. महिलाओं के 65 किलोग्राम के क्वार्टर फाइनल में हार का सामना करना पड़ा. परवीन को इंग्लैंड की साशा हिकी के खिलाफ बेहद करीबी मुकाबले में 2-3 फैसले से शिकस्त मिली. प्रिया शुरुआती दो राउंड पिछड़ गई थी. आखिरी राउंड में जोरदार वापसी की लीड को कम नहीं कर सकीं. 

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