The Lallantop

Newsclick मामले में गिरफ्तार पत्रकारों को 7 दिन की पुलिस रिमांड, आगे क्या होगा?

Newsclick मामले में प्रबीर पुरकायस्थ और अमित चक्रवर्ती को 7 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है. उन्हें UAPA के तहत 3 अक्टूबर की शाम गिरफ्तार किया गया था. इससे पहले दिनभर न्यूज़क्लिक के 40 से ज़्यादा पत्रकारों से पूछताछ और उनके घरों पर छापेमारी हुई.

Advertisement
post-main-image
Newsclick पर चीनी प्रोपेगैंडा फैलाने के लिए अमेरिकी अरबपति नेविल रॉय सिंघम से फंड लेने का आरोप है. (फोटो क्रेडिट - इंडिया टुडे)

न्यूज़क्लिक (Newsclick) मामले में प्रबीर पुरकायस्थ (Prabir Purkayastha) और अमित चक्रवर्ती को 7 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया है. उन्हें UAPA के तहत 3 अक्टूबर को गिरफ्तार किया गया था. अगले दिन 4 अक्टूबर की सुबह उन्हें जज के सामने पेश किया गया.

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

ये भी पढ़ें- न्यूजक्लिक के एडिटर और HR हेड UAPA के तहत गिरफ्तार

Advertisement

प्रबीर पुरकायस्थ न्यूज़क्लिक के संस्थापक और प्रधान संपादक है. वहीं, अमित चक्रवर्ती इसके ह्यूमन रिसोर्स प्रमुख हैं. दिल्ली पुलिस ने 3 अक्टूबर की सुबह इन दोनों के साथ न्यूज़क्लिक के 40 से ज़्यादा पत्रकारों के घर छापेमारी की. ये पत्रकार किसी ने किसी तरह से न्यूजक्लिक के साथ जुड़े रहे हैं. 

पत्रकारों के मोबाइल-लैपटॉप जब्त

दिल्ली पुलिस ने बताया कि इस मामले में कुल 37 पुरुष और 9 महिला संदिग्धों से पूछताछ की गई. साथ ही उनके लैपटॉप, मोबाइल, दस्तावेज वगैरह जब्त कर लिए गए. न्यूज़क्लिक पर चीन के प्रौपेगैंडा का प्रचार-प्रसार करने के लिए एक अमेरिकी अरबपति से पैसे लेने का आरोप है. छापेमारी के बाद दिल्ली पुलिस ने न्यूज़क्लिक के दफ्तर को भी सील कर दिया है.

Advertisement

ये भी पढ़ें- अभिसार शर्मा सहित Newsclick से जुड़े रहे पत्रकारों पर दिल्ली पुलिस की रेड

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वरिष्ण पत्रकार परंजॉय गुहा ठाकुरता, अभिसार शर्मा, भाषा सिंह, उर्मिलेश, प्रबीर पुरकायस्थ, अभिसार शर्मा, औनिंद्यो चक्रवर्ती और इतिहासकार सोहेल हाशमी से करीब 6 घंटे तक पूछताछ की गई. पूछताछ के बाद इन्हें छोड़ दिया गया.

इससे पहले, अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स ने 5 अगस्त को एक रिपोर्ट में बताया था कि न्यूज़क्लिक को अमेरिकी अरबपति नेविल रॉय सिंघम ने फाइनेंस किया था. नेविल चीनी प्रोपेगैंडा को बढ़ावा देने के लिए दुनियाभर की संस्थाओं को फंड करते हैं. इसके बाद 17 अगस्त को UAPA और IPC की कई धाराओं के तहत न्यूज़क्लिक के खिलाफ केस दर्ज़ हुआ था. न्यूजक्लिक और नेविल, दोनों इन आरोपों से इनकार कर चुके हैं. 

ये भी पढ़ें- दिल्ली पुलिस ने जिन पत्रकारों के घर रेड मारी उनके बारे में कितना जानते हैं आप?

वीडियो: दिल्ली पुलिस ने पहलवानों पर FIR कर दी, 'दंगा करने' के साथ और कौन सी धाराएं लगाईं?

Advertisement