मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के इंदौर (Indore) में कर्ज के चलते एक पूरे परिवार की मौत का मामला सामने आया है. पुलिस ने बताया कि इंदौर शहर में एक घर से पति-पत्नी और दो बच्चों के शव बरामद हुए हैं. इसके साथ ही एक कथित सुसाइड नोट मिला है, जिसमें लिखा है कि परिवार ने एक ऑनलाइन ऐप से लोन (Online App Loan) लिया था, लेकिन वो लोन चुका नहीं पाए और ऐसा कदम उठाने के लिए मजबूर हुए हैं.
'आदमी मैं बुरा नहीं, लेकिन हालात', ऑनलाइन लोन ना चुका पाने पर पत्नी-बच्चों की हत्या कर की सुसाइड
मध्य प्रदेश के इंदौर का मामला. शख्स ने एक ऑनलाइन ऐप से लोन लिया था.


इंडिया टुडे से जुड़े धर्मेंद्र कुमार शर्मा की रिपोर्ट के मुताबिक, इंदौर पुलिस का कहना है कि अमित यादव (35) ने पहले अपनी पत्नी और दो बच्चों की हत्या की और फिर खुद की जान ले ली.
रिपोर्ट के मुताबिक, यादव ने कथित सुसाइड नोट में लिखा है कि उन्हें जीने की इच्छा थी, लेकिन हालातों के चलते वो इस तरह का कदम उठाने के लिए मजबूर हुए. इसके साथ ही उन्होंने कथित नोट में ये भी कहा,
'इसमें किसी की कोई गलती नहीं है, मेरी ही है. मैंने कई ऑनलाइन ऐप से लोन ले रखा है, पर मैं लोन भर नहीं पा रहा हूं. इज्जत के डर से यह कदम उठा रहा हूं, पुलिस मेरे परिवार को परेशान न करें, मैं ही दोषी हूं. जीने की इच्छा मेरी भी है, लेकिन मेरे हालात अब ऐसे नहीं हैं. आदमी मैं बुरा नहीं हूं, पर हालात नहीं.'
इस कथित सुसाइड नोट में मृतक ने अपनी अंतिम इच्छा जाहिर करते हुए कहा है कि घर वाले आपस में न लड़ें और इस चिट्ठी को उनके घरवालों को जरूर पढ़ाया जाए.
प्राइवेट जॉब करते थेन्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक अमित यादव एक प्राइवेट टेलीकॉम कंपनी में काम कर रहे थे. उनकी पत्नी का नाम टीना (30) था और उनकी दो बच्चे- याना (तीन वर्ष) और दिव्यांश (एक साल) थे.
पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) धर्मेंद्र सिंह भदौरिया ने कहा, ‘यादव के घर का कमरा अंदर से बंद था और पुलिस को उसे तोड़ कर अंदर घुसना पड़ा था.’
अधिकारियों ने कहा कि सभी की मौत के सही कारण का पोस्टमार्टम के बाद ही पता चल पाएगा. उन्होंने कहा कि यादव के परिवारवाले उज्जैन के पास महाकालेश्वर मंदिर में पूजा करने के बाद बीते 22 अगस्त को वापस इंदौर अपने घर आ गए थे. अमित यादव मूल रूप से मध्य प्रदेश के सागर के रहने वाले थे और इन दिनों इंदौर में परिवार के साथ रह रहे थे.
रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस इस घटना की अलग-अलग एंगल से जांच कर रही है. वहीं मध्य प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने इस घटना पर दुख जताया और कहा कि ऑनलाइन ऐप से लोन लेने की प्रक्रिया की जांच कराई जाएगी. उन्होंने कहा कि अगर इसमें कुछ भी गलत पाया जाता है, तो इस मामले साइबर टीम को लगाकर कार्रवाई की जाएगी.
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