The Lallantop

भारत को क्यों हटवाने पड़े कनाडा के राजनयिक, जयशंकर ने साफ-साफ बता दिया

अपने 41 राजनयिकों को कनाडा वापस बुलाने पर कनाडा ने भारत पर वियना कन्वेंशन का उल्लंघन करने का आरोप लगाया था. अब विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने इस पर जवाब दिया है.

Advertisement
post-main-image
कनाडा ने भारत पर राजनयिकों के संबंध में वियना कन्वेंशन का उल्लंघन करने का आरोप लगाया था. (फोटो क्रेडिट - ANI)

भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा है कि कनाडा और भारत के संबंध कठिन दौर से गुजर रहे हैं. उन्होंने ये भी कहा कि समानता का प्रावधान वियना कन्वेंशन ने दिया था और भारत को इन्हें लागू करना पड़ा. क्योंकि कनाडा के अधिकारी लगातार भारत के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप कर रहे थे. कुछ दिन पहले ही कनाडा ने भारत से 41 राजनयिकों को वापस बुलाया था. उसे ऐसा करने के लिए भारत ने कहा था ताकि दोनों देशों में एक-दूसरे के राजनयिकों की संख्या बराबर हो सके.  

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement

न्यूज़ एजेंसी ANI के मुताबिक, अब भारत के विदेश मंत्री जयशंकर ने कहा है कि इसके चलते भारत को कनाडा के लोगों को वीजा जारी करना बंद करना पड़ा. कनाडा में चरमपंथ और लगातार धमकियों के बीच भारतीय राजनयिकों का काम करना सुरक्षित नहीं था.

विदेश मंत्री ने क्या कहा?

विदेश मंत्री 22 अक्टूबर को नई दिल्ली में कौटिल्य इकोनॉमिक एन्क्लेव में अपनी बात रख रहे थे. यहां उन्होंने कहा,

Advertisement

"किसी देश में दूसरे देश के कितने राजनयिक हैं, ये बराबरी का एक मुद्दा है. ये वियना कन्वेंशन में तय हुआ था. इस बारे में एक अंतरराष्ट्रीय नियम है. लेकिन हमारे मामले में, हमने राजनयिकों की बराबरी की बात इसलिए की क्योंकि कनाडा के अधिकारी लगातार हमारे आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप कर रहे थे. इस बारे में हमने बहुत कुछ सार्वजनिक तौर पर नहीं बताया है."

ये भी पढ़ें- ‘कनाडा में आतंकवादियों को छूट मिली हुई है, सबूत है तो दिखाए’

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ये भी कहा,

Advertisement

"भारत और कनाडा के रिश्ते फिलहाल कठिन दौर से गुजर रहे हैं. लेकिन मैं ये कहना चाहता हूं कि हमारी समस्याएं कनाडा की राजनीति में एक निश्चित वर्ग और उनकी नीतियों से हैं. अभी सबसे बड़ी चिंता वीजा को लेकर है. हमने कुछ समय पहले कनाडा में वीजा जारी करना बंद कर दिया था. क्योंकि हमारे राजनयिकों के लिए कनाडा में अपना काम करना सुरक्षित नहीं था. हम करीब से इस मुद्दे को देख रहे हैं."

विदेश मंत्री ने ये भी बताया कि भारत फिर से वीजा सेवाएं शुरू करने पर विचार कर सकता है. वे बोले,

"हमारे लोग कनाडा में सुरक्षित नहीं है. हमारे राजनयिक वहां सुरक्षित नहीं हैं. लेकिन अगर कनाडा में भारतीय राजनयिकों की सुरक्षा में सुधार होगा तो भारत जल्द से जल्द से कनाडाई लोगों के लिए वीजा सेवाएं फिर से शुरू करने पर विचार करेगा."

दोनों देशों ने रोकीं वीजा सेवाएं

भारत और कनाडा ने एक-दूसरे के लिए वीजा सेवाओं पर रोक लगा दी है. भारत ने कुछ हफ्ते पहले ही ये कदम उठा लिया था. अब कनाडा ने चंडीगढ़, मुंबई और बेंगलुरु के कॉन्स्यूलेट्स में अपनी वीजा और कॉन्स्यूलर सेवाओं पर भी रोक लगा दी है.

ये भी पढ़ें- UN महासभा में एस जयशंकर ने बिना नाम लिए कनाडा को दिखाया आईना

कनाडा ने भारत पर राजनयिकों के संबंध में वियना कन्वेंशन का उल्लंघन करने का आरोप लगाया था. अब विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इसका जवाब दिया है. इससे पहले विदेश मंत्रालय ने भी कहा था कि भारत ने किसी भी अंतरराष्ट्रीय नियम का उल्लंघन नहीं किया है. 

वीडियो: 41 राजनायिकों की वापसी पर कनाडा ने भारत को सुनाया था, अब जवाब आया है

Advertisement