यहां मिली आदमी की लाश.
1.
दिल्ली के अंबेडकर नगर थाने के पास एक जंगल है. वहां आज सुबह लोगों को एक लाश मिली. पुलिस को खबर दी गई. पुलिस पहुंची, तो पाया कि लाश को पहले कुचला गया है. फिर जलाकर छिपाने की कोशिश की गई है. उसके बाद उसे वहीं छोड़ दिया गया. लाश की हालत देखकर ऐसा अनुमान है कि उसे जानवरों ने खाया है, क्योंकि शरीर के कुछ हिस्से गायब हैं. लाश की पहचान नहीं हुई है. जाने किसकी संतान है वो, जिसे जानवरों ने नोचकर खाया हुआ था. जिसको मरने के बाद न कब्र नसीब हुई, न आग.
2.
सूरत के पांडेसरा में चार दिन पहले एक कटी हुई खोपड़ी मिली. किसी जानवर की नहीं, बल्कि एक आदमी की. और आज फिर जहांगीरपुरा में एक लाश के टुकड़े मिले हैं. ये टुकड़े नीले रंग के एक थैले से मिले हैं. तमाम स्पेशल टीम और डॉग स्क्वॉड की मदद से अब ये मर्डर मिस्ट्री सुलझाने की कोशिश चल रही है.
3.
चेतन नशे में धुत भूपेंद्र के ढाबे पर पहुंचा. जाने किसी ग़म में पी रहा था या ख़ुशी में, लेकिन पूरी तरह से बेकाबू था. उसने भूपेंद्र के यहां काम करने वाले लड़कों से शराब मांगी. भूपेंद्र ने दाम दस रूपए बढ़ाकर बताया. इस बात से चेतन गुस्सा गया और गाली बकने लगा. भूपेंद्र भी नाराज हो गया. उसने चाकू निकाल लिया. बहस कब हाथापाई में बदल गई और हाथापाई कब क़त्ल में, मालूम ही नहीं पड़ा. चेतन को मार भूपेंद्र वहां से भाग गया. थोड़ी देर बाद वापस आया. चेतन की लाश को ठिकाने लगाने के लिए उसे पॉलिथीन में भरा और रस्सी से कस दिया. फिर उसे स्कूटी में रखा और कुछ दूरी पर डाल आया. जब लाश पुलिस को मिली, तो वो खून के धब्बों का पीछा करती हुई ढाबे तक पहुंची. वहां उसने भूपेंद्र और लड़कों से बात की. दोनों के बयानों में अंतर देखकर पुलिस को शक हो गया और जोर देने पर भूपेंद्र ने सब कुछ बता दिया. ये घटना छत्तीसगढ़ के गांव बांकीमोंगरा की है.