ज़ोमैटो, स्विगी, ब्लिंकइट, ज़ेप्टो और अमेज़न जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्मों पर काम करने वाले डिलीवरी कर्मचारी 31 दिसंबर को हड़ताल की योजना बना रहे हैं. यह हड़ताल भारत की गिग इकॉनमी में कम वेतन, नौकरी की कमज़ोर सुरक्षा और सुरक्षा जोखिमों को लेकर कर्मचारियों की बढ़ती चिंताओं को उजागर करने के लिए की जा रही है. लल्लनटॉप की टीम हड़ताल के पीछे की असली वजह जानने के लिए मौके पर पहुंची है.
घर-घर सामान पहुंचाने वाले गिग वर्कर की कहानी, हर दिन 60 किलोमीटर साइकल से डिलीवरी करते हैं
स्विग्गी, जोमाटो के कर्मचारी 31 दिसंबर को हड़ताल पर थे. लल्लनटॉप की टीम ने इन लोगों से उनके संघर्ष और मांग के बारे में बात की है.
Advertisement
Advertisement
Advertisement

.webp?width=80)











