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सभी छात्र जंतर-मंतर से दूर रहें, वरना... दिल्ली यूनिवर्सिटी ने अपने छात्रों को ये क्या-क्या बोल दिया?

Delhi University ने अपने छात्रों को जंतर-मंतर पर चल रहे CJP Protest से दूर रहने की सलाह दी है. यूनिवर्सिटी के मुताबिक, इसमें शामिल होने पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है, जिससे करियर पर बुरा असर पड़ सकता है.

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दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) ने अपने छात्रों के लिए एडवाइजरी जारी की है. (फाइल फोटो: PTI)

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  • दिल्ली यूनिवर्सिटी ने छात्रों को जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन से दूर रहने की एडवाइजरी जारी की है, जिसमें गैर-कानूनी गतिविधियों में शामिल होने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
  • यह एडवाइजरी ऐसे समय में जारी की गई है जब जंतर-मंतर पर कई राजनीतिक प्रदर्शन जारी हैं, जिनमें कुछ छात्रों की भागीदारी के चलते सुरक्षा और करियर पर संभावित खतरे को देखते हुए यह कदम उठाया गया।
  • इस एडवाइजरी के बाद छात्रों को प्रदर्शन से दूरी बनाए रखने और सुरक्षा पर ध्यान देने की सलाह दी गई है, जिससे संभावित कानूनी कार्रवाई और करियर संबंधी प्रभावों से बचाव होगा।

दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) ने अपने छात्रों के लिए एडवाइजरी जारी की है. डीयू ने छात्रों से अपील की है कि वे जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन से दूरी बनाए रखें. यूनिवर्सिटी का कहना है कि प्रदर्शन में शामिल होने पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है, इससे छात्रों के करियर पर बुरा असर पड़ सकता है. इससे पहले, IIT-रुड़की ने भी अपने छात्रों को किसी भी तरह के प्रोटेस्ट में शामिल न होने की सलाह दी थी.

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DU ने जारी की एडवाइजरी

गुरुवार, 23 जुलाई की रात दिल्ली यूनिवर्सिटी ने ‘X’ पर एक एडवाइजरी जारी की. इसमें छात्रों और फैकल्टी सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा गया,

"नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर किसी भी तरह की गैर-कानूनी सभा या प्रदर्शन की वजह से कानूनी कार्रवाई हो सकती है. ऐसी गतिविधियों से छात्रों की व्यक्तिगत सुरक्षा को गंभीर खतरा हो सकता है और उनकी पढ़ाई-लिखाई और करियर के मौकों पर भी बुरा असर पड़ सकता है. "

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एडवाइजरी में छात्रों से अपील की गई कि वे जंतर-मंतर पर चल रहे प्रोटेस्ट से दूर रहें और अपनी सुरक्षा और कानून को प्राथमिकता दें. आगे लिखा,

“आपको सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है क्योंकि स्थिति को भड़काने के लिए काफी मात्रा में फर्जी और गुमराह करने वाला कंटेंट बनाया और वायरल किया जा रहा है.”

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IIT-रुड़की ने क्या कहा था?

हाल ही में इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT), रुड़की ने भी अपने छात्रों से कहा था कि वे किसी भी तरह के प्रोटेस्ट में शामिल न हों और संस्थान की इजाजत के बिना कोई बयान न दें. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, संस्थान के रजिस्ट्रार की तरफ से 20 जुलाई को भेजे गए एक ईमेल में छात्रों से कहा गया,

"सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे इंस्टाग्राम, फेसबुक आदि पर यह देखा गया है कि कैंपस में रहने वाले कुछ लोगों ने सार्वजनिक बयानों और आलोचनाओं के जरिए मौजूदा राजनीतिक आंदोलनों के प्रति अपना समर्थन दिखाया है… कोई भी छात्र या कर्मचारी संस्थान की इजाजत के बिना किसी राजनीतिक चर्चा या गतिविधि में शामिल नहीं हो सकता है.”

छात्रों को यह मेल ऐसे समय में आया, जब 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेतृत्व में जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन हो रहा है. हालांकि, इसमें CJP का नाम नहीं लिया गया. बाद में मीडिया को एक बयान जारी करते हुए, IIT रुड़की ने कहा कि यह एक इंटरनल एडवाइजरी है जो हर एकेडमिक सेशन की शुरुआत में स्टूडेंट्स, फैकल्टी और स्टाफ के बीच सर्कुलेट की जाती है.

वीडियो: दुनियादारी: CJP Protest का पूरा ब्लूप्रिंट मिल गया?

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