The Lallantop

सुकन्या समृद्धि योजना या इक्विटी म्यूचुअल फंड, बेटी के भविष्य के लिए कौन सा निवेश सबसे बढ़िया?

Sukanya Samriddhi scheme vs Equity Mutual Fund: माता-पिता आमतौर पर बेटी की पढ़ाई, करियर और भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए उसके बचपन से ही निवेश की योजना बनाना शुरू कर देते हैं. इसमें सुकन्या समृद्धि योजना और इक्विटी म्यूचुअल फंड्स में निवेश का भी ऑप्शन है. लेकिन इनमें से बेहतर कौन है? एक्सपर्ट्स से सब जानिए.

Advertisement
post-main-image
सुकन्या समृद्धि योजना में 8.2% का निश्चित रिटर्न मिलता है (फोटो क्रेडिट: )

आमतौर पर माता-पिता बेटी की पढ़ाई, करियर और भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए अक्सर बचपन से ही निवेश की योजना बनाना शुरू कर देते हैं. लेकिन सवाल हमेशा यही रहता है कि क्या सुरक्षित और गारंटीड स्कीम चुनें या ज्यादा रिटर्न देने वाले इक्विटी स्कीम्स ( म्यूचुअल फंड्स ) में निवेश पर भरोसा करें? इस बात को लेकर भी खींचतान चलती रहती है कि क्या सरकार समर्थित ऐसी योजना चुननी चाहिए जो निश्चित रिटर्न दे या इक्विटी म्यूचुअल फंड्स में निवेश ठीक रहेगा. आइए समझते हैं कि बेटी के भविष्य के लिए कौन सा निवेश फायदेमंद साबित हो सकता है. 

Add Lallantop as a Trusted Sourcegoogle-icon
Advertisement
सुकन्या समृद्धि योजना क्या है और क्यों खास है?

सुकन्या समृद्धि योजना केन्द्र सरकार समर्थित एक बचत योजना है. यह स्कीम लड़कियों के भविष्य के लिए वित्तीय सुरक्षा और शिक्षा/शादी के खर्च के लिए साल 2015 में लॉन्च की गई थी. सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश शुरू करने के लिए बेटी के जन्म के समय या बाद में 10 साल की उम्र तक खाता खोला जा सकता है.

इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक सुकन्या समृद्धि योजना माता-पिता के बीच इसलिए अच्छी खासी लोकप्रिय है क्योंकि यह स्थिर और सुरक्षित रिटर्न के साथ टैक्स भी बचाती है. इस स्कीम में निवेश करने वाले माता-पिता को 8.2% ब्याज दर और इनकम टैक्स की धारा 80C के तहत टैक्स छूट मिलती है. इस स्कीम में निवेश से बेटी के भविष्य के लिए अच्छा फंड तैयार किया जा सकता है. यह योजना गारंटीड और टैक्स-फ्री रिटर्न देती है.

Advertisement

इंडिया टुडे से बातचीत में चार्टेड अकाउंटेंट मीनल गोयल ने बताया, "मेरी बहन की बेटी को लगभग 71 लाख रुपये टैक्स-फ्री मिलेंगे. मेरी बहन ने सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश किया है और यह वाकई एक अच्छी स्कीम है.” वह आगे बताती हैं कि “अगर हर साल 1.5 लाख रुपये 15 साल तक करीब 8.2% ब्याज दर पर निवेश किए जाएं, तो यह राशि 21 साल की उम्र तक लगभग 71 लाख रुपये बन सकती है.” यह योजना EEE मॉडल पर काम करती है. EEE का मतलब होता है Exempt-Exempt–Exempt यानी निवेश, ब्याज और मैच्योरिटी तीनों टैक्स-फ्री होते हैं.

गोयल आगे बताती हैं, “जब तक आयकर अधिनियम के तहत एसएसवाई (SSY) मौजूद है, 15 साल की अवधि के दौरान किए गए योगदान धारा 80C के अंतर्गत आते हैं.” इसलिए जो लोग स्थिर और सुरक्षित रिटर्न चाहते हैं उनके लिए यह स्कीम अच्छी है.

ये भी पढ़ें: सोना-चांदी में भूचाल! रिकॉर्ड हाई से धड़ाम गिरे दाम, गोल्ड 40 हजार तो सिल्वर 2 लाख रुपये फिसला

Advertisement
इक्विटी म्यूचुअल फंड्स में ग्रोथ की संभावना ज्यादा

लंबी अवधि में इक्विटी म्यूचुअल फंड्स ने ऐतिहासिक रूप से अधिकतर फिक्स्ड इनकम विकल्पों से बेहतर रिटर्न दिए हैं, हालांकि इसमें उतार-चढ़ाव भी होता है. सीए मीनल गोयल कहती हैं, “इतिहास में इक्विटी म्यूचुअल फंड्स ने सुकन्या समृद्धि योजना से ज्यादा, लंबी अवधि के रिटर्न दिए हैं. इक्विटी ग्रोथ पर फोकस करती है, जबकि सुकन्या समृद्धि योजना फिक्स्ड और सुरक्षित निवेश का माध्यम है.”

इक्विटी से होने वाले मुनाफे पर लॉन्ग-टर्म कैपिटल गेन टैक्स लगता है, जिससे अंतिम रिटर्न थोड़ा कम हो सकता है. फिर भी, जो निवेशक बाजार के उतार-चढ़ाव के दौरान धैर्य बनाए रखते हैं, वे पारंपरिक बचत विकल्पों से ज्यादा संपत्ति बना सकते हैं.

ये भी पढ़ें: मिनटों में निवेशकों ने कमाए 13 लाख करोड़, इन 5 वजहों से सरपट दौड़ा शेयर बाजार

माता -पिता को क्या करना चाहिए?

मीनल गोयल का कहना है कि पिछले कई साल के आंकड़ों से पता चलता है कि इक्विटी म्यूचुअल फंड ने सुकन्या समृद्धि योजना की तुलना में ज्यादा रिटर्न दिया है. इक्विटी म्यूचुअल फंड में पैसा तेजी से बढ़ता है. लंबी अवधि में ज्यादा रिटर्न की संभावना रहती है. लेकिन जोखिम भी होगा. वहीं, जबकि सुकन्या समृद्धि में तय रिटर्न मिलता है. व्यावहारिक रूप से देखें तो सुकन्या समृद्धि योजना सुरक्षा देती है लेकिन रिटर्न सीमित है. दूसरी तरफ शेयर बाजार या शेयर बाजार से जुड़े म्यूचुअल फंड में रिटर्न इसके मुकाबले ज्यादा मिलता है. ऐसे में ज्यादातर एक्सपर्ट्स अक्सर दोनों को मिलाकर निवेश करने की सलाह देते हैं ताकि सुरक्षा और ग्रोथ का संतुलन बना रहे. 

आसान भाषा में कहें तो, सुकन्या समृद्धि योजना या इक्विटी म्यूचुअल फंड्स में से कौन ठीक रहेगा ये विकल्प इस बात पर निर्भर करता है कि आपकी जोखिम लेनी की क्षमता कितनी है? आपके वित्तीय लक्ष्य क्या हैं. अगर आप सुकून और तय रिटर्न को तरजीह देते हैं, तो सुकन्या समृद्धि योजना एक मजबूत और भरोसेमंद आधार प्रदान करती है. वहीं, आप बाजार के उतार-चढ़ाव के साथ सहज हैं और लंबी अवधि में ज्यादा रिटर्न कमाने की चाहत रखते हैं, तो इक्विटी निवेश आपके लिए बेहतर विकल्प हो सकता है.

वीडियो: अडानी समूह मानहानि मामले में पत्रकार रवि नायर को हुई एक साल की जेल, क्या हुआ था?

Advertisement