Submit your post

Follow Us

38 साल से क्रिकेट खेल रही जिम्बॉब्वे को आईसीसी ने बैन क्यों कर दिया?

आईसीसी (ICC) यानी कि इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल. दुनिया भर में क्रिकेट की सबसे बड़ी संस्था. इंटरनेशनल लेवल पर क्रिकेट से जुड़ी चीजों पर फैसला करने का अधिकार आईसीसी के पास ही है. इसकी इस वर्ष की मीटिंग 18 जुलाई को लंदन में खत्म हुई है. इस मीटिंग में आईसीसी ने फुल टाइम मेंबरशिप से जिम्बॉब्वे क्रिकेट बोर्ड को बाहर का रास्ता दिखा दिया है. आईसीसी ने बयान जारी कर कहा है किजिम्बॉब्वे क्रिकेट इस खेल से जुड़े मामलों में राजनीतिक दखलअंदाजी को रोक पाने में नाकाम रहा है. इसी साल जून में जिम्बॉब्वे के खेल आयोग ने वहां के क्रिकेट बोर्ड को बर्खास्त कर दिया था. किसलिए? देश में क्रिकेट के लिए निर्धारित नियमों की अनदेखी के आरोपों में. और उसके स्थान पर एक अंतरिम कमिटी बनाई थी.

जिम्बॉब्वे की टीम इस वक्त टेस्ट रैंकिंग में 10वें जबकि वनडे रैंकिंग में उसका स्थान 12वां है. टी20 रैंकिंग में 14वें स्थान पर है. आईसीसी के इस फैसले के बाद टीम किसी भी आईसीसी टूर्नामेंट में खेल नहीं पाएगी. और न ही उन्हें आईसीसी से कोई फंडिंग ही मिलेगी.अक्टूबर में जिम्बॉब्वे को टी20 वर्ल्ड कप क्वालिफायर में हिस्सा लेना था, लेकिन इस फैसले ने उनके टूर्नामेंट में खेलने की उम्मीदों पर ग्रहण लगा दिया है. आईसीसी इस फैसले को अक्टूबर में होने वाली मीटिंग में रिव्यू करेगी. तब तक जिम्बॉब्वे को बिना राजनीतिक हस्तक्षेप वाले क्रिकेट बोर्ड का चुनाव करना होगा.

icc
फोटो सोर्स: रॉयटर्स

आईसीसी के मुखिया शशांक मनोहर ने कहा-

हमें इस खेल को राजनीतिक दखलअंदाजी से दूर रखना ही होगा. जो कुछ जिम्बॉब्वे में हुआ, वह आईसीसी के नियमों के खिलाफ है. हम इसे ऐसे ही छोड़ नहीं सकते. आईसीसी जिम्बॉब्वे में क्रिकेट को बढ़ावा देना चाहता है, लेकिन आईसीसी के संविधान के अनुसार.

जिम्बॉब्वे के क्रिकेटर सिकंदर रजा ने आईसीसी के इस निर्णय के बाद बहुत ही भावुक ट्वीट लिखा है-

कैसे एक फैसले ने एक टीम को अजनबी बना दिया है. कैसे एक फैसले ने इतने सारे लोगों को बेरोजगार कर दिया है. कैसे एक फैसले ने कई परिवारों को प्रभावित किया है. कैसे एक फैसले ने इतने करियरों का अंत कर दिया है. मैं इस तरह तो क्रिकेट को अलविदा नहीं कहना चाहता था.

जिम्बॉब्वे 1981 में आईसीसी का एसोसिएट मेंबर बना था. 1992 में टीम को टेस्ट प्लेइंग नेशन का दर्जा मिला था. उसने अपना पहला टेस्ट हरारे में इंडिया के खिलाफ खेला था. 2004 में जब टीम के कप्तान हीथ स्ट्रीक को टीम से निकाला गया, तब टीम के 15 खिलाड़ियों ने एक साथ टीम छोड़ दी थी. जून 2004 में जिम्बॉब्वे से टेस्ट प्लेइंग नेशन का दर्जा छीन लिया गया था. 2005 में टीम को यह दर्जा वापस दे दिया गया. 2005 में जिम्बॉब्वे ने 8 टेस्ट खेले लेकिन उसके बाद सिलसिला लंबे समय के लिए थम गया. टीम ने अगला टेस्ट मैच 6 साल बाद 2011 में खेला.

जिम्बॉब्वे ने अब तक 107 टेस्ट, 526 वनडे और 66 टी20 मैच खेले हैं, टेस्ट में उसे 12 में जीत मिली है जबकि 67 मैचों में हार का सामना करना पड़ा है. 27 मुकाबले ड्रॉ पर समाप्त हुए.  वनडे में इस टीम को 138 जीत और 370 हार हासिल हुई है. टी20 में जिम्बॉब्वे ने 14 मैच जीते हैं और 50 में हार का सामना करना पड़ा है.


वीडियो: टी-20 वर्ल्ड कप 2020 में अब तक श्रीलंका और बांग्लादेश क्वालिफाई नहीं कर पाए हैं

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

टॉप खबर

भारत में कोरोना के XE Variant का पहला केस मिलने के दावे पर सरकार ने क्या कहा?

भारत में कोरोना के XE Variant का पहला केस मिलने के दावे पर सरकार ने क्या कहा?

ये वेरिएंट कितना खतरनाक है, ये भी जान लें.

लल्लनटॉप अड्डा: 9 अप्रैल को मचने वाले धमाल का पूरा शेड्यूल पढ़ लो!

लल्लनटॉप अड्डा: 9 अप्रैल को मचने वाले धमाल का पूरा शेड्यूल पढ़ लो!

हंसी होगी, संगीत होगा और होंगे सौरभ द्विवेदी!

ED ने किन मामलों में सत्येंद्र जैन और संजय राउत के परिवारों की करोड़ों की संपत्ति कुर्क की है?

ED ने किन मामलों में सत्येंद्र जैन और संजय राउत के परिवारों की करोड़ों की संपत्ति कुर्क की है?

कार्रवाई पर संजय राउत भड़क गए हैं.

यूपी सरकार के लिए गोरखनाथ मंदिर हमला 'आतंकी घटना', हमलावर के पिता ने क्या बताया?

यूपी सरकार के लिए गोरखनाथ मंदिर हमला 'आतंकी घटना', हमलावर के पिता ने क्या बताया?

यूपी सरकार ने आरोपी के खिलाफ तगड़ी जांच के आदेश दे दिए हैं.

1 अप्रैल से E-Invoicing अनिवार्य, फर्जी बिल बनाने वालों की नींद उड़ी

1 अप्रैल से E-Invoicing अनिवार्य, फर्जी बिल बनाने वालों की नींद उड़ी

20 करोड़ सालाना बिक्री पर ई-इनवॉइसिंग जरूरी, टैक्स चोरी थमेगी.

रुचि सोया के FPO के 'चमत्कार' को नमस्कार करने के बजाय SEBI ने क्यों दिखाई सख्ती?

रुचि सोया के FPO के 'चमत्कार' को नमस्कार करने के बजाय SEBI ने क्यों दिखाई सख्ती?

वजह पतंजलि समूह का एक कथित संदेश बताया गया है?

योगी सरकार 2.0 में राज्यमंत्री बने नेताओं के बारे में ये बातें जानते हैं आप?

योगी सरकार 2.0 में राज्यमंत्री बने नेताओं के बारे में ये बातें जानते हैं आप?

कई पुराने तो कुछ नए चेहरों को मंत्रीमंडल में जगह मिली है.

योगी आदित्यनाथ ने ली CM पद की शपथ, जानें कौन-कौन बना मंत्री

योगी आदित्यनाथ ने ली CM पद की शपथ, जानें कौन-कौन बना मंत्री

योगी आदित्यनाथ के साथ 52 मंत्रियों ने भी ली शपथ

बीरभूम हिंसा पर सीएम ममता बनर्जी ने क्या कहकर अपनी ही पुलिस पर निशाना साधा?

बीरभूम हिंसा पर सीएम ममता बनर्जी ने क्या कहकर अपनी ही पुलिस पर निशाना साधा?

ममता बनर्जी ने घटना के पीछे साजिश होने की आशंका भी जताई.

बिहार विधानसभा में शून्य हुई VIP, तीनों विधायक बीजेपी में शामिल

बिहार विधानसभा में शून्य हुई VIP, तीनों विधायक बीजेपी में शामिल

बोचहां विधानसभा उपचुनाव और एमएलसी इलेक्शन से पहले मुकेश सहनी को तगड़ा झटका.