अपनों की यादों को सहेजना हो तो आप क्या करेंगे? फोटो से लेकर वीडियो तक. मॉडर्न हैं तो शायद टैटू बनवा लेंगे या लॉकेट पहन लेंगे. ठीक बात है. लेकिन अगर लॉकेट सोने-चांदी की जगह इंसान के मल या वीर्य से बना हो तो? सोचकर शायद आपको खराब लगे. लेकिन क्या ऐसा हो भी सकता है? दरअसल, शार्क टैंक इंडिया सीजन 2 (Shark Tank India Season 2) में एक लेडी अपना आइडिया लेकर आईं, जो इंसानी DNA से जूलरी बनाती हैं. अब क्या-क्या हुआ, वो जानते हैं.
शार्क टैंक में आया पोटी, DNA, स्पर्म से जूलरी बनाने का आइडिया, जज सहम गए!
फंडिंग मिली या नहीं?


दिल्ली की रहने वालीं प्रीति पहुंचीं शार्क टैंक इंडिया सीजन 2 के आठवें एपिसोड में. प्रीति की कंपनी का नाम है ‘Magic Of Memories’, जो एकदम अलग तरह की जूलरी डिजाइन करती हैं. प्रीति इंसान के दांत से लेकर बाल तक से लॉकेट बनाती हैं. इतना ही नहीं, वो बच्चों के Umbilical Cord (गर्भनाल) से लेकर मां के ब्रेस्ट मिल्क से भी जूलरी बनाती हैं. प्रीति ने इसको DNA जूलरी नाम दिया है.
जब प्रीति ने ये सब बताया, तो सारे जज चौंक गए. सब लंबी-लंबी सांस ले रहे थे. प्रीति ने 2019 में इस बिजनेस को स्टार्ट किया था और अभी तक वो 500 लोगों को अपने बनाए उत्पाद बेंच चुकी हैं. सारे जज प्रीति के कान्सेप्ट से कुछ इंप्रेस नजर नहीं आए. सिर्फ पीयूष को छोड़कर. वो बालों से बने आर्ट से थोड़ा प्रभावित लगे.
पिच में आई पोटीसवाल-जवाब के दौरान, जब शार्क अनुपम ने प्रीति से पूछा कि आप थोड़ा हटकर जूलरी बनाती हैं तो आपके पास डिमांड भी अजीब आती होंगी. जरा खुलकर बताइए बोले तो अपर लिमिट. प्रीति का जवाब बेहद चौंकाने वाला था. उन्होंने बताया एक कस्टमर ने स्पर्म से लॉकेट बनाने को बोला था. हद तो तब हो गई जब किसी कस्टमर ने स्पर्म से जूलरी बनाने की डिमांड कर डाली.
जाहिर है प्रीति ने मना किया होगा. हालांकि. स्पर्म वाली जूलरी को मना करने पर शार्क अनुपम थोड़े सहमत नहीं लगे. उनका कहना था कि वो भी तो इंसानी फ्लूइड है. हां, पोटी पर सभी को खराब लगा.
हालांकि, शार्क्स को प्रीति के बिजनेस का स्केल थोड़ा छोटा लगा और उन्होंने फंडिंग नहीं दी.






















