FIFA द्वारा ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) को बैन किए जाने के बाद केंद्र सरकार पूरी तरह से एक्शन में आ गई है. इस मामले को लेकर बुधवार, 17 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई. केंद्र की ओर से अपना पक्ष रखने वाले सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता के अनुरोध के बाद मामले की अगली सुनवाई सोमवार, 22 अगस्त तक के लिए टाल दी गई है.
सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने SC से FIFA के साथ बातचीत जारी रहने, और मामले को सुलझाने की दिशा में प्रगति होने का हवाला दिया. जिसे डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने मंजूरी दे दी. मेहता ने जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और एएस बोपन्ना की पीठ को बताया कि सरकार इस मामले में FIFA से बातचीत कर मसले का हल निकालने का प्रयास कर रही है. जिसके बाद कोर्ट ने केंद्र से U-17 विश्व कप के सफल आयोजन को सुनिश्चित करने और AIFF के निलंबन को हटाने के लिए सक्रिय कदम उठाने को कहा है.
AIFF पर लगे बैन के बाद सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को दिलाया बड़ा भरोसा!
सुप्रीम कोर्ट ने मामले को लेकर दिखाई सख्ती.


सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि इस मामले का समाधान निकालने के लिए क्या-क्या किया जा सकता है. उन्होंने कहा,
# देश के गौरव का सवाल‘इसके बारे में काफी विचार-विमर्श करने के बाद मंगलवार, 16 अगस्त को केंद्र सरकार ने FIFA के साथ इस मुद्दे पर दो बार मीटिंग की. और उसमें CoA ने भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. FIFA भी मामले को ठीक तरह से सुन रहा है. और जल्द ही सफलता मिलने की उम्मीद है.’
सुप्रीम कोर्ट ने निलंबन को हटाने के लिए सक्रिय कदम उठाने की हिदायत देते हुए कहा,
‘ये देश के गौरव का मामला है. हम केंद्र से महिलाओं के अंडर 17 विश्व कप के आयोजन को सुनिश्चित करने और AIFF पर से निलंबन हटाने के लिए सक्रिय कदम उठाने का अनुरोध करते हैं.’
इससे पहले FIFA ने मंगलवार, 16 अगस्त को भारतीय फुटबॉल को चलाने वाली संस्था AIFF की तुरंत प्रभाव से सस्पेंड कर दिया था. FIFA द्वारा ये कदम भारतीय फुटबॉल फेडरेशन में लंबे समय से चल रहे विवाद और इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के दखल के चलते उठाया था.
FIFA ने बयान जारी कर कहा कि थर्ड पार्टीज के बहुत ज्यादा दखल की वजह से ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) को बैन करने का फैसला किया गया है. फुटबॉल की सर्वोच्च संस्था ने जारी बयान में कहा,
‘काउंसिल द्वारा ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड करने का सर्वसम्मति से लिया फैसला है. जिसकी वजह इसमें थर्ड पार्टीज द्वारा दिया जाने वाला बहुत ज्यादा दखल है. ये FIFA के नियमों के खिलाफ है.’
साथ ही FIFA की तरफ से ये भी कहा गया कि ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन से सस्पेंशन तभी हटेगा जब वो साथ मिलकर काम करना शुरू करेंगे. FIFA के मुताबिक,
‘AIFF से सस्पेंशन अब तभी हटाया जाएगा, जब इसके ऑफिशल्स पूरी तरह से पावर में आ जाएंगे. साथ ही वो इसमें रोजाना होने वाली गतिविधियों पर नजर रखेंगे.
FIFA के इस कदम के बाद भारतीय फुटबॉल को बड़ा झटका लगा है. बैन के चलते भारतीय मेंस और विमेंस फुटबॉल टीम किसी भी टूर्नामेंट में हिस्सा नहीं ले पाएगी. इससे भी ज्यादा बुरी खबर ये है कि ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) के बैन होने की वजह से भारत को इसी साल होने वाली अंडर-17 महिला वर्ल्ड कप की मेजबानी से भी हाथ धोना पड़ा है.
भारत से पहले FIFA किन देशों पर बैन लगा चुका है?



















