16 अक्टूबर को भारत और जिम्बाब्वे की महिला टीमों के बीच T20 सीरीज का पहला मैच रायपुर में खेला गया. इस मुकाबले में जिम्बाब्वे ने टीम इंडिया को तगड़ी टक्कर दी. एक वक्त ऐसा लगा कि मैच भारत के हाथ से निकल गया. लेकिन, मुश्किल हालात में दीप्ति शर्मा और डेब्यूटेंट निकी प्रसाद ने शानदार बल्लेबाजी की. दोनों बैटर्स ने 82 रनों की पार्टनरशिप करके जिम्बाब्वे के जबड़े से जीत खींच ली. इस मुकाबले में टीम इंडिया ने जिम्बाब्वे को 4 विकेट से हराया. यह रेगुलर कैप्टन के तौर पर स्मृति मंधाना का पहला मैच था.
दीप्ति शर्मा और डेब्यूटेंट निकी प्रसाद ने भारत को हार से बचाया, 10 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ डाला
चौथे ओवर में Team India का टॉप ऑर्डर ढह गया था. 19 रनों पर 4 विकेट खोने के बाद भारतीय टीम प्रेशर में थी. उस पर हार का खतरा था. ऐसे में पांचवें नंबर पर डेब्यूटेंट निकी प्रसाद और छठे नंबर पर दीप्ति शर्मा बल्लेबाजी करने आईं. इन दोनों बैटर्स ने कंडीशन के मुताबिक बैटिंग की.

जिम्बाब्वे के खिलाफ इस मैच में कप्तान स्मृति मंधाना ने टॉस जीतकर फील्डिंग चुनी. बैटिंग करने उतरी जिम्बाब्वे टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रहीं. पहला विकेट 7 रनों पर गिर गया. ओपनर बिलव्ड बिजा (Beloved Biza) खाता नहीं खोल पाईं. इसके बाद फिर जिम्बाब्वे की महिला टीम ने संभलकर बैटिंग की.
एक वक्त जिम्बाब्वे ने 15 ओवर में 3 विकेट पर 82 रन बनाए थे. तब ऐसा लगा कि मेहमान टीम 130-135 का टोटल बनाएगी. लेकिन, टीम इंडिया की कसी बॉलिंग के आगे जिम्बाब्वे 5 विकेट पर 114 रन बना सकी.
जिम्बाब्वे ने भारत को मैच जीतने के लिए 115 रनों का टारगेट दिया. टीम इंडिया की बैटिंग लाइनअप को देखते हुए यह लक्ष्य आसान था, क्योंकि टीम में स्मृति मंधाना, शेफाली वर्मा, हरमनप्रीत कौर और ऋचा घोष जैसी आक्रामक बैटर थीं. लेकिन, जब जिम्बाब्वे की टीम ग्राउंड पर बॉलिंग करने उतरी, तो उसने सिर्फ खेल पर फोकस किया. मेहमान टीम इस बात से बेखौफ नजर आई कि सामने वाली टीम में कई मैच विनर प्लेयर हैं. जिम्बाब्वे ने मैच कंडीशन का फायदा उठाया और अपनी स्ट्रेटजी को बेहतर ढंग से लागू किया.
जिम्बाब्वे की कप्तान जोसेफिन नकोमो ने एक एंड से पेसर को लगाया और दूसरे छोर से स्पिनर से बॉलिंग कराई. भारत की पारी का पहला ओवर टेंडाई माकुशा ने डाला. इस ओवर में स्मृति मंधाना ने 3 चौके जड़कर अपने आक्रामक तेवर दिखाए. इसके बाद दूसरे ओवर में स्पिनर न्याशा ग्वानजुरा दूसरे एंड से बॉलिंग करने आईं. उन्होंने अपनी पहली ही गेंद पर स्मृति मंधाना को आउट कर दिया.
फिर ओवर की चौथी बॉल पर ग्वानजुरा ने अनुष्का शर्मा को पवेलियन की राह दिखा दी. इसके बाद पेसर मिचेल मावुंगा ने हरमनप्रीत कौर को एक रन पर चलता किया. बाद में अपने दूसरे ओवर में ग्वानजुरा ने विस्फोटक बैटर शेफाली वर्मा को आउट कर दिया. इस तरह टीम इंडिया ने 3.1 ओवर्स में 19 रन पर 4 विकेट खो दिए.
चौथे ओवर में टीम इंडिया का टॉप ऑर्डर ढह गया था. 19 रनों पर 4 विकेट खोने के बाद भारतीय टीम प्रेशर में थी. उस पर हार का खतरा था. ऐसे में पांचवें नंबर पर डेब्यूटेंट निकी प्रसाद और छठे नंबर पर दीप्ति शर्मा बल्लेबाजी करने आईं. इन दोनों बैटर्स ने कंडीशन के मुताबिक बैटिंग की.
निकी प्रसाद ने अपने डेब्यू मैच में शानदार बैटिंग करते हुए 35 बॉल्स पर नॉट आउट 39 रन बनाए. उन्होंने अपनी इनिंग्स में 6 चौके जड़े. दूसरी तरफ, दीप्ति शर्मा ने भी बेहतरीन बल्लेबाजी की. दीप्ति ने 37 गेंदों पर 8 चौकों के जरिए 49 रन स्कोर किए. इन दोनों बैटर्स ने टफ सिचुएशन में लाजवाब बल्लेबाजी करते हुए 82 रनों की साझेदारी की. इस पार्टनरशिप के चलते भारतीय टीम ने यह मुकाबला 4 विकेट से जीता.
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मैच में दीप्ति शर्मा और निकी प्रसाद ने पांचवें विकेट के लिए रिकॉर्ड पार्टनरशिप की. इस दौरान उन्होंने मिताली राज और अनुजा पाटिल का 10 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया. मिताली और अनुजा ने 2016 में श्रीलंका के खिलाफ पांचवें विकेट के लिए 77 रन जोड़े थे. वहीं, दीप्ति और निकी ने पांचवें विकेट के लिए 82 रन जोड़कर यह कीर्तिमान अपने नाम कर लिया.
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