रोहित शेखर की हत्या के आरोप में पत्नी अपूर्वा को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. दिल्ली की साकेत कोर्ट ने उसे शुक्रवार यानी 26 अप्रैल को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेज दिया. इस अपडेट के बीच असली खबर ये है कि अपूर्वा पुलिस कस्टडी में अजीब बिहेव कर रही है. दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी के मुताबिक वो अपनी इस हरकत पर कभी पछतावा करती है तो कभी उसे कोई पछतावा नहीं होता है और कभी घटना के बारे में बताते-बताते उदास हो जाती है. पुलिस के मुताबिक जब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस को रोहित के ही परिवार पर शक हुआ और सभी से पूछताछ की गई तो 3 दिन तक वो बिल्कुल नहीं टूटी. लेकिन अब जुर्म कबूलने के बाद उसे अपने किए पर पछतावा होने लगा है. पुलिस के मुताबिक अपूर्वा कुछ वक्त से रोहित की मां उज्ज्वला से भी काफी परेशान थी. उसने पुलिस को बताया कि उज्ज्वला तिवारी अक्सर पति-पत्नी के बीच में इंटरफेयर करती थीं जिससे उसे दिक्कत होती थी.
दिल्ली पुलिस के मुताबिक जिस रात रोहित तिवारी की हत्या हुई उसी शाम रोहित ने अपनी भाभी के साथ शराब पी थी. जिस वजह से रोहित और उसकी पत्नी के बीच झगड़ा हुआ था. उसके बाद देर रात जब दोनों के बीच लड़ाई हुई. दोनों ने एक दूसरे को मारने की कोशिश की. अपूर्वा हत्या करने में सफल हुई. उसने गला घोंट कर रोहित की हत्या कर दी थी. दूसरी तरफ रोहित की मां का कहना है:
अपूर्वा शुरू से ही रोहित को परेशान करती थी. 2017 में ही जब दोनों की मुलाकात हुई उसके बाद से दोनों के रिश्ते सामान्य नहीं थे. शुरू से उसकी नजर हमारी प्रॉपर्टी पर नज़र थी. काफी लड़ाई-झगड़े के बाद दोनों की शादी हुई. फिर उसने हमारे परिवार पर दहेज के झूठे आरोप लगाए लीगल नोटिस भिजवाए. यहां तक कि वो बार-बार अपने घर इंदौर चली जाया करती थी. रोहित की सर्जरी हुई तब भी वो अपने पति के साथ नहीं थी. पिछले साल एन डी तिवारी जी के मरने के बाद ही वो घर लौटी थी.
रोहित की मां उज्जवला ने ये भी बताया रोहित की मौत के बाद वो घर में रोने की एक्टिंग करती थी. अगर कोई उसके पास नहीं होता था तो वो आराम से हंसती थी, खाना खाती थी, लोगों से बात करती थी. उसे रोहित की मौत से कोई फर्क ही नहीं पड़ रहा था. क्योंकि
हत्या उसी ने की थी. रोहित की भाभी के साथ संबंध को लेकर भी उज्ज्वला तिवारी ने कहा:
किस परिवार में ऐसा नहीं होता है कि दो लोग एक ही ग्लास में पानी न पीते हों. बच्चों ने अगर एक ही ग्लास में ड्रिंक कर ही ली तो उससे उसे क्या समस्या हो गई. हमने कभी उसके लाइफस्टाइल पर सवाल नहीं उठाए. फिर ड्रिंक की बात पर लड़ाई करने की कोई वजह नहीं थी. वो पजेसिव होने का सिर्फ ढोंग करती थी.
दरअसल, अपूर्वा ने पुलिस को पूछताछ के दौरान बताया था कि दोनों के बीच लड़ाई शराब पीने को लेकर हुई थी. और रोहित ने अपूर्वा को चिढ़ाने के लिए ये भी कहा था कि उसने भाभी के साथ एक ही ग्लास में शराब पी थी. जिसके बाद दोनों में लड़ाई और तेज़ हो गई थी. तिवारी परिवार के मुताबिक ऐसा मुमकिन है कि अपूर्वा ने रोहित को गला घोंट कर मारने से पहले ज़हर दिया हो. इस बात की पुष्टि के लिए पुलिस
विसरा रिपोर्ट का इंतजार कर रही है. रोहित शेखर तिवारी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी के बेटे थे. जिन्हें लंबी कानूनी लड़ाई के बाद एनडी तिवारी ने उन्हें अपना बेटा माना था. एनडी तिवारी की मौत 2018 में हुई थी.