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अपने कैफे को IPL सट्टेबाजी का अड्डा बनाने वाला पूर्व क्रिकेट कोच गिरफ्तार
8 महीने पहले अचानक कोच पद छोड़ा था.
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अभी 5 महीने पहले ही महिला टीम के कोच का पद छोड़ा है तुषार अरोठे (बाएं) ने. दाएं सांकेतिक तस्वीर है.
आईपीएल 2019 चालू है. एक वक़्त ऐसा भी था जब आईपीएल को लेकर लोगों के मन में संशय बना हुआ था. संशय इस टूर्नामेंट की ईमानदारी पर था. कीवर्ड था सट्टेबाजी. एक बार फिर सट्टेबाजी ख़बरों में है. इस बार नाम है तुषार अरोठे का. 2 अप्रैल की शाम को वडोदरा में पूर्व भारतीय महिला क्रिकेट कोच तुषार अरोठे को गिरफ़्तार किया गया है. वडोदरा क्राइम ब्रांच के डिप्टी कमिश्नर ऑफ़ पुलिस हैं जेएस जडेजा. जडेजा जी ने बताया कि दिल्ली और पंजाब के बीच 1 अप्रैल को खेले गए आईपीएल मैच के दौरान सट्टेबाजी के चक्कर में तुषार अरोठे को 18 और लोगों के साथ गिरफ़्तार किया गया था. साल 2018 में अल जज़ीरा के स्टिंग ऑपरेशन्स की मदद से दुनिया भर को क्रिकेट की दुनिया में चल रहे गैर-कानूनी धंधे के बारे में मालूम चला था. ऐसा नहीं है कि अल जज़ीरा ने ही हमें इससे इंट्रोड्यूस करवाया था. 2000 की शुरुआत में ही सट्टेबाज़ी ने भारतीय क्रिकेट और विश्व क्रिकेट से भरी-पूरी मुलाक़ात कर ली थी. तबसे लेकर अब तक सट्टेबाज़ी को इंडियन कांटेक्स्ट में ईशनिंदा से कम नहीं आंका जा सकता. आईपीएल में एस श्रीसंत, अंकित चवन और अजीत चंडीला को फ़िक्सिंग के चलते आजीवन बैन की सज़ा मिली थी.
इंडिया में घोड़ों की रेस के सिवा कोई भी और खेल में सट्टेबाज़ी गैर-कानूनी है. वडोदरा के शगुन एग्ज़ॉटिका नाम के कैफ़े से तुषार अरोठे समेत 18 लोगों को पकड़ा गया. ये कैफे तुषार का ही है और यहीं से पुलिस ने तुषार समेत बाकियों को पकड़ा है. पुलिस के मुताबिक इस कैफे में एक अज्ञात कमरे में प्रोजेक्टर लगाकर लाइव मैच चल रहा था जहां ये 18 लोग सट्टा लगाते थे. इनके पास से 21 मोबाइल फ़ोन, 1 प्रोजेक्टर और कई गाड़ियां पकड़ी गई हैं. न्यूज़ एजेंसी ANI से जेएस जडेजा ने कहा, "हमने कैफ़े पर रेड मारी और तुषार के अलावा 18 और लोगों को पकड़ा." 10 जुलाई 2018 को तुषार अरोठे ने भारतीय महिला क्रिकेट कोच के पद से इस्तीफ़ा दे दिया था. ठीक पांच महीने बाद महिला वर्ल्ड टी-20 शुरू होने वाला था. रिपोर्ट्स के मुताबिक़ एशिया कप में मिली हार के बाद अरोठे की टीम से बन नहीं रही थी. हालांकि अरोठे ने इस्तीफ़ा देने के पीछे निजी कारणों का हवाला दिया था लेकिन अरोठे ने दबी ज़ुबान में ये भी कहा था कि इंडियन विमेन क्रिकेट टीम में ऐसी खिलाड़ी हैं जो कि अपने कम्फ़र्ट ज़ोन से निकलने को राज़ी नहीं है. ऐसे में उनका साथ में काम करना मुश्किल था. एशिया कप में भारतीय महिला टीम को बांग्लादेश के हाथों हार का सामना करना पड़ा था. अप्रैल 2017 में जब पूर्णिमा राव को महिला क्रिकेट टीम के पद से हटाया गया था, तब अरोठे ने ये पद संभाला था. उनके आने के ठीक 2 महीने बाद ही भारतीय टीम वर्ल्ड कप के लिए गई थी.
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