दो कुत्ते, दोनों गजब के पियक्कड़. मालिक रोज खुद दारू पीता और दोनों को भी पिलाता. कई सालों से ये चल रहा था. लत ऐसी लगी कि शराब के बिना कुत्तों का जीना मुश्किल. फिर एक दिन मालिक की मौत हो गई. अब कुत्तों का बिना शराब रहना मुश्किल. फिर क्या हुआ? सब कुछ जानेंगे, लेकिन पहले जानते हैं कि कहानी शुरू कैसे हुई?
मालिक की शराब चुरा पीता था कुत्ता, बना नशेड़ी, मालिक की मौत हो गई फिर...
कुत्ते को नशा मुक्ति केंद्र ले जाना पड़ा. ऐसा केस पहले नहीं सुना होगा!


ये मामला इंग्लैंड के प्लायमाउथ शहर का है. न्यूजवीक की रिपोर्ट के मुताबिक यहां एक व्यक्ति के पास दो कुत्ते थे. एक लैब्राडोर नस्ल का कुत्ता 'कोको' और दूसरा कैनाइन. इनका मालिक रोज शराब पीता, जब वो सो जाता था, तब ये दोनों उसके गिलास में बची शराब पी जाया करते थे. धीरे-धीरे ये दोनों शराब के आदी हो गए. इतने कि मालिक को इन्हें खुद भी शराब पिलानी पड़ती. लेकिन जब मालिक की मौत हो गई तो बिना शराब इनका रहना मुश्किल हो गया.
कैसे बची कुत्ते की जान?कुछ दिन बाद कोको और कैनाइन किसी व्यक्ति को लावारिस हालत में मिले. इनकी हालत खराब थी तो उसने इन दोनों को प्लायमाउथ के वुडसाइड एनिमल वेलफेयर ट्रस्ट को सौंप दिया. ट्रस्ट से जुड़े लोगों के मुताबिक जब इन कुत्तों को लाया गया था तो इन्हें दौरे पड़ते थे. इनकी हालत बहुत खराब थी. इलाज किया गया, साथ ही इनकी शराब की आदत छुड़वाने की कोशिश शुरू हुई. इस दौरान कैनाइन की मौत हो गई. लेकिन, कोको का इलाज चलता रहा.
अपने एक फेसबुक पोस्ट में ट्रस्ट ने कहा,
'कोको गंभीर रूप से बीमार था. चौबीसों घंटे उसकी देखभाल की जरूरत थी. उसके लक्षणों से स्पष्ट था कि उसे नशा मुक्त किया जाना जरूरी है. इस प्रक्रिया में उसे जोखिम से निकालने के लिए चार सप्ताह तक बेहोश करना पड़ा था.'
डॉक्टर्स के मुताबिक अब कोको नशे की आदत छोड़ चुका है, वो ऐसा पहला कुत्ता है, जो नशे से मुक्त हो गया है. हालांकि, डॉक्टर्स का ये भी कहना है कि भले ही कोको शारीरिक रूप से सही लगता हो, लेकिन मानसिक रूप से मजबूत होने में अभी उसे और समय लगेगा.
वीडियो: घर में कुत्ता पालने से पहले कुछ नियम जानना जरूरी है






















