तेलंगाना में अंधविश्वास के नाम पर दो महिलाओं को प्रताड़ित करने का मामला सामने आया है. महिला पर आत्मा का साया है, ये दावा करके एक बुजुर्ग महिला को प्रताड़ित किया गया. महिला को कीलों पर खड़ा करके पीटा गया, और एक दूसरी महिला को होम गार्ड ने बालों से घसीटा. महिलाओं पर हुए इस अत्याचार का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल है. इन दो घटनाओं के वीडियो आने के बाद तेलंगाना मानवाधिकार आयोग (TGHRC) ने अधिकारियों को नोटिस जारी किए हैं.
कीलों पर खड़ा किया और बेहोश होने तक मारते रहे, अंधविश्वास के चक्कर में महिला से क्रूरता
Telangana में महिलाओं से कथित अत्याचार के दो वीडियो वायरल होने के बाद Human Rights Commission ने अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है. एक मामले में महिला को ‘बुरी आत्मा’ के साए के शक में कथित तौर पर कीलों पर खड़ा कर पीटा गया, जबकि दूसरे में एक होमगार्ड महिला को बालों से घसीटता दिखा.

पहली घटना तेलंगाना के भद्राद्री कोठागुडेम जिले की है. यहां एक महिला को कथित तौर पर बहुत अधिक प्रताड़ित किया गया. वजह थी कि लोगों को उस पर बुरी आत्मा का साया होने का शक था. हालांकि यह घटना जुलाई में हुई थी, लेकिन इसका वीडियो 20 सितंबर को सामने आया. वीडियो सामने आने के बाद मामला तूल पकड़ने लगा. लिहाजा 22 सितंबर को इस घटना का संज्ञान लेते हुए TGHRC की चेयरपर्सन डॉ. जस्टिस शमीम अख्तर ने कहा,
‘उसके हाथों और पैरों के नीचे कीलें रखीं/ठोंकी गईं, और उसे उन पर खड़ा किया गया और बार-बार पीटा गया. उसे तब तक मारा गया, जब तक कि वह बहुत कमजोर और बेहोश नहीं हो गई.’
TGHRC के मुताबिक यह घटना जिंकालागुडेम गांव में हुई थी. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक वीडियो में दिख रही महिला को कथित तौर पर बुरी तरह पीटा गया. क्योंकि ऐसा शक था कि उस पर किसी बुरी आत्मा का साया है. रिपोर्ट के मुताबिक पहले उसे एक सुनसान खेत में ले जाया गया, पेड़ पर चढ़ाया गया और कथित तौर पर कोड़ों से पीटा गया. आयोग ने इन आरोपों का संज्ञान लिया है. आयोग ने कहा कि अगर आरोप सच पाए गए, तो यह घटना पीड़ित के जीवन के अधिकार, और उसके साथ हुए अपमानजनक व्यवहार से सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा करती है.
मानवाधिकार आयोग ने मांगी रिपोर्टआयोग ने भद्राद्री कोठागुडेम के जिला कलेक्टर से इस घटना की डिटेल्ड रिपोर्ट मांगी है. रिपोर्ट में पीड़िता की मौजूदा हालत और इलाज, इसमें शामिल लोगों के खिलाफ की गई कार्रवाई और ऐसी घटनाओं को दोबारा होने से रोकने के लिए उठाए गए कदमों का ब्यौरा मांगा गया है. वहीं, एक अलग मामले में आयोग ने एक एक्टिविस्ट की ऑनलाइन शिकायत का संज्ञान लिया है. इसमें आरोप लगाया गया था कि 18 सितंबर को सिकंदराबाद में हफीजपेट रेलवे स्टेशन के पास एक पुलिसकर्मी ने एक महिला के साथ मारपीट की और उसके बाल पकड़कर उसे घसीटा.
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इस मामले में साइबराबाद पुलिस ने तेलंगाना पुलिस के होम गार्ड के. आनंद को गिरफ्तार किया है. आरोपी होम गार्ड की तैनाती रेलवे स्टेशन पर थी. उसने एक महिला, जो कबाड़ बीनने का काम करती थी, उसके साथ मारपीट की थी, क्योंकि महिला ने कथित तौर पर उसे अपशब्द कहे थे. वायरल हुए वीडियो में उसे महिला को लात मारते और बाल पकड़कर घसीटते हुए देखा जा सकता है. होमगार्ड आनंद को नौकरी से निकाल दिया गया. आयोग ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे साइबराबाद के पुलिस कमिश्नर से इन आरोपों और मामले में की गई कार्रवाई पर विस्तृत रिपोर्ट लें.
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