बिहार के सिवान जिले में प्रोटेस्ट के दौरान AK-47 से गोली चलाने वाले पुलिसकर्मी को सस्पेंड कर दिया गया है. साथ ही मामला अब सुप्रीम भी कोर्ट पहुंच गया है. राज्यसभा सांसद मनोज कुमार झा ने सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका (PIL) दायर की है. बिहार पुलिस ने खुद यह बात स्वीकार की है कि भीड़ को कंट्रोल करने के लिए पुलिस ने फायरिंग की. इस फायरिंग में दो प्रदर्शनकारी सहित तीन लोग घायल हो गए.
AK-47 से प्रोटेस्टर्स पर फायरिंग, वीडियो में दिखा पुलिसवाला सस्पेंड, बिहार का मामला SC पहुंचा
बिहार के सिवान में प्रदर्शन के दौरान AK-47 चलाने वाले पुलिसकर्मी को सस्पेंड कर दिया गया है. इस फायरिंग में तीन लोग घायल हुए. मामला अब सुप्रीम भी कोर्ट पहुंच गया है. जानिए याचिका में क्या मांग की गई है.

सूत्रों ने बताया कि कम से कम चार-पांच राउंड फायरिंग हुई थी. हालांकि, इंडिया टुडे को मिले वीडियो में सिर्फ एक गोली चलते हुए दिखाई दे रही है. जानकारी के मुताबिक, बिहार पुलिस मुख्यालय ने इस वायरल वीडियो का संज्ञान लिया. शुरुआती जांच के बाद संबंधित पुलिसकर्मी को सस्पेंड कर दिया गया है.
वीडियो में, नीले रंग का हेलमेट और बुलेटप्रूफ जैकेट पहने पुलिसकर्मी अभिषेक पटेल को प्रदर्शनकारियों की ओर बढ़ते हुए देखा जा सकता है. वीडियो में कम से कम एक गोली चलने की आवाज सुनी जा सकती है.
शनिवार 25 जुलाई को बिहार के कई जिलों में प्रोटेस्ट हो रहे थे. इस बीच सिवान सबसे ज्यादा चर्चा में रहा. यह प्रोटेस्ट NEET पेपर लीक और दिल्ली में छात्र प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिसिया कार्रवाई के विरोध में किया जा रहा था. सिवान में कई जगह प्रदर्शन हुए और हालात हिंसक हो गए. पत्थरबाजी हुई. पुलिस ने लाठीचार्ज किया. आंसू गैस के गोले छोड़े. कई प्रोटेस्टर और पुलिसकर्मी घायल हुए. 400 से ज्यादा लोगों को कस्टडी में लिया गया.
तीन प्रदर्शनकारी घायलसिवान में हुई गोलीबारी में घायल दो प्रदर्शनकारियों सहित तीन लोगों का इलाज पटना के जयप्रभा मेदांता अस्पताल में चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है. 26 जुलाई को सिवान के पुलिस अधीक्षक (SP) पूरन कुमार झा ने माना कि पुलिस ने हवाई फायरिंग की थी. उनके मुताबिक, प्रोटेस्ट करने वालों ने डायरेक्ट पुलिस पर हमला कर दिया था.
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राज्यसभा सांसद मनोज कुमार झा ने सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका यानी PIL दाखिल की है. याचिका में मांग की गई है कि 20 जुलाई से शुरू हुए छात्र प्रदर्शनों के दौरान पुलिस की कथित ज्यादती और बल प्रयोग की निष्पक्ष जांच हो और पुलिसकर्मियों के खिलाफ FIR दर्ज करने का भी आदेश दिया जाए.
वीडियो: नीट पेपर लीक और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर पटना में छात्रों का प्रदर्शन













