मध्यप्रदेश के सागर जिले में कथित तौर पर जहरीली शराब पीने से नौ लोगों की मौत हो गई. मृतक अलग-अलग गांवों के रहने वाले थे. शनिवार, 5 सितंबर की रात शराब पीने के बाद वे बीमार पड़ गए थे. उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. पुलिस ने कहा कि पोस्टमार्टम के बाद ही मौत का सही कारण पता चलेगा.
रात को शराब पी, तबीयत बिगड़ी... मध्यप्रदेश में दारू पीने से 9 लोगों की मौत
Madhya Pradesh के Sagar जिले में कथित तौर पर जहरीली शराब पीने से अलग-अलग गांवों के नौ लोगों की मौत हो गई. तबीयत बिगड़ने पर उन्हें अस्पताल ले जाया गया. पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है.

इंडिया टुडे से जुड़े रवीश पाल सिंह की रिपोर्ट के मुताबिक, सागर जिले में घूघर, नौराज, बाराज और आस-पास के इलाकों के लोगों ने शनिवार रात शराब पी थी. इसके कुछ ही देर बाद उनकी हालत बिगड़ गई, जिसके बाद परिवार वाले उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले गए. हालांकि, डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. अधिकारियों ने अभी तक आधिकारिक तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की है कि मौतें जहरीली शराब से ही हुई हैं.
मौत की वजह जानने के लिए पोस्टमार्टम
सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है. पुलिस ने कहा कि मौत की सही वजह जानने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है. अधिकारी प्रभावित परिवारों और स्थानीय लोगों से जानकारी इकट्ठा कर रहे हैं. इसकी भी जांच की जा रही है कि मृतकों ने कौन सी शराब पी थी और कहां से खरीदी थी.
इस घटना ने इलाके में गैर-कानूनी तरीके से बनी या नकली शराब के सेवन को लेकर चिंता बढ़ा दी है. पुलिस जांच कर रही है कि क्या ये मौतें आपस में जुड़ी हुई हैं और क्या इसमें कोई गैर-कानूनी शराब का नेटवर्क शामिल था.
यूपी से नकली शराब की सप्लाईउत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में शराब सप्लायरों के एक संदिग्ध नेटवर्क का पता चला है, जो सागर की सीमा से सटा हुआ है. मई 2026 में ललितपुर पुलिस ने एक FIR दर्ज की, जिसमें मध्यप्रदेश में गैर-कानूनी शराब सप्लाई करने वाले एक गैंग को पकड़ा गया था. आरोपियों ने पूछताछ में कबूला था कि वे सागर के बंडा क्षेत्र के साथ अन्य इलाकों में नकली शराब की सप्लाई करते थे.
ललितपुर पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया था कि वे ललितपुर निवासी रवि लखेरा और उसकी पत्नी शिवानी लखेरा, और चंद्रेश लोधी और मोना राजा के साथ मिलकर ललितपुर में नकली शराब तैयार करते हैं.
नकली शराब पर नकली रैपर, नकली ढक्कनों से सील कर उसके ऊपर नकली क्यूआर कोड लगाकर उन्हें गाड़ियों और बाइक से सागर के विभिन गांवों में सप्लाई करते करते है. अब तक हुई प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ कि ललितपुर मे तैयार की गई नकली शराब सागर के बांदरी, बढ़ोदिया, गूगरा खुर्ग, नौराज, बैराज समेत अन्य गावों में सप्लाई हुई.
ललितपुर पुलिस के सामने दिए गए बयान के मुताबिक, आरोपी नकली शराब पर नकली रैपर और ढक्कन लगाकर उसे असली शराब की तरह तैयार करते थे. इसके बाद अलग-अलग जगह इसकी सप्लाई की जाती थी.
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गुजरात में 13 लोगों की मौतपिछले महीने गुजरात के भावनगर जिले में कथित तौर पर नकली शराब पीने से 13 लोगों की मौत हो गई थी. वहीं, एक दर्जन से ज्यादा लोगों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था. इस मामले में अवैध शराब बेचने के आरोप में चार लोगों को हिरासत में लिया गया था. अधिकारियों के मुताबिक, पीड़ितों ने 'इंडियन मेड फॉरेन लिकर' (IMFL) ब्रांड की शराब पी थी.
पुलिस ने 21 आरोपियों में से 13 को गिरफ्तार किया और उन पर गैर-इरादतन हत्या और जहर देने जैसे अपराधों के तहत आरोप लगाए. जांच में पता चला कि शराब में 38.59% मेथनॉल था. गुजरात शराब-बंदी वाला राज्य है, जहां कानून के तहत कुछ सीमित अपवादों को छोड़कर शराब बनाने, बेचने और पीने पर रोक है.
वीडियो: बिहार में जहरीली शराब से मौत, पीड़ित परिवारों ने क्या बताया?










