The Lallantop

CJP प्रोटेस्ट: प्रदर्शनकारियों के लिए 'दिल्ली दूर', पुलिस ने कइयों को बीच रास्ते ट्रेन से उतारा

इटारसी में पुलिस, सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने गोवा एक्सप्रेस से सफर कर रहे पुणे के लोगों के एक समूह को ट्रेन से उतार दिया. GRP के अधिकारियों ने बताया कि 21 लोगों को हिरासत में लिया गया है.

Advertisement
post-main-image
प्रोटेस्ट में जा रहे लोगों को ट्रेन से उतारा गया. (फोटो- X)

Quick AI HighlightsClick here to view more

  • कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर विशाल प्रदर्शन का आयोजन किया है, जिसका पुलिस ने अनुमति नहीं दी है और प्रदर्शनकारियों को रोकने के प्रयास किए जा रहे हैं।
  • सीजेपी द्वारा वोटर लिस्ट के स्पेशल रिवीजन में कथित धांधली के आरोप के कारण प्रदर्शन का आह्वान किया गया है, जिसके जवाब में पुलिस ने विभिन्न राज्यों से आने वाले प्रदर्शनकारियों को ट्रेनों से उतार दिया है।
  • पुलिस ने प्रदर्शनकारियों की जांच के लिए होटल, लॉज, बसों और हवाई अड्डों पर निगरानी बढ़ा दी है और कई लोगों को हिरासत में लेकर उनके राज्य वापस भेजने का निर्देश दिया गया है।

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रोटेस्ट में शामिल होने वालों के लिए दिल्ली ‘बहुत दूर’ होती जा रही है. रास्ते में ही पुलिस लोगों को ट्रेन से उतारकर घर भेज दे रही है. बीजेपी शासित मध्य प्रदेश के भोपाल, इटारसी और ग्वालियर में पुलिस ने ऐसी ही मुस्तैदी दिखाई. यहां पुलिस ने गोवा, कर्नाटक और महाराष्ट्र से दिल्ली जा रहे करीब 30 प्रदर्शनकारियों को रास्ते में ही रोककर ट्रेन से उतार दिया. उन्हें हिरासत में लेकर ‘समझाया-बुझाया’ गया और अपने-अपने राज्य वापस जाने के लिए कहा. 

Advertisement

दरअसल, वोटर लिस्ट के स्पेशल रिवीजन में कथित धांधली की रिपोर्ट सामने आने के बाद सीजेपी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर विशाल प्रदर्शन का आह्वान किया गया है. कॉकरोच पार्टी को उम्मीद है कि देश भर से हजारों की संख्या में लोग शनिवार, 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पहुंचेंगे. हालांकि, दिल्ली पुलिस ने इस प्रोटेस्ट की इजाजत नहीं दी है. उसका कहना है कि सीजेपी को प्रोटेस्ट के लिए कम से कम 10 दिन पहले परमिशन मांगनी चाहिए थी. 

फिर पिछली बार (जुलाई 2026) के प्रदर्शन के दौरान सीजेपी के कार्यकर्ताओं ने कई नियम तोड़े थे. ये सब कहकर पुलिस ने प्रोटेस्ट की इजाजत देने से मना कर दिया और इलाके में धारा 163 (पहले धारा 144) लगा दी.

Advertisement

हालांकि, कॉकरोच जनता पार्टी प्रदर्शन की जिद पर अड़ी है. लिहाजा, पुलिस का काम थोड़ा बढ़ गया है. अब उसे होटल-होटल जाकर ऐसे लोगों की खोज करनी पड़ रही है, जो प्रोटेस्ट में हिस्सा लेने आए हो सकते हैं. होटल, लॉज, पीजी आदि में पूछताछ का अभियान चल रहा है. ट्रेन, बस और हवाई अड्डे तक पर निगरानी बढ़ा दी गई है.    

30 लोग हिरासत में

इंडियन एक्सप्रेस को मध्य प्रदेश पुलिस के एक सीनियर अफसर ने बताया कि उन्होंने कई प्रदर्शनकारियों को ट्रेनों से उतारा है. उन्हें हिरासत में लेकर समझाया कि वो अपने-अपने राज्यों में वापस लौट जाएं. उन्होंने कम से कम 30 ऐसे प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने का दावा किया, जो कर्नाटक, महाराष्ट्र और गोवा से आए थे. गोवा एक्सप्रेस से सफर कर रहे पुणे के एक ग्रुप को इटारसी में रेलवे पुलिस ने ट्रेन से उतार दिया.

GRP के अफसरों ने बताया कि कम से कम 21 लोगों को हिरासत में लिया गया है. पुलिस को सूचना मिली थी कि दिल्ली जा रहा युवाओं का एक बड़ा ग्रुप पब्लिक ऑर्डर बिगाड़ सकता है. अब इन लोगों को पुणे वापस लौट जाने के लिए कहा गया है.

Advertisement

ये भी पढ़ेंः CJP प्रोटेस्ट से पहले दिल्ली के होटलों में किसे ढूंढ रही पुलिस?

ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (AISF) की पुणे जिला संयोजक श्रावणी बुवा ने बताया कि पुलिस ने उन्हें और एक अन्य कार्यकर्ता निहारिका भोसले को एक बार पहले भी ट्रेन से उतारने की कोशिश की थी. लेकिन दोनों ने ट्रेन से उतरने से इनकार कर दिया था. हालांकि, बाद में उन्हें और उनके 22 साथियों को इटारसी स्टेशन पर ट्रेनों से उतार दिया गया.

इनके अलावा, अन्य जगहों पर भी दिल्ली जा रहे कई प्रदर्शनकारियों और छात्र कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पुलिस उन्हें प्रोटेस्ट में जाने से रोक रही है. सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने तो यहां तक दावा किया कि देश भर में करीब 10 हजार लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है, ताकि वो प्रोेटेस्ट में न आ पाएं.

वीडियो: सीजेपी प्रदर्शन के पहले दिल्ली पुलिस की ताबड़तोड़ तैयारी, जानिए क्या-क्या होगा?

Advertisement