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भारतीयों में इन 5 पोषक तत्वों की कमी, डॉक्टर ने पूरी करने का तरीका बताया

हम भारतीयों में 5 पोषक तत्वों की कमी सबसे ज़्यादा देखी जाती है. इन पोषक तत्वों की कमी क्यों होती है और इन्हें पूरा कैसे किया जाए, ये बताया सी.के.बिड़ला हॉस्पिटल, दिल्ली में क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट, दीपाली शर्मा ने.

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क्या आपको कमज़ोरी और थकान लगती है? (फोटो: Magnific)

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  • सी.के.बिड़ला हॉस्पिटल की क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट दीपाली शर्मा ने बताया कि भारतीयों में सबसे ज़्यादा कैल्शियम, विटामिन D, आयरन, विटामिन B12 और प्रोटीन की कमी पाई जाती है।
  • शरीर में पोषक तत्वों की कमी का कारण खराब डाइट, दूध और दूध उत्पादों का कम सेवन, चाय-कोफी के साथ खाना, और विटामिन C की अपर्याप्तता है, जो पोषक तत्वों के एब्जॉर्प्शन को प्रभावित करती है।
  • पोषक तत्वों की कमी को दूर करने के लिए सही मात्रा में दूध, हरी सब्ज़ियां, नॉनवेज, और विटामिन सप्लीमेंट लेने की सलाह दी गई है, साथ ही धूप में बैठना और लोहे की कड़ाही का उपयोग करना जरूरी बताया गया है।

जैसे बिना फ्यूल के गाड़ी नहीं चलती, वैसे ही हमारे शरीर को भी फ्यूल की ज़रूरत होती है. और शरीर को उसका फ्यूल मिलता है खाने से. हम जो खाते-पीते हैं, उसमें पोषक तत्व होते हैं. ये पोषक तत्व ही शरीर को एनर्जी देते हैं, ताकि वो ठीक से काम कर सके. लेकिन जब हमारी डाइट बिगड़ती है या हम कुछ खास गलतियां करते हैं. तब शरीर में ज़रूरी पोषक तत्वों की कमी हो जाती है. 

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हम भारतीयों में 5 पोषक तत्वों की कमी सबसे ज़्यादा देखी जाती है. ये हैं कैल्शियम, विटामिन D, आयरन, विटामिन B12 और प्रोटीन. इन पोषक तत्वों की कमी क्यों होती है और इन्हें पूरा कैसे किया जाए, ये बताया सी.के.बिड़ला हॉस्पिटल, दिल्ली में क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट, दीपाली शर्मा ने. 

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दीपाली शर्मा, क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट, सी.के.बिड़ला हॉस्पिटल, दिल्ली

कैल्शियम और विटामिन D की कमी 

भारतीयों में कैल्शियम की कमी काफी आम है. कई लोग दूध और दूध से बनी चीज़ें पर्याप्त मात्रा में नहीं खाते. शरीर में विटामिन D की कमी होने पर कैल्शियम की कमी भी हो सकती है. अगर आप खाने के साथ चाय या कॉफी पीते हैं. रोज़ थोड़ी देर धूप में नहीं बैठते या कम बैठते हैं. तब इससे शरीर को पर्याप्त विटामिन D नहीं मिल पाता. इसलिए रोज़ सुबह 8 से 11 के बीच कुछ देर धूप में बैठें. डॉक्टर से पूछकर विटामिन D के सप्लीमेंट ले सकते हैं. 

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नॉनवेज खाने वाले लोग अंडा खा सकते हैं. अंडे की जर्दी में विटामिन D होता है. कैल्शियम से भरपूर चीज़ों में दूध और दूध से बने प्रोडक्ट्स शामिल हैं. रागी, सफेद तिल और मखाने भी कैल्शियम का अच्छा सोर्स हैं. पर इनके साथ आप विटामिन D वाली चीज़ें भी खाएं.

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आयरन की कमी 

दूसरी सबसे आम कमी आयरन की है. अगर शरीर में खून की कमी है, जो महिलाओं को पीरियड्स के दौरान हो सकती है. अगर खाने में विटामिन C की मात्रा कम है. खाना खाने के तुरंत बाद चाय-कॉफी पीते हैं. तब इनसे आयरन का एब्ज़ॉर्प्शन कम होता है. जिससे शरीर में आयरन की कमी हो सकती है. 

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अगर खाने में हरी पत्तेदार सब्ज़ियां और दालें नहीं हैं. खाना लोहे की कड़ाही में नहीं बनाते, तो भी आयरन की कमी हो सकती है. इसलिए खाना बनाने के लिए लोहे की कड़ाही का इस्तेमाल करें. हरी पत्तेदार सब्ज़ियां, दालें और नॉनवेज खाएं. इनके साथ विटामिन C वाली चीज़ें लेना ज़रूरी है. इससे शरीर में आयरन का एब्ज़ॉर्प्शन अच्छा होता है. 

हीम आयरन और नॉन-हीम आयरन, दोनों शरीर के लिए बहुत ज़रूरी हैं. नॉन-हीम आयरन मुख्य रूप से पौधों से मिलने वाली चीज़ों से मिलता है. वहीं, हीम आयरन नॉनवेज खाने से मिलता है. इनके साथ संतरा और आंवला खाएं, जो विटामिन C के अच्छे सोर्स हैं.

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डॉक्टर की सलाह पर सप्लीमेंट भी लिए जा सकते हैं (फोटो: Magnific)

विटामिन B12 की कमी 

तीसरी आम कमी विटामिन B12 की है. ये कई लोगों में देखी जाती है. जो लोग वेजिटेरियन हैं और नॉनवेज नहीं खाते, उनमें इसकी कमी हो सकती है. कुछ लोगों को पेट से जुड़ी दिक्कतें होती हैं, जैसे एसिडिटी. इसकी वजह से शरीर में विटामिन B12 का एब्ज़ॉर्प्शन कम हो सकता है. 

विटामिन B12 मुख्य रूप से नॉनवेज खाने में पाया जाता है. इसलिए आप अंडा, मछली और चिकन खा सकते हैं. वेजिटेरियन लोग दूध और दूध से बनी चीज़ें ले सकते हैं. अगर इसके बावजूद विटामिन B12 की कमी रहती है. तब डॉक्टर की सलाह से सप्लीमेंट या फोर्टिफाइड प्रोडक्ट लिए जा सकते हैं.

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प्रोटीन की कमी 

भारतीयों में प्रोटीन की कमी भी बहुत आम है. इसकी वजह है कि हमारी डाइट में अनाज और कार्बोहाइड्रेट ज़्यादा होता है. अगर हम अपने खाने की प्लेट को ध्यान से देखें, तो उसमें अनाज का हिस्सा सबसे ज़्यादा होता है. जैसे चावल, रोटी और आलू जैसी चीज़ें हम खूब खाते हैं. वहीं, प्रोटीन वाली चीज़ों का हिस्सा अक्सर कम होता है. इसलिए हमारे देश में प्रोटीन की कमी काफी आम है. ऐसे में आप दालें और सोया चंक्स खा सकते हैं. आटे में अलग-अलग अनाज मिलाकर मल्टीग्रेन आटा बना सकते हैं. सत्तू और चना खा सकते हैं, ये भी प्रोटीन के अच्छे सोर्स हैं. 

नॉनवेज खाने वाले चिकन, अंडा और मछली खा सकते हैं. मछली हेल्दी फैट्स और प्रोटीन का अच्छा सोर्स है. हरी पत्तेदार सब्ज़ियां और ज्वार, बाजरा, रागी जैसे मिलेट्स भी खाने चाहिए. मेवे और बीज भी एकसाथ खाए जा सकते हैं. इनसे प्रोटीन और हेल्दी फैट्स के साथ फाइबर भी मिलता है. 

(यहां बताई गई बातें, इलाज के तरीके और खुराक की जो सलाह दी जाती है, वो विशेषज्ञों के अनुभव पर आधारित है. किसी भी सलाह को अमल में लाने से पहले अपने डॉक्टर से ज़रूर पूछें. दी लल्लनटॉप आपको अपने आप दवाइयां लेने की सलाह नहीं देता.)

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