नेपाल में 26 अगस्त को आई बाढ़ से सैकड़ों जानें चली गईं. हजारों लोग अब भी लापता हैं और लाखों प्रभावित हैं. राहत-बचाव जारी है, लेकिन नई झील बनने से दोबारा बाढ़ का खतरा भी बना हुआ है. इस बीच सोशल मीडिया पर दो वीडियो वायरल हैं जिसे नेपाल की हालिया बाढ़ का बताकर शेयर किया जा रहा है. दोनों वीडियो की सच्चाई एक-एक कर जानते हैं.
नेपाल की बाढ़ का बताकर वायरल हुए इन वीडियो का सच क्या है?
नेपाल में 26 अगस्त को आई बाढ़ से सैकड़ों जानें चली गईं, हजारों लोग अब भी लापता हैं और लाखों प्रभावित हैं. राहत-बचाव जारी है, लेकिन नई झील बनने से दोबारा बाढ़ का खतरा भी बना हुआ है. इस बीच सोशल मीडिया पर दो वीडियो वायरल हैं जिसे नेपाल की हालिया बाढ़ का बताकर शेयर किया जा रहा है. दोनों वीडियो की सच्चाई एक-एककर जानते हैं.

वीडियो-1
इस वीडियो में एक संकरे रास्ते में भागते हुए लोग दिखाई दे रहे हैं. तेज बहाव उनका पीछा कर रहा है. दावा किया जा रहा कि ये नेपाल में 26 अगस्त को आए बाढ़ का है.
Ntvtime_india नाम के इंस्टाग्राम पेज पर वायरल वीडियो को शेयर करते हुए लिखा गया है, 'नेपाल की बाढ़ का डरावना वीडियो आया सामने.'
X पर सुभाजित दास नाम के एक यूजर्स ने वायरल वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, “तिब्बत में ग्लेशियर टूटने की वजह से नेपाल-तिब्बत सीमा पर भयंकर बाढ़ आई है. गंडक नदी की पानी का स्तर बहुत बढ़ गया है.”
ट्वीट का आर्काइव यहां देख सकते हैं.
पड़तालक्या वायरल वीडियो नेपाल का है? वायरल वीडियो को रिवर्स सर्च करने पर हमें एक फेसबुक पोस्ट मिली. इसपे 4 अगस्त, 2026 को वायरल वीडियो अपलोड है. अरबी भाषा में लिखे कैप्शन में इसे यमन के याफा का बताया गया है. हिंदी तर्जुमा है, “यमन के याफा में आज बरसे बादलों का यह खूबसूरत नज़ारा. बंजर पड़ चुकी ज़मीन में नई जान फूंकते ये दृश्य न केवल आंखों को सुकून पहुंचाते हैं, बल्कि मायूस दिलों में एक नई आस भी भर देते हैं."

याफ़ा यमन के दक्षिणी हिस्से में बसा इलाका है. यानी साफ है कि वायरल वीडियो का नेपाल में आई बाढ़ से कोई लेना-देना नहीं है. इंटरनेट पर नेपाल की बाढ़ आने से 21 दिन पहले से इंटरनेट पर मौजूद है.
यमन की मीडिया वेबसाइट Aden Al-Ghad पर 3 अगस्त को छपी रिपोर्ट के मुताबिक, अगस्त की शुरुआत में हुई मूसलाधार बारिश ने वहां राहत दी है. रिपोर्ट बताती है कि यमन के सब्बाह जिले के Al-Arqa और Tasa इलाकों में बारिश से कॉफी बागानों की सिंचाई में मदद मिली.
वीडियो-2
इस वीडियो में पहाड़ी इलाके से पानी और मलबे का तेज़ बहाव घरों को बहाकर ले जाते हुए दिखाई दे रहा है. इसे भी नेपाल में आई बाढ़ का बताकर शेयर किया जा रहा है.
इंस्टाग्राम पर ‘Vishal_gj2_vlogs’ नाम के पेज ने वायरल वीडियो को शेयर करते हुए लिखा, “हे ईश्वर, नेपाल में आई इस प्राकृतिक आपदा से प्रभावित हर परिवार को हिम्मत और शक्ति देना.”
वीडियो को नेपाल का बताकर कई अन्य यूजर्स ने भी पोस्ट किया है जिनके पोस्ट आप यहां और यहां देख सकते हैं.
पड़तालवायरल वीडियो को रिवर्स सर्च करने पर हमें ये ruhaanbhardawaj नाम के इंस्टाग्राम पेज पर मिला. इसे 5 अगस्त 2025 को अपलोड किया गया था. कैप्शन में इसे उत्तराखंड के उत्तरकाशी का बताया गया है. कैप्शन में लिखा है, “उत्तरकाशी के धराली में बादल फटने से भारी तबाही.”
वायरल वीडियो टाइम्स ऑफ इंडिया के इंस्टाग्राम पेज पर भी 5 अगस्त, 2025 को अपलोड किया गया था. पोस्ट के मुताबिक, उत्तराखंड के उत्तरकाशी में खीर गंगा नदी के ऊपरी इलाके में बादल फटने से धराली गांव में अचानक बाढ़ आ गई थी, जिसमें कम से कम चार लोगों की मौत हो गई थी.
यानी ये साफ है कि वीडियो सालभर पहले से इंटरनेट पर मौजूद है और इसका भी नेपाल की हालिया बाढ़ से कोई लेना-देना नहीं है.
नतीजाकुल मिलाकर पहले से इंटरनेट पर मौजूद अलग-अलग जगहों में आई आपदा के वीडियो को नेपाल का बताकर भ्रामक दावे के साथ शेयर किया गया है.
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वीडियो: भारत कैसे कर रहा है नेपाल की मदद?












