जिग्नेश की इस फोटो के साथ एक मेसेज भी सर्कुलेट हो रहा है. इसमें लिखा है-
क्या वाकई मेवाणी को बेगूसराय में पीटा गया. आखिर इस पोस्ट की हकीकत क्या है वायरल पोस्ट की असलियत क्या है?
जिस फोटो को मेवाणी की पिटाई वाली फोटो बताया जा रहा है, उसे खुद मेवाणी ने 18 फरवरी 2018 को ट्वीट किया था. इस पोस्ट के साथ मेवाणी ने लिखा था- गुजरात के 50 लाख दलितों का बीजेपी सरकार पर भरोसा नहीं रहा. इसलिए हमनें गुजरात के राज्यपाल को दलित विरोधी सरकार को बर्खास्त करने और राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने का अनुरोध किया है.
जिग्नेश की इसी पोस्ट में इस्तेमाल की गई फोटो को बेगूसराय का बताकर अभी एक नए कॉन्टेक्स्ट में शेयर किया जा रहा है. वायरल पोस्ट के बारे में जब लल्लनटॉप ने जिग्नेश मेवाणी से बात की, तो उन्होंने कहा-
मेरी पुरानी फोटो का इस्तेमाल अफवाह फैलाने के लिए किया जा रहा है. मुझे इससे फर्क नहीं पड़ता. मैं इस तरह की पोस्ट को मनोरंजन के तौर पर लेता हूं. अगर इस तरह की पोस्ट से मेरे वजन पर कोई फर्क पड़ता, तो मैं इस पर जरूर ध्यान देता.बेगूसराय में क्या कर रहे थे जिग्नेश? बेगूसराय सीट से कन्हैया कुमार भाकपा के उम्मीदवार हैं. यहां चौथे चरण में 29 अप्रैल को वोटिंग है. जिग्नेश और कन्हैया की दोस्ती है. सो वो कन्हैया के प्रचार के लिए बेगूसराय गए थे. वहां उन्होंने घूम-घूमकर लोगों से कन्हैया को वोट देने की अपील की. मेवाणी ने लोगों से अपील की कि वे कन्हैया को वोट दें क्योंकि वह अच्छा लड़का है. कन्हैया के लिए वोट मांगते जिग्नेश मेवाणी का वीडियो भी वायरल हुआ था. हमारी पड़ताल में जिग्नेश की पिटाई वाला पोस्ट फर्जी पाया गया. आपके पास भी कोई पोस्ट या फिर तस्वीर या फिर कोई वीडियो हो, जिसपर आपको शक हो तो उसकी पड़ताल के लिए भेजिए padtaalmail@gmail.com पर. हम उसकी पड़ताल करेंगे और आपको उसकी हकीकत बताएंगे.
फैक्ट चेक: तेज प्रताप यादव ने ससुर चंद्रिका राय को वोट न देने की अपील की है?












