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'डार्क पैटर्न' का यूज किया, Zepto, BookMyShow जैसे प्लेटफॉर्मों पर जुर्माना ठुका, लेकिन ये होता क्या है?

मंत्रालय ने लिखित जवाब में कहा कि सीसीपीए ने ऑनलाइन मार्केट में अपनाए जा रहे गलत तरीकों से निपटने के प्रयासों को तेज कर दिया है. मंत्रालय ने यह भी कहा कि कई मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक सीसीपीए ने डार्क पैटर्न से जुड़े दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों से जुर्माने के रूप में लाखों रुपये वसूल किए हैं.

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सबसे मोटा जुर्माना जेप्टो मार्केटप्लेस पर लगाया गया है (फोटो क्रेडिट: India Today)

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  • केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने जेप्टो, फिजिक्सवाला, बुक मॉय शो और अन्य 9 डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर 'डार्क पैटर्न' का उपयोग करने के आरोप में कार्रवाई कर कुल 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया।
  • सरकार ने 2023 में डार्क पैटर्न को रोकने के लिए गाइडलाइंस जारी की थीं, क्योंकि इन ऑनलाइन हथकंडों से ग्राहक भ्रमित होकर अनजाने में खरीदारी कर लेते हैं, जिससे उपभोक्ता संरक्षण की आवश्यकता बढ़ी।
  • CCPA द्वारा लगाई गई कार्रवाई के बाद इन कंपनियों को डार्क पैटर्न बंद करने और ऑडिट कराने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे भविष्य में उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा करने की संभावना बढ़ी है।

केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने जेप्टो, बुक मॉय शो, फिजिक्सवाला और इंडिगो सहित 9 डिजिटल प्लेटफॉर्मों पर तगड़ी कार्रवाई की है. इन कंपनियों पर "डार्क पैटर्न" का इस्तेमाल करने का आरोप है. सरकार ने राज्यसभा को सूचित किया कि इन कंपनियों को इस तरह की प्रैक्टिस रोकने के निर्देश दिए गए हैं.

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इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने लिखित जवाब में कहा कि सीसीपीए ने ऑनलाइन मार्केट में अपनाए जा रहे गलत तरीकों से निपटने के प्रयासों को तेज कर दिया है. मंत्रालय ने यह भी कहा कि कई मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक सीसीपीए ने डार्क पैटर्न से जुड़े दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों से जुर्माने के रूप में लगभग 20 लाख रुपये वसूल किए हैं.

डार्क पैटर्न क्या है?

डार्क पैटर्न्स को रोकने के लिए साल 2023 में सरकार ने गाइडलाइंस बनाई थीं. इन गाडलाइंस में बतौर डार्क पैटर्न ऐसे 13 ऑनलाइन हथकंडों को शामिल किया गया था कि जिनका इस्तेमाल कंपनियां ग्राहकों को प्रभावित या भ्रमित करके उनसे खरीदारी कराने के लिए करती हैं. उदाहरण के लिए ग्राहकों को ये दिखाना कि जल्दी खरीदारी करें क्योंकि सेल खत्म होने में दो घंटे बचे हैं या प्रोडक्ट्स खत्म होने में चंद घंटे बचे हैं.

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एक और ‘डार्क पैटर्न’ की बात करें तो ग्राहक की जानकारी के बिना उसके शॉपिंग कार्ट में अतिरिक्त सामान एड कर दिया जाता था. सरकार ने ड्रिप प्राइसिंग को भी इसमे शामिल किया था. इसके तहत शुरुआत में कम कीमत दिखाई जाती है, लेकिन भुगतान के समय अलग-अलग शुल्क जोड़कर बिल बढ़ा दिया जाता है. पिछले साल जून (2025) में, सीसीपीए ने एक सलाह जारी कर ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्मों से खुद ऑडिट करने और अपने प्लेटफॉर्म पर किसी भी तरह के संदिग्ध पैटर्न की पहचान करने का निर्देश दिया था.

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किस कंपनी कितना जुर्माना?

सरकार के जवाब के मुताबिक सबसे मोटा जुर्माना जेप्टो मार्केटप्लेस पर लगाया गया है. कंपनी पर 7 लाख रुपये का जुर्माना लगा है. इसी बीच, सीसीपीए ने फिजिक्सवाला पर 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. इसके अलावा, फर्स्टक्राई पर 2 लाख रुपये, अनुज जिंदल पर 3 लाख रुपये और फॉर्मईजी, मैक्फी और स्पाइसजेट पर 1-1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है.

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