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गैस सिलेंडर लेने से पहले ये नया नियम जान लीजिए

कुकिंग गैस सिलेंडर को लेकर एक बड़े नियम में तब्दीली की गई है. इसका असर प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत फ्री सिलेंडर ले रहे लोगों पर पड़ेगा. जून महीने में उज्जवला के तहत सिलेंडर लेने वालों को पहले इसका भुगतान करना होगा. इसके बाद सरकार उनके खातों में पैसे डालेगी.

दरअसल मार्च में कोरोना संकट बढ़ने के बाद सरकार ने ऐलान किया था कि तीन महीने तक उज्जवला योजना वालों को फ्री सिलेंडर मिलेगा. अप्रैल और मई में मिला भी. इसके लिए सरकार की तरफ से पहले ही डायरेक्ट बेनेफिट ट्रांसफर के तहत सिलेंडर लेने वालों के खातों में पैसे डाल दिए गए थे. लेकिन अब तीसरे महीने यानी जून के लिए नियम बदले गए हैं.

योजना के तहत सिलेंडर लेते वक्त तो भुगतान करना ही होगा. इसके बाद सरकार रीइंबर्समेंट (बाद में उतना पैसा देना) करके उतना पैसा अकाउंट में डाल देगी.

उज्जवला के तहत 14 किलो वाले वाले 3 एलपीजी सिलेंडर और 5 किलो वाले 8 सिलेंडर देने का प्रावधान है. एक महीने के अंदर 14 किलो वाला एक ही सिलेंडर मिलता है.

ईएमआई डेफरमेंट स्कीम आगे बढ़ सकती है

इसके अलावा उज्जवला वालों के लिए एक अच्छी ख़बर भी है. तेल कंपनियां EMI डेफरमेंट स्कीम की मियाद एक साल तक के लिए बढ़ा सकती हैं. दरअसल उज्जवला के तहत सिलेंडर लेने वालों को आधा पैसा तो सरकार दे देती है. आधा पैसा ग्राहक को किश्तों मे तेल कंपनियों को चुकाना होता है. इसमें भी राहत देने के लिए पिछले साल EMI डेफरमेंट स्कीम लाई गई थी.

इसके तहत एक साल में ग्राहक अगर 14 किलो के 6 सिलेंडर लेता है तो कोई EMI नहीं देनी पड़ती. सातवें सिलेंडर पर EMI कटती. अब इसी EMI डेफरमेंट स्कीम को एक साल बढ़ाने की बात चल रही है. अंतिम फैसला आना अभी बाकी है.


छह महीने में छठीं बार बढ़ गए घरेलू गैस सिलेंडर के दाम

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