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फोन में 'आरोग्य सेतु' ऐप डाउनलोड कीजिए या फिर कड़ी सजा के लिए तैयार रहिए!

आरोग्य सेतु ऐप. कोरोना के इस दौर में सरकार ने लॉन्च किया इस ऐप को. इसे डाउनलोड कराने के लिए सरकार ने पहले दिन से ही काफी मेहनत शुरू कर दी थी. खुद प्रधानमंत्री ये ऐप डाउनलोड करने को कह चुके हैं. लेकिन अब इसे डाउनलोड न करने पर IPC की धारा 188 के तहत गंभीर कार्रवाई हो सकती है. फिलहाल दिल्ली से सटे नोएडा में इसको डाउनलोड कराने के लिए प्रशासन ने आदेश जारी किया है.

क्या है आदेश में

वे लोग जो नोएडा अथवा ग्रेटर नोएडा में रह रहे हैं, उन्हें ये ऐप अपने फोन में डाउनलोड करके रखना होगा. अगर किसी के स्मार्टफोन में यह ऐप नहीं होगा, तो उसके खिलाफ IPC की धारा 188 के तहत मामला दर्ज किया जा सकता है. यह धारा सरकारी आदेश को न मानने पर लगाई जाती है. इसमें व्यक्ति को छह महीने की कैद या 1000 का जुर्माना हो सकता है.

डीसीपी लॉ एंड ऑर्डर अखिलेश कुमार के मुताबिक-

यह ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट तय करेंगे कि व्यक्ति को चेतावनी देकर छोड़ दिया जाए या जुर्माना अथवा जेल होगी. अगर लोग इसे जल्द डाउनलोड कर लेंगे, तो हम उन्हें जाने देंगे. हम ऐसा सिर्फ इसलिए कर रहे हैं कि लोग आदेश को गंभीरता से लें. अगर फोन में डेटा नहीं है, तो हम तुरंत ही उन्हें फोन का हॉट-स्पॉट देंगे. अगर फोन में जगह नहीं होने जैसी समस्या आएगी, तो हम व्यक्ति का फोन नंबर लेंगे और बाद में कॉल करके चेक करेंगे कि डाउनलोड किया या नहीं? पुलिस जहां भी ड्यूटी पर है, इसकी जांच करेगी.

केंद्र के द्वारा जारी गाइडलाइंस के अनुसार, यह ऐप उनके लिए अनिवार्य है, जो ऑफिस जा रहे हैं. यह नियम सरकारी या प्राइवेट सेक्टर, कहीं भी काम कर रहे व्यक्ति के लिए अनिवार्य है. हालांकि राज्य चाहे, तो केंद्र के इस आदेश में और कड़ाई कर सकता है. यही कड़ाई नोएडा और ग्रेटर नोएडा में देखी भी जा रही है.



वीडियो देखें: आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करने के फायदे क्या हैं?

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