घर में शेर और विदेश में भेड़. 1990 के दशक के आखिर में भारतीय क्रिकेट टीम को इसी नाम से पुकारा जाता था. लेकिन जब 2000 में मैच फिक्सिंग कांड के बाद सौरव गांगुली को कप्तान बनाया गया, तो भारत ने अपनी खराब विदेशी टीम की छवि को बदलना शुरू कर दिया. 'फैब फाइव' बल्लेबाजी इकाई के उभरने ने भारत को विदेशों में मैच जीतने में अहम भूमिका निभाई, खासकर टेस्ट क्रिकेट में. जब भारत ने 2002 में चार मैचों की टेस्ट सीरीज़ के लिए इंग्लैंड का दौरा किया, तब तक बहुत कुछ बदल चुका था. क्या हुआ था 2002 टेस्ट में, जानने के लिए देखें पूरा वीडियो.
कहानी 2002 के Leeds टेस्ट की, सचिन-द्रविड़-गांगुली की तिकड़ी ने इंग्लिश गेंदबाजों को खूब परेशान किया था
'फैब फाइव' बल्लेबाजी यूनिट के उभरने ने भारत को विदेशों में मैच जीतने में अहम भूमिका निभाई.
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