टी20 वर्ल्ड कप 2026 में जिम्बाब्वे (Zimbabwe) के लिए ग्रुप बी, ‘ग्रुप ऑफ डेथ’ था. वहां से निकलना उसके लिए मुश्किल था. उसके सामने ऑस्ट्रेलिया (Australia) और श्रीलंका (Sri Lanka) जैसी तगड़ी टीमें थीं. आईसीसी (ICC) ने वर्ल्ड कप में इसी तरह से ग्रुप बनाए कि दो स्ट्रॉन्ग टीमें सुपर 8 के लिए क्वालीफाई करेंगी. लेकिन, जिम्बाब्वे ने आईसीसी के प्लानिंग पर भी पानी फेर दिया. ग्रुप मैचों में उसने अपने से कई गुना बेहतर टीमों को पटखनी दी. जिस, ऑस्ट्रेलिया को वर्ल्ड कप का कंटेंडर माना जा रहा था, उसको जिम्बाब्वे ने हराकर बाहर कर दिया. कुछ क्रिकेट एक्सपर्ट्स ने जिम्बाव्बे की इस जीत को उलटफेर बताया. लेकिन, जब उसने आखिरी ग्रुप मैच में श्रीलंका को उसके घर में पटका, तब यकीन हुआ कि जिम्बाब्वे को हल्के में नहीं लेना चाहिए. साल 2021 और 2024 टी20 वर्ल्ड कप से दूर रहे जिम्बाब्वे ने इस वर्ल्ड कप में धमाल मचाते हुए सुपर 8 में एंट्री की.
वॉल्श और रजा ने कैसे जिंबाब्वे को बनाया जायंट किलर?
टी20 वर्ल्ड कप 2026 (T20 World Cup) में जिम्बाब्वे (Zimbabwe) ने अपने से ज्यादा ताकतवर टीमों को हराकर सुपर 8 में जगह बनाई है. ग्रुप मैचों में उसने ऑस्ट्रेलिया (Australia) और श्रीलंका (Sri Lanka) जैसी टीमों को शिकस्त दी.


आखिर जिम्बाब्वे की टीम में इतनी ताकत कहां से आई? वो कौन खिलाड़ी हैं जिसने टीम में नई जान फूंक दी? वो टीम, जो कॉम्पिटिशन में नहीं थी. वर्ल्ड कप से पहले जिसका कोई नाम लेना वाला नहीं था. एक ऐसी टीम, जो दूसरों के मुकाबले काफी कमजोर थी. फिर भी, टीम के कप्तान सिकंदर रजा ने इन चीजों की परवाह नहीं की. उन्होंने परफॉर्मेंस पर फोकस रखा. सामने कौन टीम हैं, वह कितनी तगड़ी है, उसके खिलाफ हमारा रिकॉर्ड क्या है? रजा ने इस पर ध्यान नहीं दिया. उन्होंने अपना फोकस सिर्फ इस चीज पर रखा कि हमें सामने वाली टीम को टक्कर देना है. सिकंदर रजा जब से टीम के कप्तान बने हैं, जिम्बाब्वे की टीम बेहतर कर रही है. उनके अलावा कुछ प्लेयर और हैं, जिन्होंने टी20 वर्ल्ड कप में पूरी ताकत झोंकी दी है.
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टी20 वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे का पहला मुकाबला ओमान से हुआ. ओमान ने उसे मैच जीतने के लिए 104 रनों का टारगेट दिया. जिम्बाब्वे की टीम बस जीतने वाली थी. उसे 6 रन बनाने थे. ऐसे में बैटिंग कर रहे ब्रेंडन टेलर की हैमस्ट्रिंग में दिक्कत आ गई. परेशानी इतनी कि उन्हें रिटायर्ड हर्ट होना पड़ा. उन्होंने 31 रन बनाए. जिम्बाब्वे ने यह मैच 8 विकेट से जीता. लेकिन, ब्रेंडन टेलर चोट की वजह से वर्ल्ड कप से बाहर हो गए. टेलर टीम के सबसे अनुभवी प्लेयर थे. टी20 वर्ल्ड कप से उनका बाहर होना जिम्बाब्वे के लिए बड़ा झटका था.
जिम्बाब्वे ने हार नहीं मानीब्रेंडन टेलर के टूर्नामेंट के बाहर होने के बाद जिम्बाब्वे ने हार नहीं मानी. टीम ने दोगुनी ताकत से अपोनेंट को टक्कर दी. ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैच में जिम्बाब्वे ने जो किया, उसकी लंबे समय तक मिसाल दी जाएगी. इस मुकाबले में जिम्बाब्वे ने पहले 2 विकेट पर 169 रन बनाए. बाद में ऑस्ट्रेलिया को 146 रनों पर समेट दिया. ऑस्ट्रेलिया के लिए यह हार्टब्रेकिंग हार थी. वहीं, जिम्बाब्वे के लिए यह जीत किसी बूस्टर से कम नहीं थी.
इसके बाद, जिम्बाब्वे का तीसरा मैच आयरलैंड के खिलाफ बारिश की भेंट चढ़ गया. वहीं, चौथे मैच में श्रीलंका के खिलाफ उसने इतिहास रच दिया. कोलंबो में हुए मैच में श्रीलंका ने उसे 179 रनों का टारगेट दिया. जिम्बाब्वे ने इस मुकाबले को एकतरफा करते हुए 6 से विकेट जीता. इसके बाद, जिम्बाब्वे की टीम ने ‘ग्रुप ऑफ डेथ’ में टॉप पर रहते हुए सुपर 8 में एंट्री की.
टी20 वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे ने जो धमाल मचाया है, उनका क्रेडिट कप्तान सिकंदर रजा को जाता है. उन्होंने टीम को लीड करते हुए उसकी तस्वीर बदली दी. उन्होंने टीम को फाइटिंग स्पिरिट सिखाई. उन्होंने खुद आगे आकर टीम में नई जान फूंकी. सिकंदर रजा ने अपने बैटर्स और बॉलर्स को हमेशा बेहतर करने के लिए प्रेरित किया है.
सबसे सफल कप्तानसिकंदर रजा जिम्बाब्वे के सबसे सफल कप्तान हैं. जुलाई 2015 में उन्होंने पहली बार टीम की कप्तानी की. इसके बाद जुलाई 2021 से उन्हें टीम का रेग्युलर कप्तान बनाया गया. सिकंदर रजा अब तक 63 टी20 इंटरनेशनल में कप्तानी कर चुके हैं. उनकी कैप्टेंसी में जिम्बाब्वे ने 30 मैच जीते और 31 मुकाबले हारे हैं. इस दौरान 2 मैचों का रिजल्ट नहीं आया.
कोर्टनी वॉल्श से टिप्स ले रहे पेसरटी20 वर्ल्ड कप 2026 में जिम्बाब्वे के बॉलर कोर्टनी वॉल्श से टिप्स ले रहे हैं. वर्ल्ड कप से पहले जिम्बाब्वे ने उन्हें अपना बॉलिंग कंसल्टेंट बनाया था. उनकी देखरेख में फास्ट बॉलर ब्लेसिंग मुजरबानी, ब्राड इवांस और रिचर्ड नागरवा की धार और पैनी हुई है. मुजरबानी वर्ल्ड कप में 9 विकेट ले चुके हैं. वह टीम के लीडिंग विकेट टेकर हैं. उनके अलावा, ब्राड इवांस ने 8 और नगारवा ने 3 विकेट लिए हैं. इनके अलावा, स्पिनर ग्रीम केमर और रेयान बर्ल ने मौका पड़ने पर विकेट चटकाए हैं.
बैटिंग में स्ट्रगलटी20 वर्ल्ड कप 2026 में जिम्बाब्वे की ताकत बॉलिंग है. बैटिंग में उतना दम नहीं है. टीम का कोई भी बैटर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले टॉप-5 बैटर्स में शामिल नहीं है. वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे के लिए सबसे ज्यादा 175 रन ब्रायन बेनेट ने बनाए हैं. इस दौरान वह दो हाफ सेंचुरी भी लगा चुके हैं. बेनेट के अलावा सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बैटर में तदिवानाशे मारुमानी ने 90, सिकंदर रजा ने 75 और रेयान बर्ल ने 58 रन बनाए हैं.
10 साल बाद वर्ल्ड कप में खेल रहा जिम्बाब्वेजिम्बाब्वे की टी20 वर्ल्ड कप में आखिरी बार साल 2016 में खेली थी. इसके बाद, 10 साल तक जिम्बाब्वे वर्ल्ड कप से दूर रहा. टी20 वर्ल्ड कप 2021 से पहले आईसीसी ने उसे निलंबित कर दिया था. निलंबन की वजह जिम्बाब्वे क्रिकेट एडमिनिस्ट्रेशन में सरकार का दखल देना था. जिसकी वजह से जिम्बाब्वे की टीम क्ववालीफायर मैच समेत टी20 वर्ल्ड कप में नहीं खेल पाई. वहीं, 2024 टी20 वर्ल्ड कप के लिए जिम्बाब्बे की टीम क्वालीफाई नहीं कर पाई थी.
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