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बुमराह के खिलाफ वैभव ने जो किया, सचिन 37 साल पहले ही कर चुके हैं

Vaibhav Sooryavanshi ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ मैच में ताबड़तोड़ बैटिंग की. उनकी बैटिंग देखकर क्रिकेट फैंस को सचिन की 37 साल पुरानी हिटिंग याद आ गई.

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मुंबई के खिलाफ मैच में वैभव ने 37 साल पुरानी याद ताजा करा दी. (फोटो- PTI/ India Today)

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  • 7 अप्रैल 2026 को गुवाहाटी में हुए IPL मैच में 15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ जसप्रीत बुमराह की गेंदों पर दो छक्के लगाए।
  • इस प्रदर्शन का संदर्भ 1989 में सचिन तेंदुलकर द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ एक एग्जीबिशन मैच में अब्दुल कादिर के विरोध में दिखाए गए शॉट्स से जुड़ा है।
  • वैभव के इस खेल ने क्रिकेट जगत में उनकी संभावित स्टार स्थिति को दर्शाया और भविष्य में उनकी उठापटक के लिए नए अवसर पैदा किए।

7 अप्रैल को IPL 2026 में मुंबई इंडियंस (MI) के खिलाफ मैच में वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) का बल्ला गजब चला. गुवाहाटी में हुए मुकाबले में वैभव ने कुछ ऐसा किया जिससे 37 साल पुरानी याद रिफ्रेश हो गई. मुंबई के खिलाफ मैच में 15 साल के इस ओपनर ने जिस तरह वर्ल्ड के क्लास बॉलर्स की धुनाई की, उसे क्रिकेट फैंस लंबे समय तक याद रखेंगे.

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बारसापारा क्रिकेट स्टेडियम में फैंस वैभव सूर्यवंशी को जसप्रीत बुमराह (Jasprit Bumrah) के सामने बैटिंग करते देखना चाहते थे. वैभव ने किसी को निराश भी नहीं किया. 22 यार्ड की पिच पर वो पहली बार दुनिया के सबसे लीथल बॉलर के सामने थे. और उन्होंने जो किया, वो देख पूरे क्रिकेटिंग वर्ल्ड की आंखें फटी रह गईं.

37 साल पुरानी याद ताजा हुई

जसप्रीत बुमराह मौजूदा टाइम में वर्ल्ड क्लास बॉलर हैं. दुनिया का हर बैटर उनकी पेस बॉलिंग को संभलकर खेलता है. लेकिन, वैभव को मानो इसकी परवाह ही नहीं थी. उन्होंने गजब का इंटेंट दिखाते हुए बुमराह की पहली गेंद पर लॉन्ग ऑन के ऊपर से छक्का जड़ दिया. गुवाहाटी में उनका ये सिक्स देख लोग 37 साल पहले हुए एक मैच को याद करने लगे. कौन सा मैच? आइए बताते हैं.

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साल था 1989 का. मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंडुलकर (Sachin Tendulkar) पाकिस्तान टूर पर थे. वो पहली बार इंडियन टीम के स्क्वॉड में शामिल हुए थे. इस टूर पर उन्होंने कराची, फैसलाबाद, लाहौर और सियालकोट में टेस्ट मैच खेले. टेस्ट के बाद ODI की बारी थी.

16 दिसंबर 1989 को इसी टूर भारत और पाकिस्तान के बीच पेशावर में वनडे मैच होना था. स्टेडियम में फैन्स की खचाखच भीड़ थी. पर बारिश आई, और मैच रद्द हो गया. लेकिन, फैंस कुछ तो देखना चाहते थे. इसलिए दोनों टीमों के बीच 20 ओवर का एग्जीबिशन मैच (Exhibition Match) खेला गया. ये मैच 20-20 ओवर का हुआ. पर ये T20 मैच नहीं था. तब तक तो किसी भी इस फॉर्मेट के बारे में पता नहीं था.

पाकिस्तान ने पहले खेलते हुए 157 रन बनाए. पेशावर क्रिकेट स्टेडियम में फैंस 16 साल के सचिन की बैटिंग देखने के लिए बेताब थे. लोग यह देखने को आतुर थे कि सचिन इस मुकाबले में इमरान खान, वसीम अकरम, आकिब जावेद, वकार यूनिस, अब्दुल कादिर और मुश्ताक अहमद के सामने कैसे बैटिंग करेंगे? ऐसा इसलिए भी था क्योंकि सचिन टेस्ट सीरीज में कुछ इम्पैक्टफुल इनिंग्स खेल चुके थे.

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सचिन इस एग्जीबिशन मैच में पांचवें नंबर पर बैटिंग करने आए. मैच भारत के हाथ से लगभग निकल चुका था. फिर क्रीज पर आए सचिन तेंडुलकर. सचिन पाकिस्तान के बॉलिंग अटैक के सामने शानदार टच में थे. गजब के शॉट लगा रहे थे. पहले तो उन्होंने मुश्ताक अहमद को गियर में लिया. उनकी बॉल पर शॉट्स खेले, और रन बनाए. जो उनको बिल्कुल भी पसंद नहीं आया. मुश्ताक को रन खाता देख अब्दुल कादिर ने कहा कि, ‘नए बॉलर को क्या मार रहे हो, मेरी बॉल खेलकर दिखाओ.’

सचिन ने दिखाया वो किस लायक हैं

कादिर उस समय दुनिया के बेस्ट लेग स्पिनर थे. उनकी जादुई गेंदों को समझना किसी भी बैटर के लिए चुनौती थी. वह अपने यूनीक बॉलिंग एक्शन, गूगली और स्टॉक डिलिवरी से बैटर्स को छकाने में माहिर थे. पर युवा तेंडुलकर को इन सब की परवाह नहीं थी. उन्हें अपनी स्किल्स और अपने बल्ले पर भरोसा था. उन्होंने कादिर को नहीं, उनकी गेंदों को खेला. 16 साल के सचिन ने गजब का जज्बा दिखाते हुए अब्दुल कादिर के एक ओवर में 4 छक्के जड़ दिए.

इससे पहले कादिर ने उस समय के बेस्ट बैटर्स में से एक श्रीकांत को मेडन ओवर डाला था. वह मैच में पूरी दम लगाकर बॉलिंग कर रहे थे. कादिर विकेट की तलाश में थे. वह 16 साल के स्कूलब्वॉय सचिन को भी उतनी ही कसी गेंदबाजी कर रहे थे. लेकिन सचिन के मन में कुछ और ही था उस दिन.

सचिन ने इस ओवर में कादिर की पहली दो गेंदों पर लॉन्ग ऑन के ऊपर से छक्के लगाए. फिर एक छ्क्का उन्होंने मिड विकेट के ऊपर से जड़ा. सचिन ने चौथा छ्क्का एक्स्ट्रॉ कवर के ऊपर से मारा.

 300 के स्ट्राइक रेट से बैटिंग की

इस मुकाबले में सचिन ने ताबड़तोड़ बैटिंग करते हुए 18 गेंदों पर 53 रन बनाए थे. यानी लगभग 300 के स्ट्राइक रेट से बैटिंग की. सचिन ने इंडियन टीम की मैच में वापसी तो कराई, पर भारत ये मैच जीत नहीं पाया. 4 रनों से टीम को हार मिली. लेकिन सचिन ने उस दिन पूरी दुनिया को मैसेज दे दिया कि आने वाला टाइम उनका होने वाला है.

कट टू 2018. अब्दुल कादिर ने इंडिया टुडे से बात करते हुए ये माना था कि उन्होंने खुद ही सचिन को शॉट्स लगाने के लिए उकसाया था. पर असल बात ये है कि कादिर ने सचिन को लेकर कुछ भी कहा हो, मैच में उन्होंने हर गेंद पर उन्हें आउट करने की कोशिश की थी. और सचिन का जवाब पूरी दुनिया को पता है.

अब आते हैं 7 मार्च 2026 में. गुवाहाटी में वैभव सूर्यवंशी ने कुछ इसी अंदाज में दुनिया के बेस्ट बॉलर जसप्रीत बुमराह को हिट किया. दो छक्के लगाकर वैभव ने सचिन की याद दिला दी. उन्होंने बुमराह के साथ वह किया, जो 37 साल पहले सचिन ने अब्दुल कादिर के साथ किया था. बुमराह को भी यकीन नहीं था कि सूर्यवंशी उनकी बॉल्स पर इस तरह से खेलेंगे. लेकिन, 15 साल के इस लड़के ने गजब का कॉन्फिडेंस दिखाते हुए बुमराह के पहले ओवर में ही 2 छक्के जड़ दिए.

सचिन ने जब अब्दुल कादिर की पिटाई की थी, तब उनकी उम्र सिर्फ 16 साल थी. उस समय कादिर दुनिया के सबसे करिश्माई बॉलर हुआ करते थे. वहीं, मौजूदा समय में जसप्रीत बुमराह भी दुनिया के सबसे बेहतरीन पेसर्स में से एक हैं. लेकिन, 15 साल के वैभव ने उनके खिलाफ शानदार छक्के लगाकर बता दिया कि आने वाले समय के वह स्टार बैटर हैं. 

वैभव VS बुमराह

क्रिकेट के किसी भी फॉर्मेट में यह पहला मौका था जब वैभव और बुमराह आमने-सामने थे. मैच में वैभव ने बुमराह को जबरदस्त तरीके से डॉमिनेट किया. उन्होंने बुमराह की 5 गेंदों का सामना किया, और 13 रन बनाए. बुमराह के खिलाफ उनका स्ट्राइक रेट 260 का रहा.

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