भारत अब आधिकारिक तौर पर 2036 ओलंपिक के मेजबानों की रेस में शामिल हो गया है. इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (IOC) ने मंगलवार, 6 अक्तूबर को आधिकारिक दावेदारों की लिस्ट जारी की. उन्होंने बताया कि भारत के अलावा छह और देश हैं जिन्होंने 2036 ओलंपिक की मेजबानी में रुचि दिखाई है. इन सभी देशों को नवंबर में ‘फ्यूचर होस्ट कमीशन’ के सामने अपने प्रोजेक्ट पेश करने के लिए बुलाया गया है.
भारत को 2036 ओलंपिक की मेजबानी मिलेगी अगर IOC में इन 6 देशों को पछाड़ दिया
भारत ने 2024 में ही ओलंपिक की मेजबानी के लिए लेटर ऑफ इंटेंट IOC को सौंप दिया था. इसके बाद IOC की नई अध्यक्ष क्रिस्टी कोवेंट्री ने मेजबान चयन प्रक्रिया रोक दी थी. उन्होंने कहा था कि प्रक्रिया को बेहतर बनाने के लिये सदस्य देशों से राय ली जायेगी. अब फिर से यह प्रक्रिया शुरू की गई है.

IOC ने कहा कि दावेदारों का आकलन कई तकनीकी पहलुओं पर किया जाएगा. इनमें वेन्यू का मास्टर प्लान, खिलाड़ियों का अनुभव, फंडिंग प्लानिंग, राजनीतिक और जनता का समर्थन और मेजबानी की क्षमता शामिल है. IOC ने एक बयान में कहा ,
2036 ओलंपिक की मेजबानी के लिए जो देश इच्छुक हैं, वे IOC से लगातार संवाद कर रहे हैं. हमने जर्मनी, हंगरी, भारत, कतर, कोरिया, दक्षिण अफ्रीका और तुर्की को प्रोजेक्ट पेश करने के लिए बुलाया है.
IOC ने बताया कि 31 अक्टूबर के बाद किसी और इच्छुक पक्ष पर विचार नहीं किया जायेगा. भारत ने 2024 में ही ओलंपिक की मेजबानी के लिए लेटर ऑफ इंटेंट IOC को सौंप दिया था. इसके बाद IOC की नई अध्यक्ष क्रिस्टी कोवेंट्री ने मेजबान चयन प्रक्रिया रोक दी थी. उन्होंने कहा था कि प्रक्रिया को बेहतर बनाने के लिये सदस्य देशों से राय ली जायेगी. अब फिर से यह प्रक्रिया शुरू की गई है.
भारत ने अहमदाबाद को चुनाभारत ने ओलंपिक 2036 के लिए अहमदाबाद को चुना है. अहमदाबाद में नरेंद्र मोदी स्टेडियम है. यह दुनिया का सबसे बड़ा क्रिकेट स्टेडियम है. भारत इसी शहर में 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी करने वाला है. हाल ही में भारत ने बैंडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप की मेजबानी की थी. दो बार हॉकी वर्ल्ड कप की भी मेजबानी कर चुका है. यह दावेदारी के लिहाज से काफी अहम है. भारत पिछले तीन साल से ओलंपिक मेजबानी हासिल करने की कोशिश कर रहा है.
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कतर को भी मजबूत दावेदार के तौर पर देखा जा रहा है. हालांकि उसके लिए सबसे बड़ी चुनौती मौसम है. ओलंपिक आमतौर पर जुलाई-अगस्त के महीने में होता है. कतर में इन महीनों में बहुत गर्मी होती है. ऐसे में पूरे कैलेंडर में बदलाव करना होगा. कतर 2022 में फीफा वर्ल्ड कप और कई खेलों की वर्ल्ड चैंपियनशिप की मेजबानी कर चुका है.
साउथ कोरिया भी सियोल को सेंटर में रखकर मेजबानी की दावेदारी पेश कर रहा है. सियोल ने 1988 में ओलंपिक की मेजबानी की थी. कोरिया के लिए मुश्किल यह है कि सभी इवेंट्स सियोल में आयोजित नहीं हो सकते. उन्हें देश के अलग-अलग शहरों में इवेंट्स कराने होंगे. साउथ अफ्रीका ने केपटाउन शहर को चुना है. मॉडर्न एरा (1980 के बाद) में अफ्रीका ने किसी भी ओलंपिक गेम्स की मेजबानी नहीं की है.
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