हाथरस के सिकंदराराऊ क्षेत्र स्थित फुलरई गांव में 2 जुलाई को आयोजित हरिनारायण साकार विश्वहरि उर्फ ‘भोले बाबा’ के सत्संग में भगदड़ मच गई थी. इस भगदड़ में 121 लोगों की मौत हुई है. लल्लनटॉप की टीम सूरजपाल जाटव ('भोले बाबा') के पैतृक गांव पहुंची, जहां 'श्री नारायण साकार हरि चैरिटेबल ट्रस्ट' नाम का एक आश्रम है. जानिए गांव वालों ने सूरजपाल के कौन से राज़ खोले.
Hathras Stampede: 'भोले बाबा' के नाम से मशहूर सूरजपाल जाटव के गांव वालों ने क्या बताया?
सूरजपाल जाटव के पैतृक गांव में 'श्री नारायण साकार हरि चैरिटेबल ट्रस्ट' नाम का एक आश्रम है.
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